Goga Navmi 2026: कब है गोगा नवमी, 5 या 6 सितंबर? कौन थे जाहरवीर गोगा, क्यों की जाती है इनकी पूजा?

Published : Sep 05, 2026, 08:33 AM IST
Goga Navmi 2026

सार

Goga Navmi 2026 Kab Hai: हमारे देश में अनेक लोक देवताओं की पूजा की जाती है, गोगादेव भी इनमें से एक है। हर साल भाद्रपद मास में इनकी विशेष पूजा की जाती है। इसे गोगा नवमी के नाम से जाना जाता है।

Goga Navmi 2026 Date: भाद्रपद मास में कई महत्वपूर्ण व्रत और त्योहार मनाए जाते हैं। इन्हीं में से एक है गोगा नवमी, जिसे गोगादेव या जाहरवीर गोगा की पूजा के लिए खास माना जाता है। गोगादेव की पूजा खासतौर पर राजस्थान और मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में की जाती है। मान्यता है कि गोगादेव की पूजा करने से सर्प भय से रक्षा होती है।

कब है गोगा नवमी 2026?

पंचांग के अनुसार भाद्रपद कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि 4 सितंबर, शुक्रवार की रात 12 बजकर 13 मिनट से शुरू होगी और 5 सितंबर, शनिवार की रात 9 बजकर 53 मिनट तक रहेगी। चूंकि 5 सितंबर को पूरे दिन नवमी तिथि रहेगी, इसलिए गोगा नवमी का पर्व 5 सितंबर, शनिवार को मनाया जाएगा।

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कौन थे गोगादेव?

प्रचलित मान्यताओं और लोककथाओं के अनुसार गोगादेव का जन्म विक्रम संवत 1003 में चौहान राजवंश में हुआ था। उनके पिता का नाम ठाकुर जेवरसिंह और माता का नाम बाछल कंवर बताया जाता है। गोगादेव को गुरु गोरखनाथ का परम शिष्य माना जाता है। लोकमान्यता में गोगादेव को सांपों के देवता के रूप में पूजा जाता है। माना जाता है कि उनकी पूजा करने से सर्प भय से मुक्ति मिलती है और नाग देवता की कृपा प्राप्त होती है। गोगा नवमी के अवसर पर राजस्थान के गोगामेड़ी में हर साल बड़ा मेला भी लगता है। यहां अलग-अलग समुदायों और धर्मों के लोग गोगादेव की पूजा-अर्चना करने पहुंचते हैं।

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कैसे करें गोगादेव की पूजा?

- 5 सितंबर की सुबह स्नान करके साफ कपड़े पहनें। इसके बाद गोगादेव के मंदिर जाकर पूजा करें। अगर मंदिर जाना संभव न हो तो घर में उनकी तस्वीर या प्रतिमा रखकर पूजा कर सकते हैं।
- गोगादेव को कुंकुम, अक्षत, फूल और जल अर्पित करें। इसके बाद अपनी श्रद्धा के अनुसार खीर, चूरमा या हलवे का भोग लगाएं। चने की दाल भी अर्पित की जाती है।
- पूजा के दौरान शुद्ध घी का दीपक जलाएं और गोगादेव को फूलों की माला अर्पित करें। अंत में परिवार के साथ गोगादेव की आरती करें और उनका ध्यान करते हुए सुख-शांति की प्रार्थना करें।

क्या है गोगादेव से जुड़ी मान्यता?

धार्मिक और लोक मान्यताओं के अनुसार जो भक्त सच्ची श्रद्धा के साथ जाहरवीर गोगादेव की पूजा करते हैं, उन पर उनकी कृपा बनी रहती है। माना जाता है कि उनकी पूजा से सर्प भय दूर होता है और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना पूरी होती है।

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