Hina Matsuri 2023: लड़कियों का दुर्भाग्य दूर करने के लिए देते हैं गुड़ियाओं की ‘बलि’, जानें क्या है जापान की ये अनोखी परंपरा?

Published : Mar 03, 2023, 05:45 AM IST
Hinamatsuri

सार

Hina Matsuri 2023: जापान में 3 मार्च को हिना मात्सुरी नाम का एक फेस्टिवल मनाया जाता है, इसे डॉल फेस्टिवल भी कहते हैं और गर्ल्ड डे भी। इस दिन छोटी-छोटी गुड़ियाओं को पहले एक स्थान पर एकत्रित करते हैं और फिर नदी में बहा देते हैं। 

उज्जैन. बच्चों की अच्छी सेहत के लिए हिंदू धर्म में कई तरह के उपाय किए जाते हैं। ऐसी परंपराएं सिर्फ भारत में नहीं बल्कि अन्य देशों में भी प्रचलित है। जापान में दुर्भाग्य दूर करने और लड़कियों की अच्छी सेहत के लिए ऐसी ही एक परंपरा निभाई जाती है, जिसे पारंपरिक रूप से हिना मात्सुरी कहते हैं। बाद में इसे डॉल फेस्टिवल (doll festival japan) और गर्ल्ड डे (girl's day japan) रूप में मनाया जाने लगा। इस फेस्टिवल से जुड़ी कई बातें हैरान कर देने वाली हैं। आगे जानिए क्या है ये परंपरा…

क्या है हिना मात्सुरी परंपरा? (What is the Hina Matsuri tradition?)
जापान में हर साल 5 मौसमी त्योहार मनाए जाते हैं, हिना मात्सुरी इन्हीं में से एक है। मान्यता है कि किसी समय जापान में बच्चों की मृत्यु दर काफी अधिक थी। विभिन्न बीमारियों के चलते बच्चों की मौत होना आम बात थी। ऐसे समय में लोगों ने इस परंपरा की शुरूआत की, जिसमें वे बच्चों को बचाने के लिए और उनसे जुड़ा दुर्भाग्य दूर करने के लिए एक गुड़िया बनाते थे और बाद में उसे नदी में प्रवाहित कर देते थे। मान्यता के अनुसार, ऐसा करने से बच्चों को बुरा समय टल जाता था और सेहत भी ठीक रहती थी।

ये परंपरा कैसे बनी डॉल फेस्टिवल?
हिना मात्सुरी परंपरा समय के साथ-साथ पूरे जापान में फैलती गई और लोग कागज व अन्य चीजों की गुड़ियां बनाने लगे। अब लोग इन गुड़ियाओं को एक स्थान पर प्रदर्शनी के रूप में रखते हैं और बाद में सामुहिक रूप में इन्हें नदी में बहा दिया जाता है। ये परंपरा एक तरीके से गुड़ियाओं की बलि देने जैसी है। इतनी सारी गुड़ियाओं के एक जगह इकट्ठा होने से इसे डॉल फेस्टिवल कहा जाने लगा और लड़कियों से जुड़ी होने के कारण इसे गर्ल्स डे भी कहा जाता है।

एक मान्यता ये भी
जापान में हिना मात्सुरी एक आवश्यक परंपरा है। इससे जुड़ी एक मान्यता ये भी कि अगर गुड़ियाओं को अधिक समय तक घर में रखा जाए तो बाद में लड़कियों के विवाह में परेशानी आ सकती है। इस मौके पर छोटी लड़कियों को सुंदर किमोनो (जापान के पारंपरिक वस्त्र पहनाए जाते हैं। इस उत्सव के दौरान कुछ खास चीजें बनाई और खाई जाती हैं, जो जापान की लोक परंपरा का हिस्सा है।

गुड़िया को मानते हैं जादुई अवतार
जापानी मान्यताओं के अनुसार, गुड़िया एक जादुई अवतार होती हैं जो किसी भी व्यक्ति के दुर्भाग्य को दूर कर सकती हैं और उसे अच्छी सेहत प्रदान करती है। इन गुड़ियाओं को पहले लड़कियों के तकिए के नीचे रखा जाता है बाद में इन्हें छोटी नावों में डालकर नदी में बहा दिया जाता है। जापान के लोग मानते हैं कि ये गुड़ियां लड़कियों का बुरा समय अपने साथ लेकर चली जाती हैं।



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