Tulsi Pujan Diwas 2025: तुलसी पूजन दिवस कब, ये क्यों मनाते हैं? जानें सही डेट

Published : Dec 18, 2025, 12:03 PM IST
Tulsi Pujan Diwas 2025

सार

Tulsi Pujan Diwas 2025 Kab Hai: हिंदू धर्म में तुलसी के पौधे को पूजनीय माना गया है। इसलिए इसकी पूजा भी की जाती है। तुलसी से जुड़े अनेक उपाय भी हैं जो हमारी परेशानियां दूर कर सकते हैं। जानें दिसंबर 2025 में कब है तुलसी पूजन दिवस?

Tulsi Pujan Diwas 2025 Kab Hai: हिंदू धर्म में पेड़-पौधों को भी देवता का स्वरूप माना जाता है। सभी पेड़-पौधों में तुलसी का विशेष महत्व है। तुलसी को संसार का सबसे पवित्र पौधा माना जाता है। धर्म ग्रंथों के अनुसार तुलसी भगवान विष्णु की पत्नी है, इसलिए भी इनका विशेष महत्व पुराणों में बताया गया है। वैसे तो पूरे साल तुलसी की पूजा की जाती है लेकिन पिछले कुछ समय से दिसंबर माह में तुलसी पूजन दिवस मनाने की परंपरा शुरू हुई है। इस दिन बड़े स्तर पर तुलसी की पूजा की जाती है। जानें साल 2205 में कब है तुलसी पूजन दिवस और इससे जुड़ी खास बातें…

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कब है तुलसी पूजन दिवस 2025?

हर साल 25 दिसंबर को तुलसी पूजन दिवस मनाने की परंपरा शुरू हुई है। अनेक धार्मिक व सामाजिक संगठनों द्वारा इस दिन बड़े स्तर पर तुलसी के पौधे की विशेष पूजा की जाती है। धीरे-धीरे ये परंपरा जनमानस भी फैलती जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार इस परंपरा को शुरू हुए अभी 10 वर्ष के लगभग हुए हैं। इस परंपरा को शुरू करने का कारण है कि हिंदू अपने धर्म के महत्व को समझें और इसे बढ़ाएं।

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25 दिसंबर को ही क्यों मनाते हैं तुलसी पूजन दिवस?

तुलसी पूजन दिवस 25 दिसंबर को ही मनाने के पीछे एक गहरी मनोवैज्ञानिक सोच है। उसके अनुसार हर साल भारत में 25 दिसंबर को बड़ा दिन यानी क्रिसमस का त्योहार बड़े स्तर पर मनाया जाने लगा है। इस मौके पर युवा शराब आदि कईं तरह के नशे करते हैं और इस तरह वे अपने धर्म को महत्व को कम करते जा रहे हैं। युवाओं को अपने धर्म से जोड़े रखने के लिए ही 25 दिसंबर को तुलसी पूजन दिवस मनाने की परंपरा शुरू की गई।

तुलसी का पौधा क्यों है इतना खास?

अनेक धर्म ग्रंथों में तुलसी का महत्व बताया गया है। बिना तुलसी के पत्ते को भगवान विष्णु और श्रीकृष्ण को भोग भी नहीं लगाया जाता है। हर साल देवउठनी एकादशी पर भगवान शालिग्राम और तुलसी का विवाह भी करवाया जाता है। तुलसी का सिर्फ धार्मिक ही नहीं बल्कि वैज्ञानिक महत्व भी है क्योंकि इसमें कईं तरह के एंटीबायोटिक गुण पाए जाते हैं जो हमें बीमारियों से बचाते हैं।


Disclaimer
इस आर्टिकल में जो जानकारी है, वो धर्म ग्रंथों, विद्वानों और ज्योतिषियों से ली गईं हैं। हम सिर्फ इस जानकारी को आप तक पहुंचाने का एक माध्यम हैं। यूजर्स इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें।

 

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