10 साल में बनकर तैयार हुआ सबसे बड़ा शिवलिंग, इसकी लंबाई-चौड़ाई और वजन जान कहेंगे OMG

Published : Nov 23, 2025, 02:42 PM ISTUpdated : Nov 23, 2025, 03:24 PM IST
World’s largest Shivalinga

सार

बिहार के चकिया में बन रहे विराट रामायण मंदिर के लिए दुनिया का सबसे बड़ा 33 फुट ऊंचा शिवलिंग तैयार है। 210 मीट्रिक टन ग्रेनाइट से बने इस शिवलिंग को महाबलीपुरम में बनाने में 10 साल लगे और इसे 96 पहियों वाले ट्रक पर बिहार लाया जा रहा है। 

World's Largest Shivalinga in Bihar: बिहार के पूर्वी चंपारण के चकिया में बन रहे दुनिया के सबसे बड़े विराट रामायण मंदिर के लिए 33 फुट का शिवलिंग बनकर तैयार हो गया है। इस शिवलिंग का कंस्ट्रक्शन पिछले 10 सालों से तमिलनाडु के महाबलीपुरम के पट्टिकाडू गांव में चल रहा है। यह 33 फुट का शिवलिंग ग्रेनाइट पत्थर से बना है। शुक्रवार, 21 नवंबर, 2025 को इसे 96 पहियों वाले ट्रक पर महाबलीपुरम से चंपारण के विराट रामायण मंदिर ले जाया गया।

शिवलिंग बनाने वाली कंपनी के फाउंडर ने क्या कहा?

शिवलिंग भेजने से पहले, एक पूजा-पाठ किया गया, जिसमें गांव वालों ने भी हिस्सा लिया। शिवलिंग बनाने वाली कंपनी के फाउंडर विनायक वेंकटरमन ने बताया कि इसे बनाने में लगभग ₹3 करोड़ का खर्च आया। यह शिवलिंग अगले साल फरवरी के आस-पास विराट रामायण मंदिर में लगाया जाएगा। हालांकि, उम्मीद है कि यह जनवरी के बीच तक मंदिर में लग जाएगा।

शिवलिंग 10 साल में बनकर तैयार हुआ

कलाकारों ने इस बड़े शिवलिंग को बनाने में 10 साल लगाए हैं। शिवलिंग को महाबलीपुरम से बिहार के पूर्वी चंपारण में विराट रामायण मंदिर तक ले जाने में लगभग 20 से 25 दिन लगेंगे। शिवलिंग का वज़न 210 मीट्रिक टन है। शिवलिंग बनाने वाली कंपनी ने बताया कि लोग इसे रास्ते में कई राज्यों और शहरों में देख पाएंगे।

मंदिर की नींव 2023 में रखी गई थी

यह भारत के किसी भी मंदिर में लगाया जाने वाला सबसे बड़ा शिवलिंग है। विराट रामायण मंदिर का निर्माण महावीर मंदिर ट्रस्ट कमेटी कर रही है। मंदिर के एंट्रेंस पर गणेश स्थल, सिंह द्वार, नंदी, शिवलिंग और गर्भगृह का काम पूरा हो चुका है। विराट रामायण मंदिर 1080 फीट लंबा और 540 फीट चौड़ा होगा। इसमें कुल 18 मीनारें और 22 मंदिर होंगे। मुख्य मीनार 270 फीट ऊंची होगी, चार मीनारें 180 फीट ऊंची होंगी, एक मीनार 135 फीट ऊंची होगी, आठ मीनारें 108 फीट ऊंची होंगी, और एक मीनार 90 फीट ऊंची होगी।

शिवलिंग इन जगहों से लाए जाएंगे

इस मंदिर की नींव 20 जून, 2023 को रखी गई थी। यह मंदिर बिहार के पूर्वी चंपारण जिले में केसरिया और चकिया के बीच जानकीनगर में बन रहा है। पटना से इस मंदिर की दूरी लगभग 110 किलोमीटर है। महाबलीपुरम से यह शिवलिंग होसुर, होसकोटे, देवनहल्ली, कुरनूल, हैदराबाद, निज़ामाबाद, आदिलाबाद, नागपुर, सिवनी, जबलपुर, कंपनी, मैहर, सतना, रीवा, मिर्ज़ापुर, आरा, छपरा, मसरख, मोहम्मदपुर और केसरिया होते हुए चकिया विराट रामायण मंदिर लाया जाएगा।

ये भी पढ़ें- Vinayak Chaturthi 2025: 24 या 25 नवंबर, कब करें विनायक चतुर्थी व्रत? जानें सही डेट, मंत्र और मुहूर्त

दुनिया का सबसे बड़ा शिवलिंग कहां स्थापित किया जा रहा है?

यह शिवलिंग बिहार के पूर्वी चंपारण के चकिया स्थित विराट रामायण मंदिर में स्थापित होगा।

इस विशाल शिवलिंग का निर्माण कहां हुआ?

शिवलिंग का निर्माण तमिलनाडु के महाबलीपुरम के चट्टानों से गांव में किया गया।

शिवलिंग की ऊंचाई और वजन कितना है?

यह 33 फुट ऊंचा और लगभग 210 पिस्टन टन वजनी है।

इसे बनाने में कितने साल लगे?

इस शिवलिंग को तैयार करने में कलाकारों ने 10 साल लगाए।

शिवलिंग को बिहार तक पहुंचाने में कितना समय लगेगा?

96 पहाड़ी वाले ट्रक से इसे महाबलीपुरम से चंपारण पहुंचने में लगभग 20–25 दिन लगेंगे।

ये भी पढ़ें- Mangal Dosh Upay: क्या होता है मांगलिक दोष, जानिए किस उम्र में दूर होता है मंगल दोष?

Disclaimer: इस आर्टिकल में जो जानकारी है, वो धर्म ग्रंथों, विद्वानों और ज्योतिषियों से ली गईं हैं। हम सिर्फ इस जानकारी को आप तक पहुंचाने का एक माध्यम हैं। यूजर्स इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें।

PREV
Spirituality News in Hindi (आध्यात्मिक खबर): Get latest spirituality news about festivals, horoscope, religion, wellness, metaphysical, parapsychology and yoga in India at Asianet News Hindi
Read more Articles on

Recommended Stories

Chandra Grahan 2026: क्या होली पर होगा चंद्र ग्रहण? जानें सच या झूठ
Makar Sankranti 2026 Muhurat: दोपहर बाद शुरू होगा मकर संक्रांति का मुहूर्त, यहां नोट करें टाइम