Surya Grahan 2026 Timing: 12 अगस्त को कितने बजे लगेगा सूर्य ग्रहण, भारत में दिखेगा या नहीं? जानें सूतक काल का समय

Published : Aug 10, 2026, 12:32 PM IST
Surya Grahan 2026

सार

Surya Grahan August 2026 Date Time: 12 अगस्त 2026 को सूर्य ग्रहण कितने बजे लगेगा? कहां-कहां आयेगा नजर? क्या भारत में दिखेगा? सूतक काल मान्य होगा या नहीं? जानें इस साल के आखिरी सूर्य ग्रहण से जुड़ी पूरी डिटेल।

Surya Grahan 2026: अगस्त का महीना धार्मिक और खगोलीय दोनों लिहाज से खास रहने वाला है। 11 अगस्त को सावन शिवरात्रि के अगले ही दिन यानी 12 अगस्त को साल का दूसरा और आखिरी सूर्य ग्रहण लगेगा। खास बात यह है कि यह कोई सामान्य नहीं, बल्कि पूर्ण सूर्य ग्रहण (Total Solar Eclipse) होगा। हालांकि भारत में रहने वाले लोगों को पूर्ण सूर्य ग्रहण का नजारा देखने को नहीं मिलेगा। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही है कि 12 अगस्त को सूर्य ग्रहण कितने बजे लगेगा, कहां-कहां दिखाई देगा और क्या इसका सूतक काल भारत में मान्य होगा? जानिए 12 अगस्त सूर्य ग्रहण के दिन क्या करें और राशियों पर इसका क्या असर होगा?

12 अगस्त को कितने बजे लगेगा सूर्य ग्रहण?

भारतीय समय के अनुसार सूर्य ग्रहण 12 अगस्त की रात 9 बजकर 4 मिनट पर शुरू होगा। इसका सबसे बड़ा चरण रात करीब 11 बजकर 17 मिनट पर होगा। ग्रहण की पूरी वैश्विक अवधि को भारतीय समय में देखें तो यह 13 अगस्त की रात करीब 1 बजकर 28 मिनट तक चलेगा। खगोलीय गणना के मुताबिक वैश्विक स्तर पर ग्रहण की शुरुआत 15:34 UTC और अधिकतम चरण 17:46 UTC के आसपास होगा।

भारत में 12 अगस्त का सूर्य ग्रहण नजर आयेगा या नहीं?

इस बार भारतीय आसमान से सूर्य ग्रहण का नजारा देखना संभव नहीं होगा। इसकी मुख्य वजह यह है कि ग्रहण की दृश्यता का क्षेत्र भारत तक नहीं पहुंच रहा है और भारत में उस समय रात होगी। इसलिए देश के किसी भी हिस्से से इसे प्रत्यक्ष रूप से नहीं देखा जा सकेगा।

कहां-कहां दिखेगा पूर्ण सूर्य ग्रहण?

NASA के अनुसार 12 अगस्त 2026 का पूर्ण सूर्य ग्रहण ग्रीनलैंड, आइसलैंड, उत्तरी रूस और स्पेन के कुछ हिस्सों में दिखाई देगा। पुर्तगाल के एक छोटे हिस्से में भी पूर्ण ग्रहण देखा जा सकेगा। इसके अलावा यूरोप, उत्तर-पश्चिमी अफ्रीका और उत्तरी अमेरिका के कई इलाकों में आंशिक सूर्य ग्रहण नजर आएगा।

12 अगस्त सूर्य ग्रहण का भारत पर असर: सूतक काल लगेगा या नहीं?

धार्मिक परंपराओं में सूर्य ग्रहण से पहले सूतक काल का उल्लेख मिलता है। आम मान्यता के मुताबिक यह ग्रहण शुरू होने से करीब 12 घंटे पहले शुरू होता है। लेकिन सूतक को लेकर प्रचलित धार्मिक नियम ग्रहण की स्थानीय दृश्यता से जुड़े माने जाते हैं। चूंकि 12 अगस्त का सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा, इसलिए यहां इसके सूतक काल को मान्य नहीं माना जाएगा। यानी सामान्य धार्मिक और मांगलिक गतिविधियों पर ग्रहण के कारण रोक नहीं होगी।

ये भी पढ़ें- Surya Gochar 2026: 5 राशि वाले हो जाएं सावधान, सूर्य के राशि बदलने से आएंगे संकट-बन रहे दुर्घटना के योग

12 अगस्त सूर्य ग्रहण का राशियों पर असर?

ज्योतिषीय मान्यताओं में सूर्य ग्रहण को महत्वपूर्ण खगोलीय घटना माना जाता है और इसके प्रभाव को राशियों से जोड़कर देखा जाता है। हालांकि ये ज्योतिषीय दावे वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित नहीं हैं। ज्योतिषीय आकलन के अनुसार मेष, सिंह, मकर और कुंभ राशि के जातकों को आर्थिक फैसलों, निवेश और वाणी के मामले में सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है। वहीं मिथुन, तुला और धनु के लिए समय को करियर और आर्थिक मोर्चे पर अनुकूल बताया जा रहा है।

ये भी पढ़ें- Solar Eclipse 2026: सूर्य ग्रहण के दौरान पक्षी और जानवर क्यों बदल देते हैं अपना व्यवहार?

सूर्य ग्रहण के दिन क्या करें?

हरियाली अमावस्या के साथ पड़ रहे इस दिन धार्मिक मान्यताओं के अनुसार जरूरतमंदों को अन्न, तिल, वस्त्र या धन का दान करना शुभ माना जाता है। पौधारोपण भी इस दिन से जुड़ी प्रमुख परंपराओं में शामिल है। वहीं सूर्य ग्रहण को धार्मिक दृष्टि से मानने वाले लोग इस दौरान सूर्य मंत्र या महामृत्युंजय मंत्र का मानसिक जाप कर सकते हैं।

PREV

धार्मिक परंपराओं, मंदिरों, त्योहारों, यात्रा स्थलों और आध्यात्मिक ज्ञान से जुड़ी खबरें पढ़ें। पूजा पद्धति, पौराणिक कथाएं और व्रत-त्योहार अपडेट्स के लिए Religion News in Hindi सेक्शन देखें — आस्था और संस्कृति पर सटीक और प्रेरक जानकारी।

AT
About the Author

Anita Tanvi

अनीता तन्वी। मीडिया जगत में 15 साल से ज्यादा का अनुभव। मौजूदा समय में ये एशियानेट न्यूज हिंदी के साथ जुड़कर एजुकेशन सेगमेंट संभाल रही हैं। इन्होंने जुलाई 2010 में मीडिया इंडस्ट्री में कदम रखा और अपने करियर की शुरुआत प्रभात खबर से की। पहले 6 सालों में, प्रभात खबर, न्यूज विंग और दैनिक भास्कर जैसे प्रमुख प्रिंट मीडिया संस्थानों में राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय, ह्यूमन एंगल और फीचर रिपोर्टिंग पर काम किया। इसके बाद, डिजिटल मीडिया की दिशा में कदम बढ़ाया। इन्हें प्रभात खबर.कॉम में एजुकेशन-जॉब/करियर सेक्शन के साथ-साथ, लाइफस्टाइल, हेल्थ और रीलिजन सेक्शन को भी लीड करने का अनुभव है। इसके अलावा, फोकस और हमारा टीवी चैनलों में इंटरव्यू और न्यूज एंकर के तौर पर भी काम किया है।Read More...
Read more Articles on

Recommended Stories

Solar Eclipse 2026: सूर्य ग्रहण के दौरान पक्षी और जानवर क्यों बदल देते हैं अपना व्यवहार?
Shiv Chalisa Lyrics In Hindi: सावन में करें शिव चालीसा का पाठ, जानें सही समय, लाभ और जरूरी नियम