
दिवाली से पहले दिल्ली फायर सर्विस ने अपनी इमरजेंसी तैयारियों को पुख्ता कर लिया है। इसके तहत 6 से 8 नवंबर तक वरिष्ठ अधिकारियों और कर्मचारियों की कैजुअल लीव, अर्न लीव और साप्ताहिक छुट्टियों पर रोक लगा दी गई है। त्योहारी सीजन के दौरान आग लगने की घटनाओं में बढ़ोतरी की आशंका को देखते हुए यह कदम उठाया गया है, ताकि राजधानी में किसी भी आपात स्थिति में तुरंत रिस्पॉन्स किया जा सके।
स्थानीय फायर अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों में फायर स्टेशनों और क्विक रिस्पॉन्स व्हीकल्स का निरीक्षण किया है। इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि ज्यादा से ज्यादा फायर यूनिट्स और आग बुझाने वाले उपकरण पूरी तरह से चालू और इस्तेमाल के लिए तैयार रहें। इन निरीक्षणों में आग बुझाने के जरूरी उपकरणों की उपलब्धता पर खास ध्यान दिया गया है। इनमें कर्मचारियों के लिए ब्रीदिंग अपरेटस सेट, पेट्रोल, डीजल और अन्य ज्वलनशील तरल पदार्थों से लगने वाली आग को बुझाने के लिए फोम और फोम ब्रांच, और आग लगने वाली जगह तक दबाव के साथ पानी या फोम पहुंचाने वाले डिलीवरी पाइप (होज) शामिल हैं।
अधिकारियों ने टैंकों, जलाशयों और अन्य स्रोतों से पानी खींचने के लिए इस्तेमाल होने वाले सक्शन होज की भी जांच की है। इसके साथ ही, ब्रांच और नोजल की भी चेकिंग की गई है, जो फायरफाइटर्स को आग की लपटों पर पानी की धार को कंट्रोल करने में मदद करते हैं। इसके अलावा, फायर अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे बैटरी की उचित व्यवस्था करें और सायरन व वॉर्निंग लाइट सहित इमरजेंसी गाड़ियों की मरम्मत और रखरखाव सुनिश्चित करें। अधिकारी ज्यादा से ज्यादा फायर यूनिट्स को सड़क पर चलने लायक बनाने की कोशिश में भी लगे हैं, ताकि आपातकालीन अभियानों के दौरान कोई देरी न हो।
संचार प्रणालियों (कम्युनिकेशन सिस्टम) की भी जांच की गई है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे मौजूदा वायरलेस सेट को ठीक कराएं और स्टैंडबाय वाहनों सहित सभी फायर यूनिट्स में वॉकी-टॉकी की उपलब्धता सुनिश्चित करें, ताकि आपात स्थिति में बिना किसी परेशानी के तालमेल बैठाया जा सके। फायर विभाग ने रिस्पॉन्स टाइम को कम करने और संभावित नुकसान को रोकने के लिए अहम ठिकानों पर अपनी तैनाती भी बढ़ा दी है। एक अधिकारी ने बताया,
हमने रिस्पॉन्स टाइम और नुकसान को कम करने के लिए अलग-अलग जगहों पर अतिरिक्त तैनाती की है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए फायर स्टेशनों और उपकरणों को भी पूरी तरह तैयार रखा गया है।
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