राम मंदिर के लिए यूपीआई और बार कोड से चंदा नहीं लेगा ट्रस्ट, जानिए इसके पीछे की वजह

Published : Feb 19, 2021, 04:29 PM ISTUpdated : Feb 19, 2021, 05:22 PM IST
राम मंदिर के लिए यूपीआई और बार कोड से चंदा नहीं लेगा ट्रस्ट, जानिए इसके पीछे की वजह

सार

राम मंदिर के लिए दान में आ रही चांदी की ईंट को लेकर उन्होंने कहा कि पूरी चांदी बैंक के लॉकर में रखी है। चांदी की जरूरत अभी नहीं है। अब चांदी न देने की अपील करते हुए कहा अभी जरूरत नहीं है, जब होगी तो हम मांग लेंगे।

वाराणसी (Uttar Pradesh) । राम मंदिर के लिए धन संग्रह अभियान के दौरान ट्रस्ट ने बड़ा फैसला लिया है। अब यूपीआई और बार कोड के जरिए धन संग्रह बंद करने का निर्णय लिया है। मीडिया से बातचीत करते हुए यह जानकारी महासचिव चंपत राय ने दी।

बैंकों ने स्वीकार किया हो सकती है गड़बड़ी
चंपत राय ने कहा कि बैंकों ने भी स्वीकार कर लिया है कि गड़बड़ हो सकती है। किसी तरह की कोई गड़बड़ी न होने पाए, इसका ध्यान रखते हुए ही यूपीआई और बार कोड के जरिए धन संग्रह बंद कराने का निर्णय लिया गया। किसी न किसी ने गड़बड़ की जरूर है, जिसकी वजह से अकाउंट के जानकारों ने भी इसे बंद कराने को कहा है।

 

चांदी न दान देने की अपील
राम मंदिर के लिए दान में आ रही चांदी की ईंट को लेकर उन्होंने कहा कि पूरी चांदी बैंक के लॉकर में रखी है। चांदी की जरूरत अभी नहीं है। अब चांदी न देने की अपील करते हुए कहा अभी जरूरत नहीं है, जब होगी तो हम मांग लेंगे।

चंदाजीवी वाले बयान पर कही ये बातें
चंपत राय ने विपक्षियों की ओर से चंदाजीवी वाले बयान और चंदे के रुपए से शराब पी जाने के सवाल पर कहा कि ऐसे लोगों को प्रणाम करता हूं। भगवान उनका भला करें। ऐसा बोलने वाले नीचे जा रहे हैं। समाज ऐसे लोगों को त्याग रहा है और त्याग भी देगा। 


 

PREV

उत्तर प्रदेश में हो रही राजनीतिक हलचल, प्रशासनिक फैसले, धार्मिक स्थल अपडेट्स, अपराध और रोजगार समाचार सबसे पहले पाएं। वाराणसी, लखनऊ, नोएडा से लेकर गांव-कस्बों की हर रिपोर्ट के लिए UP News in Hindi सेक्शन देखें — भरोसेमंद और तेज़ अपडेट्स सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Recommended Stories

UP Budget 2026-27: योगी सरकार का 9.12 लाख करोड़ का सबसे बड़ा बजट पेश, शिक्षा-स्वास्थ्य और AI मिशन पर जोर
UP Budget 2026-27: AI मिशन, स्पोर्ट्स कॉलेज और क्वाटर्नरी हेल्थ सेंटर पर योगी सरकार का बड़ा फोकस