
हैदराबाद. अनाथ बच्चों को स्वादिष्ट खाना बनाकर खिलाने वाले ग्रांडपा नारायण रेड्डी के हाथों का जादू अब कभी नहीं देखने को मिलेगा। 73 साल की उम्र में ग्रांडपा दुनिया को अलविदा कहकर चले गए। उनके यू ट्यूब चैनल में 6 मिलियन से अधिक सब्सक्राइबर हैं। ग्रांडपा किचन सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि विदेशों में भी खासा लोकप्रिय है। नारायण रेड्डी स्वादिष्ट खाने के साथ-साथ बड़ी मात्रा में भी खाना बनाते थे ताकि सभी अनाथ बच्चों को पेट भर खाना मिल सके।
अगर आप यू-ट्यूब पर विडियो देखते हैं या आप खाने के वीडियो देखने के शौकीन हैं तो आपको पहले से ही ग्रांडपा किचन के बारे में पता होगा। यह एक यू-ट्यूब चैनल है, जिसके 6 मिलियन से अधिक सब्सक्राइबर हैं। यह चैनल भारत के अलावा विदेशों में भी खासा लोकप्रिय है। इस चैनल में नारायण रेड्डी के खाना बनाने और उनको गरीब बच्चों को खिलाने के वीडियो अपलोड किए जाते थे। चैनल अपने बारे में कहता है कि "हम खाना पकाकर लोगों का मनोरंजन करते हैं और उससे मिलने वाले पैसे को दान में देते हैं। हमारा लक्ष्य अनाथों को भोजन, कपड़े, स्कूल का खर्च और जन्मदिन के उपहार जैसी जरूरतें पूरी करना है।"
नारायण रेड्डी का खाना स्वदिष्ट होने के साथ-सात हेल्दी भी होता था और उनका खाना बनाने का तरीका बहुत ही सीधा और सरल होता था। यही वजह है कि उनका चैनल विदेशों में भी खासा पॉपुलर है। ग्रांडपा मैगी से लेकर चिकन तक सबकुछ बहुत ही सहज और सरल तरीके से बनाते थे। उन्होंने ओरेओ पुडिंग, गुलाब जामुन जैसी स्वादिष्ट मिठाइयां भी बनाई हैं।
ग्रांडपा ने आखिरी बार 20 सितंबर को मजेदार पोटैटो फिंगर्स बनाई थी। इसके बाद बीमारी के चलते उन्होंने खाना बनाना बंद कर दिया था।
ग्रांडपा के निधन के बाद जो खालीपन आया है उसे भरना वाकई कठिन होगा। न सिर्फ उन अनाथ बच्चों कि लिए बल्कि 6 मिलियन से अधिक सब्सक्राइबर के लिए जो रोज ही उनके वीडियो देखकर आसान और स्वादिष्ट खाना बना लेते थे। हालांकि उनका चैनल अभी भी रहेगा पर उसमें नए विडियो शायद नहीं होंगे।
वायरल न्यूज(Viral News Updates): Read latest trending news in India and across the world. Get updated with Viral news in Hindi at Asianet Hindi News