
Fiji Support India Fight Against Terrorism: भारत-फिजी के रिश्ते अब मजबूत होते हुए दिखाई दे रहे हैं। फिजी के प्रधानमंत्री सिटीवेनी राबुका इस वक्त भारत में अपने तीन दिवसीय दौरे पर चल रहे हैं। सोमवार 25 अगस्त को वो नई दिल्ली पहुंचे जहां पर उनकी मुलाकात भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ हुई। इस दौरान दोनों नेताओं ने रक्षा, स्वास्थय, कृषि, शिक्षा, आतंकवाद, संस्कृति और जन-जन के रिश्तों जैसे अनके मुद्दों को लेकर नई साझेदारियों की घोषणा की है। इस पूरे दौरे के दौरान अच्छी दोस्ती की मिसाल देखने को मिली।
इस दौरान पीएम नरेंद्र मोदी और फिजी के प्रधानमंत्री सिटीवेनी राबुका राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की पहली फिजी यात्रा और नादी में आयोजित 12वें विश्व हिंदी सम्मेलन के चलते आए सकारात्मक कदम को याद करते हुए नजर आए। इसके अलावा उन्होंने गिरमिटिया भारतीयों के योगदान को भी सम्मान दिया, जिसके चलते फिजी की बहुसांस्कृतिक पहचान और समाज की नींव बनने में मदद मिली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और फिजी के पीएम सिटिवेनी राबुकाके बीच बातचीत के बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को विदेश मंत्रालय में सचिव (दक्षिण) नीना मल्होत्रा द्वारा संबोधित किया गया, जिसमें उन्होंने कहा कि फ़िजी ने आतंकवाद की निंदा करने में भारत का समर्थन किया है।
नीना मल्होत्रा ने ॉ कहा, "फ़िजी ने आतंकवाद की निंदा में भारत का समर्थन किया है। आज भी, वे आतंकवाद के ख़िलाफ़ भारत के समर्थन में आगे आए हैं। फ़िजी चाहता है कि भारत आतंकवाद के ख़िलाफ़ लड़ाई में नेतृत्वकारी भूमिका निभाए।" पीएम नरेंद्र मोदी और प्रधानमंत्री सिटिवेनी राबुका ने पहलगाम आतंकवादी हमले की कड़ी निंदा की। उन्होंने आतंकवाद पर दोहरे मापदंडों को खारिज कर दिया। नीना मल्होत्रा ने आगे अपने बयान में कहा,'दोनों नेताओं ने आतंकवाद के ख़िलाफ़ सहयोग को मज़बूत करने पर सहमति जताई। साथ ही आतंकवाद के सभी रूपों और अभिव्यक्तियों की निंदा की। दोनों नेताओं ने पहलगाम आतंकवादी हमले की कड़ी निंदा की, जिसमें 26 निर्दोष नागरिकों की जान चली गई। पीएम मोदी और पीएम सिटिवेनी ने आतंकवाद के प्रति शून्य सहनशीलता दोहराई और आतंकवाद पर दोहरे मापदंडों को खारिज कर दिया। दोनों देशों ने कट्टरता का मुकाबला करने; आतंकवाद के वित्तपोषण का मुकाबला करने; आतंकवादी उद्देश्यों के लिए नई और उभरती टेक्नोलॉजी के दुरुपयोग को रोकने और संयुक्त प्रयासों और क्षमता निर्माण के माध्यम से आतंकवादी भर्ती और अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध से निपटने की आवश्यकता को स्वीकार किया।,
अंतरराष्ट्रीय राजनीति, ग्लोबल इकोनॉमी, सुरक्षा मुद्दों, टेक प्रगति और विश्व घटनाओं की गहराई से कवरेज पढ़ें। वैश्विक संबंधों, अंतरराष्ट्रीय बाजार और बड़ी अंतरराष्ट्रीय बैठकों की ताज़ा रिपोर्ट्स के लिए World News in Hindi सेक्शन देखें — दुनिया की हर बड़ी खबर, सबसे पहले और सही तरीके से, सिर्फ Asianet News Hindi पर।