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ग्रेनो और यमुना एक्सप्रेसवे को दिल्‍ली-गुड़गांव का ऑप्‍शन बनाएगा Jewar Airport

आज गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने जेवर स्‍थि‍त नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (Noida International Airport) की आधारशिला रखी, जिसे एशिया के सबसे बड़े हवाई अड्डे के रूप में बनाया जाएगा।

Jewar Airport to make Greno and Yamuna Expressway an option for Delhi and Gurgaon
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New Delhi, First Published Nov 25, 2021, 5:41 PM IST
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बिजनेस डेस्‍क। एनारॉक रिसर्च के मुताबिक, जेवर में आने वाले नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (Noida International Airport) के साथ, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे में रियल एस्टेट (Real Estate) संपत्तियों को अंततः स्थिर पूंजी प्रशंसा देखने की उम्मीद है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने आज (25 नवंबर, 2021) नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की आधारशिला रखी, जिसे एशिया के सबसे बड़े हवाई अड्डे के रूप में बनाया जाएगा। विशेषज्ञों का कहना है कि आगामी हवाई अड्डा न केवल आसपास के क्षेत्रों में बेसिक इंफ्रा बढ़ावा देगा बल्कि नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे में प्रोपर्टी मूार्केट को भी बढ़ावा देगा।

प्रॉपर्टी मार्केट को मिलेगा बढ़ावा
एनारॉक ने भविष्‍यवाणी करते हुए कहा कि जेवर एयरपोर्ट की वजह से ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे के साथ एक स्‍टेडी कैपिटल अप्र‍िसिएशन देखने को मिलेगा। ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे दोनों में हमेशा से ही निवेशकों का रुझान देखने को मिलता रहा है। उसके बाद भी वहां पर रहने वालों के लिए हमेशा से चुनौतीपूर्ण रहा है।

लोग कहने लगे थे घोस्‍ट टाउन
जिसकी वजह से एक्सप्रेसवे से लगी हुई कई हाउसिंग प्रोजेक्‍ट्स खाली पड़े थे जिसकी वजह से उन्‍हें घोस्‍ट टाउन भी कहा जाने लगा था। नया एयरपोर्ट के आने से इन इलाकों में एंड यूजर्स की संख्‍या में इजाफा देखने को मिलेगा ना कि अटकलें। वहीं ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे पहली बार घर खरीदने वालों के लिए नए किफायती विकल्प भी उपलब्ध कराएंगे।

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दिल्‍ली और गुड़गांव का बनेगा विकल्‍प
एनारॉक के अनुसार बढ़ी हुई कनेक्टिविटी और कई बुनियादी ढांचे में विकास होने से इन दोनों क्षेत्रों में आने वाले समय में महत्वपूर्ण अचल संपत्ति का विकास होगा। ये क्षेत्र गुड़गांव या दिल्ली की तुलना में अधिक किफायती हैं, जहां कई लोगों के लिए कीमतें काफी हद तक अनुपलब्ध हैं। पहली बार बजट में जागरूक घर खरीदारों के पास इन क्षेत्रों में व्यवहार्य विकल्प होंगे।

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प्रॉपर्टी की कीमत में हुआ है इजाफा
एनारॉक के अनुसार  हाल के दिनों में, दिल्ली-एनसीआर में प्‍लॉट्स और इंड‍िपेंडेंट होम्‍स ने बहुत लोकप्रियता हासिल की है। उदाहरण के लिए - हवाई अड्डे के आसपास के आवासीय भूखंडों की कीमत 22,000 रुपये प्रति वर्ग गज थी वो एक साल में 30,000-32,000 रुपए प्रति वर्ग गज हो गई है।

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