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क्या आपका PPF अकाउंट हो गया है बंद ? इन्वेस्टमेंट पर प्रॉफिट हासिल करने के लिए जानें कैसे चालू कराएं दोबारा

First Published Nov 8, 2020, 10:31 AM IST
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बिजनेस डेस्क। आज के समय में हर आदमी के लिए जरूरी है कि वह कुछ न कुछ निवेश जरूर करे, ताकि आगे चल कर उसे इसका फायदा मिल सके। आज के महंगाई और जोखिम वाले समय में पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) निवेश का सबसे सुरक्षित और सुविधाजनक जरिया है। पीपीएफ अकाउंट पोस्ट ऑफिस (Post Office) और बैंक में खोला जा सकता है। कई बार लोग कुछ वजहों से अकाउंट खोलने के बाद भी उसमें निवेश जारी नहीं रख पाते हैं। ऐसी स्थिति में अकाउंट बंद हो जाता है। लेकिन पीपीएफ अकाउंट अगर बंद भी हो जाता है, तो उसे दोबारा चालू कराया जा सकता है। दोबारा चालू कराने के बाद इसमें निवेश जारी रखा जा सकता है और मेच्योरिटी के बाद इसका फायदा लिया जा सकता है।
(फाइल फोटो)

कैसे कर सकते हैं पीपीएफ में निवेश
पीपीएफ में निवेश करने लिए इसका अकाउंट खोलना सबसे पहले जरूरी है। पीपीएफ अकाउंट किसी पोस्ट ऑफिस या बैंक में खोला जा सकता है। इसके लिए एक फॉर्म भरना होगा। अकाउंट खोलने के बाद सालाना कम से कम 500 रुपए और अधिकतम 1 लाख 50 हजार रुपए का निवेश करना होता है। बता दें कि एक व्यक्ति केवल एक ही पीपीएफ अकाउंट खोल सकता है।
(फाइल फोटो)
 

कैसे कर सकते हैं पीपीएफ में निवेश
पीपीएफ में निवेश करने लिए इसका अकाउंट खोलना सबसे पहले जरूरी है। पीपीएफ अकाउंट किसी पोस्ट ऑफिस या बैंक में खोला जा सकता है। इसके लिए एक फॉर्म भरना होगा। अकाउंट खोलने के बाद सालाना कम से कम 500 रुपए और अधिकतम 1 लाख 50 हजार रुपए का निवेश करना होता है। बता दें कि एक व्यक्ति केवल एक ही पीपीएफ अकाउंट खोल सकता है।
(फाइल फोटो)
 

क्या है मेच्योरिटी पीरियड
पीपीएफ (PPF) अकाउंट का मेच्योरिटी पीरियड 15 साल का होता है। इसका मतलब है कि आपको सालाना कम से कम 500 रुपए और अधिकतम 1 लाख 50 हजार रुपए का निवेश 15 साल तक करना होगा। पीपीएफ में निवेश करने पर टैक्स में भी छूट मिलती है। इसके अलावा मेच्योरिटी की रकम और ब्याज की इनकम भी टैक्स फ्री होती है।
(फाइल फोटो)
 

क्या है मेच्योरिटी पीरियड
पीपीएफ (PPF) अकाउंट का मेच्योरिटी पीरियड 15 साल का होता है। इसका मतलब है कि आपको सालाना कम से कम 500 रुपए और अधिकतम 1 लाख 50 हजार रुपए का निवेश 15 साल तक करना होगा। पीपीएफ में निवेश करने पर टैक्स में भी छूट मिलती है। इसके अलावा मेच्योरिटी की रकम और ब्याज की इनकम भी टैक्स फ्री होती है।
(फाइल फोटो)
 

क्यों बंद हो जाता है अकाउंट
अगर पीपीएफ खाताधारक किसी वित्त वर्ष में न्यूनतम रकम खाते में नहीं डालता है या डालना भूल जाता है तो यह खाता बंद हो जाता है। पीपीएफ में 15 साल बाद मेच्योरिटी पीरियड पूरा होने पर ही खाताधारक को ब्याज सहित रकम मिलती है। 
(फाइल फोटो)
 

क्यों बंद हो जाता है अकाउंट
अगर पीपीएफ खाताधारक किसी वित्त वर्ष में न्यूनतम रकम खाते में नहीं डालता है या डालना भूल जाता है तो यह खाता बंद हो जाता है। पीपीएफ में 15 साल बाद मेच्योरिटी पीरियड पूरा होने पर ही खाताधारक को ब्याज सहित रकम मिलती है। 
(फाइल फोटो)
 

बंद खाते में भी जुड़ता है ब्याज
अगर पीपीएफ खाता बंद हो, फिर भी यह ब्याज हर साल बैलेंस में जुड़ता रहता है।  सरकार समय-समय पर ब्याज दर तय करती है। इसमें ब्याज दर में बदलाव भी किया जाता है। मेच्योरिटी की तारीख से पहले बंद पड़े पीपीएफ खाते को स्थायी तौर पर बंद नहीं कराया जा सकता है। हालांकि, अगर कोई इसे चालू कराना चाहता है तो मेच्योरिटी की तारीख से पहले कभी भी यह किया जा सकता है। मेच्योरिटी की तारीख पीपीएफ पासबुक में दर्ज होती है।
(फाइल फोटो)
 

बंद खाते में भी जुड़ता है ब्याज
अगर पीपीएफ खाता बंद हो, फिर भी यह ब्याज हर साल बैलेंस में जुड़ता रहता है।  सरकार समय-समय पर ब्याज दर तय करती है। इसमें ब्याज दर में बदलाव भी किया जाता है। मेच्योरिटी की तारीख से पहले बंद पड़े पीपीएफ खाते को स्थायी तौर पर बंद नहीं कराया जा सकता है। हालांकि, अगर कोई इसे चालू कराना चाहता है तो मेच्योरिटी की तारीख से पहले कभी भी यह किया जा सकता है। मेच्योरिटी की तारीख पीपीएफ पासबुक में दर्ज होती है।
(फाइल फोटो)
 

कैसे दोबारा चालू कर सकते हैं अकाउंट
बंद पड़े पीपीएफ अकाउंट को चालू कराने के लिए उस बैंक या पोस्ट आफिस में लिखित आवेदन देना पड़ेगा, जहां यह खाता खोला गया है। बंद पीपीएफ अकाउंट को मेच्योरिटी के पहले दोबारा चालू कराया जा सकता है। इसके लिए 500 रुपए के साथ 50 रुपए फीस सालाना देनी होगी। यह फीस हर साल के लिए देनी होगी। बंद अकाउंट में जो रकम होगी, उसे खाताधारक मेच्योरिटी से पहले नहीं निकाल सकता है।
(फाइल फोटो)
 

कैसे दोबारा चालू कर सकते हैं अकाउंट
बंद पड़े पीपीएफ अकाउंट को चालू कराने के लिए उस बैंक या पोस्ट आफिस में लिखित आवेदन देना पड़ेगा, जहां यह खाता खोला गया है। बंद पीपीएफ अकाउंट को मेच्योरिटी के पहले दोबारा चालू कराया जा सकता है। इसके लिए 500 रुपए के साथ 50 रुपए फीस सालाना देनी होगी। यह फीस हर साल के लिए देनी होगी। बंद अकाउंट में जो रकम होगी, उसे खाताधारक मेच्योरिटी से पहले नहीं निकाल सकता है।
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बंद खाता चालू कराना है जरूरी
पीपीएफ अकाउंट में 15 साल का लॉक-इन पीरियड होता है। पीपीएफ में निवेश बेहद सुरक्षित होता है। यह सरकार समर्थित योजना है। इसमें लगाया गया पैसा कभी डूब नहीं सकता। इसलिए किसी भी स्थिति में इस खाते को बंद नहीं होने देना चाहिए। अगर खाता बंद हो गया है तो इसे तत्काल   चालू कराना चाहिए, ताकि मेच्योरिटी के बाद इसका फायदा मिल सके। 
(फाइल फोटो)
  
 

बंद खाता चालू कराना है जरूरी
पीपीएफ अकाउंट में 15 साल का लॉक-इन पीरियड होता है। पीपीएफ में निवेश बेहद सुरक्षित होता है। यह सरकार समर्थित योजना है। इसमें लगाया गया पैसा कभी डूब नहीं सकता। इसलिए किसी भी स्थिति में इस खाते को बंद नहीं होने देना चाहिए। अगर खाता बंद हो गया है तो इसे तत्काल   चालू कराना चाहिए, ताकि मेच्योरिटी के बाद इसका फायदा मिल सके। 
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