जम्मू कश्मीर में मंगलवार सुबह एक घंटे के भीतर दो बार भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। बारामुला में आए इन झटकों की तीव्रता 4.9 और 4.8 मापी गई। 2005 में आए विनाशकारी भूकंप के बाद से इस क्षेत्र में भूकंपीय गतिविधि चिंता का विषय रही है।

नेशनल न्यूज। जम्मू कश्मीर में मंगलवार सुबह भूकंप के तेज झटकों से धरती कांप गई। हैरान करने वाली बात ये है कि इलाके में लोगों ने एक नहीं, दो बार तेज झटके महसूस किए वह भी एक घंटे के भीतर। इससे लोग काफी घबरा गए और घरों से निकलकर खुले मैदान और सड़क पर आ गए। बारामुला के इलाकों में ये झटके महसूस किए गए। इससे पहले भी यहां भूकंप के झटके कई बार लग चुके हैं। सीसमोलॉजी सेंटर ने भूकंप के झटकों की पुष्टि की है। हालांकि इस दौरान किसी जानमाल या घर-गृहस्थी के नुकसान की बात सामने नहीं आई है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने को कहा है। 

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4.9 और 4.8 दर्ज की गई भूकंप की तीव्रता
जम्मू और कश्मीर में दो बार आए भूकंप के झटकों की तीव्रता की सीसमोलॉजी सेंटर ने दर्ज की है। पहले झटके की तीव्रता 4.9 मापी गई है जबकि दूसरा 4.8 तीव्रता वाला रहा। बारामुला में मौसम खराब नहीं होने के बाद भी अचानक तेज झटकों से स्थानीय लोग भी हैरान हैं। 

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 2005 में भूकंप ने लाई थी तबाही
जम्मू एवं कश्मीर में 2005 में भूकंप ने भारी तबाही लाई थी। कई हजार लोगों की जान जाने के साथ हजारों बेघर और घायल हुए थे। रिकॉर्ड के मुताबिक 8 अक्टूबर 2005 में 7.4 तीव्रता के साथ भूकंप ने एलओसी के दोनों सीमा क्षेत्र में लोगों की जान ली थी। दोनों तरफ से 69 हजार से अधिक लोगों की जान चली गई थी जबकि करीब 70 हजार लोग घायल हो गए थे। इस दौरान लोगों की गृहस्थियां तबाह हो गई थीं और हजारों लोग लापता भी हो गए थे जिनका कुछ पता नहीं चल सका। 

भूकंप आने की स्थिति में क्या करें
भूकंप के झटके महसूस होने पर जितनी जल्दी हो सके खुले मैदान में चले जाएं। यदि ड्राइव कर रहे हैं तो रुक जाएं। किसी बिल्डिंग, पेड़, ओवरब्रिज या बिजली के तार या खंभे के आसपास हों तो वहां से तुरंत हट जाएं। ऐसी स्थिति में इनके क्षतिग्रस्त होने के चांस ज्यादा होते हैं। शोर शराबा कर पैनिक क्रिएट न करें।