इनकम टैक्स ई-फाइलिंग के नए पोर्टल को आईटी क्षेत्र की कंपनी इंफोसिस ने डिजाइन किया है। 7 जून को सेवा शुरू होने के बाद से कई तकनीकी समस्याएं सामने आई। 

नई दिल्ली. इनकम टैक्स की नई वेबसाइट में आ रही खामियों को लेकर इन्फोसिस के CEO और MD सलिल पारेख को वित्त मंत्रालय ने नोटिस भेजा है। उन्हें सोमवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के सामने पेश होना होगा। बता दें कि इनकम टैक्स विभाग के नए पोर्टल को इन्फोसिस ने ही डेवलप किया है। लेकिन इसके बाद में इसमें लगातार शिकायतें आ रही हैं। इसी को लेकर नोटिस भेजा गया है।

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इनकम टैक्स विभाग ने ट्वीट कर बताया कि इन्फोसिस के CEO और MD सलिल पारेख को वित्त मंत्री के सामने पेश होकर यह बताना होगा कि नई ई-फाइलिंग पोर्टल शुरू होने के 2.5 महीने बाद भी पोर्टल में गड़बड़ियों का समाधान क्यों नहीं किया गया है। बता दें कि 21 अगस्त से पोर्टल काम नहीं कर रहा है।

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वहीं, इस मामले में केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स सूचना प्रौद्योगिकी, कौशल विकास और उद्यमिता राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने कहा कि महत्वपूर्ण सरकारी तकनीकी समाधानों पर काम कर रही भारतीय टेक कंपनियों को इन परियोजनाओं को विशेष जिम्मेदारी के रूप में मानना चाहिए और अपनी सर्वश्रेष्ठ टीमों को तैनात करना चाहिए। ये महत्वपूर्ण हैं क्योंकि ये परियोजनाएं भारत के लोगों को प्रभावित करती हैं।

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कई बार आईं शिकायतें
ई-फाइलिंग के नए पोर्टल को आईटी क्षेत्र की कंपनी इंफोसिस ने डिजाइन किया है। 7 जून को सेवा शुरू होने के बाद से कई तकनीकी समस्याएं सामने आई। जिसके बाद यूजर्स ने पोर्टल पर आ रही दिक्कतों का स्क्रीनशॉट डालते हुए वित्त मंत्री को भी टैग किया था।

नंदन नीलेकणि को लगाई थी फटकार
पोर्टल में दिक्कत को लेकर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इंफोसिस के को-फाउंडर नंदन नीलेकणि पर नाराजगी जाहिर की थी। उन्होंने ट्वीट किया था, आयकर विभाग के ई-फाइलिंग पोर्टल 2.0 का लंबे समय से इंतजार था। इसे लेकर कई लोग शिकायत कर रहे हैं। वे साइट पर विजिट नहीं कर पा रहे हैं। उन्होंने नंदन नीलेकणि को टैग करते हुए लिखा, करदाताओं को सर्विस की क्वालिटी में कमी न होने दें। टैक्सपेयर्स के लिए प्रक्रिया आसान बनाना हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए।