पश्चिम बंगाल के फॉरेस्ट मिनिस्टर राजीब बनर्जी ने शुक्रवार को कैबिनेट मिनिस्टर के रूप में पद से इस्तीफा दे दिया। उनके अपने त्याग पत्र में लिखा, पश्चिम बंगाल के लोगों की सेवा करना बहुत सम्मान और सौभाग्य की बात है। इस अवसर को पाने के लिए मैं दिल से आभार व्यक्त करता हूं।

कोलकाता. पश्चिम बंगाल के फॉरेस्ट मिनिस्टर राजीब बनर्जी ने शुक्रवार को कैबिनेट मिनिस्टर के रूप में पद से इस्तीफा दे दिया। उनके अपने त्याग पत्र में लिखा, पश्चिम बंगाल के लोगों की सेवा करना बहुत सम्मान और सौभाग्य की बात है। इस अवसर को पाने के लिए मैं दिल से आभार व्यक्त करता हूं।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

17 दिन में दूसरे मंत्री का इस्तीफा

5 जनवरी को खेल मंत्री लक्ष्मी रतन शुक्ला ने इस्तीफा दे दिया था। 17 दिन बाद राजीब बनर्जी ने इस्तीफा दिया। राजीब दोमजुर से विधायक है। उन्होंने इस्तीफे की एक कॉपी गवर्नर जगदीप धनखड़ को भी भेज दी है।

एक महीने में 3 मंत्रियों ने इस्तीफा दे दिया है। दिसंबर में ममता के खास रहे शुभेंदु अधिकारी ने मंत्री पद छोड़ दिया था। 20 जनवरी को विधायक अरिंदम भट्टाचार्य भी भाजपा में शामिल हो गए थे। वो नादिया के शांतिपुर से विधायक हैं। 

मंत्री पद छोड़ने वाले भाजपा में शामिल होंगे?

शुभेंदु अधिकारी मंत्री पद छोड़ने के बाद भाजपा में शामिल हो गए थे। लेकिन लक्ष्मी रतन शुक्ला और राजीब ने अभी टीएमसी नहीं छोड़ी है। इससे पहले 19 दिसंर को शुभेंदु के साथ 10 विधायकों ने भी भाजपा ज्वॉइन कर ली थी, जिसमें 5 विधायक टीएमसी के थे। 

राजीब बनर्जी ने कहा- काम नहीं करने दे रहे हैं

यह त्याग पत्र एक दिन के बाद आया जब बनर्जी ने आरोप लगाया था कि तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के लोग उन्हें जनता की भलाई के लिए काम नहीं करने दे रहे थे। उन्होंने तृणमूल के खिलाफ असंतोष जताने के लिए फेसबुक का सहारा लिया था। उन्होंने कहा था, वरिष्ठ नेताओं ने उनकी चिंताओं पर ध्यान नहीं दिया। बनर्जी ने पहले तृणमूल पार्टी के खिलाफ असंतोष जताया था और भाजपा में शामिल होने से पहले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता सुवेंदु अधिकारी की बैठक में भी भाग लिया था। 

16 जनवरी को भी बनर्जी ने लगाया था आरोप

16 जनवरी को एक फेसबुक लाइव में उन्होंने कहा, मुझे बहुत बुरा लगता है जब पश्चिम बंगाल में युवाओं को नौकरी और शिक्षा नहीं मिल रही है और वे अपने परिवार का साथ नहीं दे पा रहे हैं। मुझे लोगों के लिए काम करने के लिए रोका गया था।

प. बंगाल में चुनाव कब होगा?

ममता बनर्जी का कार्यकाल 30 मई को खत्म हो रहा है। इस हिसाब से अप्रैल-मई में ही विधानसभा की 294 सीटों पर मतदान हो सकता है।