प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने इंग्लैंड में होने जा रहे कॉमनवेल्थ गेम्स (Commanwelth Games) में शामिल होने वाले भारतीय खिलाड़ियों से बात की है। वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से पीएम ने 215 प्लेयर्स से बातचीत की है।

नई दिल्ली. पीएम नरेंद्र मोदी ने इंग्लैंड में होने जा रहे कॉमनवेल्थ गेम्स में शामिल होने वाले भारतीय खिलाड़ियों से बात की है। पीएम ने कई ऐसे खिलाड़ियों से बात की है, जिनकी कहानी सुनकर किसी की भी आंखों में आंसू आ जाएंगे। लेकिन अगले ही पल उनकी उपलब्धियां जानकर आपका सीना गर्व से चौड़ा हो जाएगा। ऐसी ही दो खिलाड़ियों से पीएम नरेंद्र मोदी ने बात की और उन्हें शुभकामनाएं भी दीं। यह दो खिलाड़ी हैं भारतीय महिला हॉकी टीम की प्लेयर सलीमा और हरियाणा की रहने वाली पैरा खिलाड़ी शर्मीला। आइए जानते हैं इन खिलाड़ियों की अनटोल्ड स्टोरी...

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नाम शर्मीला लेकिन काम बुलंद हौंसलों वाले
पीएम मोदी ने हरियाणा की रहने वाली दिव्यांग खिलाड़ी शर्मीला से बात की है। दरअसल, शर्मीला ने 34 वर्ष की उम्र में खेलना शुरू किया और दो साल के भीतर ही नेशनल लेवल पर गोल्ड मेडल जीतकर सबको चौंका दिया। पीएम ने जब उनसे पूछा कि यहां तक का सफर कैसा रहा तो शर्मीला ने कुछ ही सेंकेंड में अपना दिल खोलकर रख दिया। शर्मीला ने कहा कि वह रेवाड़ी के बहुत गरीब घर की रहने वाली हैं। उनकी तीन और बहनें हैं, माता-पिता इतने गरीब की ठीक से परवरिश नहीं हो पाई। शर्मीला पैर से 40 प्रतिशत दिव्यांग हैं लेकिन उनके हौंसले बुलंद हैं। शर्मिला ने कहा कि कम उम्र में मेरी शादी हो गई। पति ने बहुत अत्याचार किया। मेरी दो बेटियां और दोनों की स्पोर्ट्स में हैं। पीएम ने शर्मीला की कहानी सुनकर उनकी हौसलाअफजाई की और कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए शुभकामनाएं दीं।

पिता को देखकर बेटी ने सीखी हॉकी
सलीमा टेटे झारखंड के सबसे ज्यादा माओवादी प्रभावित जिलों में से एक सिमडेगा के बड़कीचापर गांव की रहने वाली हैं। सलीमा टेटे ने साल 2018 के ओलंपिक में रजत पदक जीतने वाली भारतीय टीम की कप्तान भी थीं। पीएम मोदी के साथ बातचीत के दौरान सलीमा ने बताया कि जब वह छोटी थी तो पिता को हॉकी खेलते देखती थीं। वे उनके साथ ही खेल देखने जाने लगीं और धीरे-धीरे हॉकी को समझना शुरू कर दिया। उनका यह सफर आज भी जारी है। सलीमा टेटे ने कहा कि वे अभी इंग्लैंड में हैं और कॉमनवेल्थ गेम्स में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रैक्टिस कर रही हैं। पीएम मोदी ने कहा कि सलीमा आपके संघर्ष भरे सफर को देखकर देश की लाखों लड़कियों में आगे बढ़ने का जज्बा आएगा।

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