पूर्व पीएम यायर ने कहा कि इजरायल का फोकस अब इस बात पर है कि ऐसी स्थितियां दोबारा न आए। हमें यह सुनिश्चित करने की ज़रूरत है कि उन्हें फिर कभी महिलाओं और बच्चों का नरसंहार करने का मौका न मिले।

Israel Hamas War: इजरायल में फिलिस्तीनी ग्रुप हमास के हमले के बाद भयानक संघर्ष जारी है। देश के पूर्व प्रधानमंत्री यायर लैपिड ने हमास के हमले की भनक न लगने को खुफिया एजेंसियों की चूक बताई है। पूर्व पीएम यायर ने कहा कि इजरायल का फोकस अब इस बात पर है कि ऐसी स्थितियां दोबारा न आए। हमें यह सुनिश्चित करने की ज़रूरत है कि उन्हें फिर कभी महिलाओं और बच्चों का नरसंहार करने का मौका न मिले।

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पूर्व प्रधानमंत्री यायर लैपिड वर्तमान में इजरायल के विपक्ष के नेता हैं। उन्होंने स्वीकार किया कि हमास का हमल एक बड़ी खुफिया विफलता है। इस हमले में पांच सौ से अधिक लोगों की जान गई है। उन्होंने कहा कि देश आतंक के खिलाफ लड़ाई में एकजुट है। अभी कोई राजनीति नहीं हो रही, हम सब मिलकर आतंक को मुंहतोड़ जवाब देंगे। हम सरकार के साथ खड़े हैं। अभी की परिस्थितियां किसी भी राजनीति से बहुत बड़ी है। दुर्भाग्य से हम खुफिया स्तर पर विफल हो गए हैं। लेकिन हमारे पास गलतियों से सीखने का एक अच्छा इतिहास है, न कि उस पर दु:खी होने या आरोप प्रत्यारोप का। हम एक बार आश्चर्यचकित रह गए थे लेकिन हम दो बार आश्चर्यचकित नहीं होंगे। हर कोई समझता है कि प्रतिक्रिया विनाशकारी होगी।

शनिवार को हमास ने मचाया था कहर

शनिवार को 1,000 से अधिक हमास सैनिक गाजा में बार्डर फेंसिंग को तोड़ कर पास के यहूदी समुदायों में घुस गए। वहां बंदूकधारी घर-घर जाकर लोगों को मार रहे थे या उनका अपहरण कर गाजा में वापस ले जा रहे थे। इज़रायली अधिकारियों ने कहा कि गाजा में वापस ले जाए गए बंधकों में बच्चे और व्हीलचेयर पर नरसंहार में जीवित बचा एक व्यक्ति शामिल है। उधर, हमास के हमले के बाद हिजबुल्ला ने भी हमास का समर्थन करते हुए गोलीबारी में साथ देना शुरू कर दिया है। हिजबुल्ला, ईरान समर्थित हथियारबंद लोगों का ग्रुप है जिनके पास अत्याधुनिक सैन्य हथियार आदि मौजूद हैं। वह इजरायल को कई मोर्चे पर चुनौती दे रहा है। पढ़िए इजरायल का गाजापट्टी नियंत्रण का प्लान…