ukraine news : रूसी अधिकारियों के मुताबिक कॉरिडोर के खुलने से मारियुपोल और वोल्नोवख शहरों के लोगों को मारियुपोल सहित दूसरे इलाकों को खाली करने में मदद मिलेगी। रूसी सेना ने इस युद्धविराम की घोषणा से पहले मारियुपोल को चारों तरफ से ब्लॉक कर दिया था, जिसकी वजह से यहां के लोगों को जरूरत का सामान भी नहीं मिल पा रहा था।   

कीव। चौबीस फरवरी से यूक्रेन के शहरों पर ताबड़तोड़ हमले कर रहे रूस (Russia attacks on ukraine) ने अपने कदम पीछे खींचे हैं। मानवाधिकार परिषद की बैठक में शुक्रवार को 32 देशों ने नागरिकों को निशाना बनाने पर रूस की खिलाफत की थी। इसके बाद शनिवार को रूस ने नागरिकों के लिए युद्धविराम की घोषणा की है। 

सैन्य कार्रवाई में नागरिकों को नहीं बनाएगा निशाना
रूसी सेना ने कहा कि वह शनिवार को स्थानीय समयानुसार सुबह 10 बजे हमले को रोक रही है, ताकि डोनेट्स्क पीपुल्स रिपब्लिक के निवासी मारियुपोल के आजोव सागर शहर को छोड़ सकें। इससे पहले रूस ने कहा था कि वह नागरिकों को सैन्य कार्रवाई का निशाना नहीं बना रहा है। लेकिन कीव और खारकीव में कई नागरिकों के हताहत होने की जानकारी सामने आई थीं। रूस के हमलों में कर्नाटक के मेडिकल छात्र नवीन शेखरप्पा की भी मौत हो गई थी। पास के शहर वोल्नोवाखा के लिए एक अन्य मानवीय गलियारा स्थापित किया गया था। यह पहले यूक्रेन के कब्जे में था। रूस ने कहा कि मॉस्को ने कहा कि यूक्रेन के साथ सुरक्षित मार्ग पर सहमति बनी है। रूस और यूक्रेनियन गुरुवार को बेलारूस में दूसरे दौर की शांति वार्ता के लिए मिले।

बिजली, पानी और सेलफोन सेवा होगी बहाल
मारियुपोल के मेयर वादिम बॉयचेंको ने कहा कि युद्धविराम बिजली और पानी की आपूर्ति की बहाली के साथ-साथ सेल फोन सेवा पर काम शुरू करने की अनुमति देगा। उन्होंने कहा कि स्थानीय अधिकारी भोजन और प्राथमिक चिकित्सा किट देने की भी कोशिश करेंगे। यूक्रेन की तरफ से वार्ताकार टीम के एक सदस्य मिखाइल पोडोलीक ने पहले पुष्टि की थी कि दोनों पक्षों ने नागरिकों को निकालने के लिए अस्थायी रूप से सहमति की बात की है। रूस ने पिछले हफ्ते यूक्रेन में 'सैन्य अभियान' शुरू किया था। उसने तर्क दिया था कि वह डोनेट्स्क पीपुल्स रिपब्लिक (डीपीआर) और पड़ोसी लुगांस्क पीपुल्स रिपब्लिक (एलपीआर) का बचाव कर रहा था। यह दोनों 2014 के बाद यूक्रेन से अलग हो गए थे। इस बीच, यूक्रेन ने कहा कि हमला पूरी तरह से अकारण था और उसने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से मदद की अपील की है।

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इलाकों को खाली करने में मिलेगी मदद
रूसी अधिकारियों के मुताबिक कॉरिडोर के खुलने से मारियुपोल और वोल्नोवख शहरों के लोगों को मारियुपोल सहित दूसरे इलाकों को खाली करने में मदद मिलेगी। रूसी सेना ने इस युद्धविराम की घोषणा से पहले मारियुपोल को चारों तरफ से ब्लॉक कर दिया था, जिसकी वजह से यहां के लोगों को जरूरत का सामान भी नहीं मिल पा रहा था।

24 फरवरी से रूसी मिसाइलें यूक्रेन पर बरस रहीं
रूस और यूक्रेन के बीच जारी गतिरोध की शुरुआत कई महीनों पहले हुई थी, लेकिन 24 फरवरी 2022 को रूसी राष्ट्रपति के एक आदेश के बाद यूक्रेन पर सैन्य कार्रवाई शुरू हो गई थी। इससे पहले महीनों तक रूस ने यूक्रेन को चारों तरफ से घेर लिया था। यूक्रेन की इस कार्रवाई का अमेरिका, ब्रिटेन और ऑस्ट्रेलिया समेत कई देशों ने विरोध भी और उस पर ग्लोबल स्विफ्ट पेमेंट सिस्टम समेत तमाम प्रतिबंध लगाए, लेकिन रूसी फौज नहीं रुकीं। यूक्रेन की राजधानी कीव और खारकीव समेत कई शहरों में रूस ने कब्जा कर लिया है। 

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