
New EPFO Rules: किसी भी नौकरीपेशा व्यक्ति के लिए प्रोविडेंट फंड यानी PF बहुत मायने रखता है। पीएफ का पैसा रिटायरमेंट के बाद तो काम आता ही है, साथ ही नौकरी के दौरान भी इमरजेंसी फंड के तौर पर आप इसका इस्तेमाल कर सकते हैं। EPFO ने हाल ही में अपनी जमा लिंक्ड बीमा योजना (EDLI) में महत्वपूर्ण बदलावों की घोषणा की है। इसके तहत अब उन EPF खाताधारकों को भी बीमा लाभ मिलेगा, जिनका निधन एक साल के भीतर हो जाता है। साथ ही नौकरी बदलने पर भी इंश्योरेंस का फायदा मिलेगा। इस बदलाव से करोड़ों कर्मचारियों और उनकी फैमिली को राहत मिलेगी।
पहले अगर किसी कर्मचारी का एक साल से पहले निधन हो जाता था, तो उसके परिवार को इंश्योरेंस का फायदा नहीं मिलता था। लेकिन अब इस नियम में बदलाव किया गया है, जिसके तहत अगर किसी EPF मेंबर की मृत्यु एक साल से पहले होती है, तो उसके परिवार को 50,000 रुपए का बीमा मिलेगा।
इसके अलावा EPFO ने नौकरी बदलने में होने वाले गैप से जुड़े नियम में भी बड़ा बदलाव किया है। अब अगर कर्मचारी ने एक नौकरी छोड़ दी, लेकिन दूसरी नौकरी में दो महीने का गैप है, तो भी उसे इंश्योरेंस का लाभ मिलेगा। यानी नए नियम के मुताबिक, कर्मचारी को 2.5 से 7 लाख रुपए तक का बीमा मिलेगा। इस बदलाव से हर साल 1000 से ज्यादा कर्मचारियों के परिवारों को फायदा पहुंचेगा।
इसके अलावा EPFO ने कंपनियों के लिए पीएफ का पैसा जमा करने पर होने वाली देरी पर भी राहत दी है। अब इस पर जुर्माना कम करते हुए हर महीने सिर्फ 1 प्रतिशत कर दिया है।
EPFO की कर्मचारी जमा-लिंक्ड बीमा योजना, 1976 (EDLI) एक ऐसी स्कीम है, जो संगठित क्षेत्र के कर्मचारियों को जीवन बीमा कवर देती है। बता दें कि EPFO से जुड़े हर कर्मचारी को 7 लाख रुपए तक के लाइफ इंश्योरेंस का फायदा मिलता है। इस बीमा के लिए जमा होने वाला मंथली प्रीमियम कर्मचारी नहीं बल्कि नियोक्ता (संबंधित कंपनी) को देना होता है।
1- अगर किसी EPF मेंबर की सर्विस पीरियड के दौरान मृत्यु हो जाती है, तो उसके नॉमिनी या कानूनी उत्तराधिकारी को बीमा राशि मिलती है।
2- ये बीमा रकम मिनिमम 2.5 लाख रुपए जबकि मैक्सिमम 7 लाख रुपए तक है। ये कर्मचारी के आखिरी 12 महीनों की एवरेज सैलरी पर बेस्ड होता है।
3- बता दें कि EPF से जुड़ा हर एक कर्मचारी स्वयं ही इस स्कीम का फायदा लेने के लिए योग्य होता है। इसके लिए उसे अलग से किसी भी तरह का पैसा जमा करने की जरूरत नहीं होती।
4- EDLI स्कीम के लिए अंशदान एम्प्लॉयर (कंपनी) द्वारा किया जाता है, जो कर्मचारी के बेसिक मंथली सैलरी का 0.5% होता है।
व्यापार समाचार: Read latest business news in Hindi, Investment News, Insurance News, Personal Finance Tips & Budget News Live Updates at Asianet Hindi News