
हेल्थ डेस्क: माता पिता बनना दुनिया के सबसे बेहतरीन एहसासों में से एक है। माता पिता बनने के बाद कपल की जिंदगी पूरी तरह बदल जाती है। बच्चा छोटा होता है, जिसके चलते उसे खास केयर की जरूरत होती है। अगर बच्चे का खास ख्याल नहीं रखा जाएं तो बच्चा कई तरह की बीमारियों से पीड़ित हो सकता है। छोटे बच्चों की इम्यूनिटी कमजोर होती है जिससे बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। खासतौर पर 1 से 5 साल के बच्चों में बीमारियों के बहुत अधिक चांस होते है। तो चलिए आज हम आपको 3 ऐसी बीमारियों के बारे में बताते है जो 1 से 5 साल के बच्चों के बीच आम हैं....
ये तीन बीमारियां है 1 से 5 साल के बच्चों में कॉमन
फूड इन्टॉलरेंस
पेरेंट्स हमेशा यहीं समझते है कि बच्चा खाने में नखरा कर रहा है। लेकिन कई बार ऐसा नहीं होता है कि बच्चा खाने को पचा नहीं पाता है, जिसके चलते वो उसे खाने से मना कर देता है। ऐसे में बड़ों की जिम्मेदारी बनती है कि वे बच्चों को ऐसा खाना खिलाएं जो वे पचा सके। खाना न पचने से बच्चों को डायरिया, पेट दर्द और फूड इन्टॉलरेंस की समस्या हो सकती है। आजकल कई बच्चों को दूध पचाने में भी दिक्कत होती है, जिसे लैक्टोज इन्टॉलरेंस कहते हैं।
इम्पेटिगो
ये 1 से 5 साल के बच्चों को होने वाला संक्रामक स्किन रिएक्शन है। ये इंफेक्शन बच्चों को बैक्टीरिया के कारण होता है, इसलिए माता-पिता अपने बच्चे की साफ सफाई का ध्यान रखें, ताकि बच्चा किसी प्रकार के इंफेक्शन से बचा रहे।
वर्म्स
वर्म्स बच्चों में होने वाली सबसे आम बीमारी है, जो बाहर से नहीं दिखती है। ये बच्चों में बहुत जल्दी फैलती है और इसके कारण बच्चों को कई रोग भी हो सकते है, इसलिए बच्चों की साफ सफाई का ध्यान रखना चाहिए।
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