
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra modi) ने जब से कृषि कानूनों (Farm laws)को वापस लेने की घोषणा की है, तब से हर तरफ इसी की चर्चा है। विभिन्न राजनेता अपने विचार रख रहे हैं। भाजपा नेता इसे प्रधानमंत्री मोदी का ऐतिहासिक कदम बता रहे हैं तो गैर भाजपाई पार्टियां इसे अहंकार की हार कह रहे हैं। इस बीच एशियानेट न्यूज के अनीश कुमार ने राजद (RJD) सुप्रीमो लालू यादव (Lalu Prasad Yadav) से कृषि कानूनों पर उनकी राय जानी। लालू का कहना है कि कृषि कानून वापस लेने के बाद भी भाजपा उत्तर प्रदेश और पंजाब चुनाव नहीं जीत रही है। पढ़ें लालू ने क्या कहा...
Q: तीन कृषि कानूनों को वापस लेने के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फैसले को आप किस तरह से देखते हैं?
लालू : यह किसानों की जीत है। वे तकरीबन एक साल से प्रदर्शन कर रहे थे। तब सरकार उन्हें नहीं सुन रही थी। उन्होंने यह फैसला आने वाले विधानसभा चुनावों (उत्तर प्रदेश और पंजाब) से पहले मिले उस फीडबैक (Feedback) के आधार पर लिया, जिसमें कहा गया कि वे उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में सत्ता बरकरार नहीं रख सकते। हालांकि, कानूनों को वापस लेने के बाद भी भाजपा चुनाव नहीं जीत सकती।
Q : किसान संगठन एमएसपी (MSP) की मांग कर रहे हैं। आपकी इस पर क्या राय है?
लालू : एमएसपी ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए बहुत आवश्यक है। यह उन मजदूरों के लिए भी फायदेमंद होगी जो कृषि सेक्टर में मजदूरी करते हैं।
Q : विपक्ष इस समय बिखरा हुआ है। कोई किसी का नेतृत्व स्वीकारने को तैयार नहीं है। आप हमेशा भाजपा के खिलाफ मुखर रहे हैं, ऐसे में भगवा पार्टी के उदय का मुकाबला कैसे करेंगे?
लालू : इस समय एक संगठित विपक्ष की जरूरत है। मुझे विश्वास है कि भाजपा की विचारधारा की खिलाफत करने वाले सभी दल देश और लोकतंत्र को बचाने एक साथ आएंगे। मैंने सोनिया गांधी (Sonia gandhi) से विपक्षी पार्टियों की एक बैठक बुलाने के लिए बात की है। जनता विकल्प चाहती है। यह सरकार सब कुछ बेच रही है। रेलवे (Railway)और एलआईसी (LIC) के साथ क्या हो रहा है। उन्होंने एयर इंडिया (Air India) को बेच दिया है। देश नौकरियों की कमी और महंगाई से से जूझ रहा है।
Q: आपकी नजर में इस समय देश के सामने सबसे बड़ी चुनौतियां क्या हैं?
लालू : महंगाई बढ़ने के अलावा लोकतंत्र और संविधान पर हमला सबसे बड़ी चुनौतियां हैं। सरकार में सिर्फ वन मैन शो चल रहा है। वह जनता की सलाह नहीं लेता है। यहां तक कि वह मंत्रियों तक से सलाह नहीं लेता है।
Q : क्या राजद उत्तर प्रदेश में लड़ने जा रही है?
लालू : वहां समाजवादी पार्टी (SP) मजबूत स्थिति में है। मेरी पार्टी उत्तर प्रदेश में नहीं लड़ने जा रही है। लेकिन हम समाजवादी पार्टी का समर्थन करेंगे। यदि सेहत ठीक रही तो कुछ सीटों पर चुनाव प्रचार भी करने जाऊंगा।
Q : क्या बिहार सरकार को प्रदेश में शराब बैन पर पुनर्विचार करना चाहिए?
लालू : बिहार में अल्कोहल पर 2016 में उस वक्त प्रतिबंध लगाया गया था, जब हम सरकार में साथ थे। नीतीश ने इस पर एकतरफा फैसला लिया था। मुझे तो उन्होंने निर्णय लेने के बाद जानकारी दी थी। मैंने उनसे पूछा कि आप इसे लागू कैसे करेंगे, क्योंकि उत्तर प्रदेश, झारखंड, नेपाल और पश्चिम बंगाल कहीं भी शराब बैन नहीं है। हमारी सीमाएं उनके साथ जुड़ी हैं। अब बिहार के हालात देखें। लगभग हर दिन बिहार में नकली शराब से मौतें हो रही हैं। शराब डिलीवरी अब सिर्फ एक फोन कॉल पर होती है। बिहार के हालात अब नीतीश कुमार के काबू से बाहर हैं।
Q : बिहार में चिराग पासवान के लिए क्या संभावनाएं हैं?
लालू : वह भी बिहार में एक चेहरा हैं। उन्होंने तमाम बाधाओं के बावजूद खुद को स्थापित किया है। वह लोगों के लिए बहुत मेहनत कर रहे हैं।
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