राजीव चंद्रशेखर, पूर्व केंद्रीय मंत्री, भाजपा के केरल प्रदेश अध्यक्ष बनने वाले हैं। टेक एंटरप्रेन्योर चंद्रशेखर की विकास पर ध्यान केंद्रित करने वाले नेता के रूप में छवि है। क्या वे केरल में भाजपा को नई दिशा दे पाएंगे?
Rajeev Chandrasekhar Kerala BJP State President: पूर्व केंद्रीय राज्य मंत्री और टेक एंटरप्रेन्योर राजीव चंद्रशेखर (Rajeev Chandrasekhar) भाजपा के केरल प्रदेश अध्यक्ष बनने जा रहे हैं। उनके पास दो दशक से अधिक का राजनीतिक अनुभव है। उनकी छवि विकास के एजेंडे पर काम करने वाले मजबूत नेता की है। वह केरल के लिए भाजपा की नई रणनीति का प्रतिनिधित्व करते हैं।
नरेंद्र मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल में राजीव चंद्रशेखर केंद्रीय राज्य मंत्री थे। अब उन्हें केरल भाजपा अध्यक्ष की जिम्मेदारी मिलने जा रही है। उन्हें पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व द्वारा केरल में विकास की राजनीति के चेहरे के रूप में पेश किया जा रहा है।
राजीव चंद्रशेखर अपने दृष्टिकोण को आम आदमी तक पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। वे अपने विकास-केंद्रित दृष्टिकोण के लिए भी जाने जाते हैं। इन वजहों के चलते भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने उन्हें बड़ी जिम्मेदारी देने का फैसला किया है।
पारंपरिक नेताओं से अलग राजीव चंद्रशेखर की शैली में आरोपों का जवाब बयानबाजी से देने के बजाय विस्तार से देने की है। वह पावरपॉइंट प्रेजेंटेशन से भी अपनी बात रखते हैं। भाजपा का राष्ट्रीय नेतृत्व केरल मॉडल की तलाश कर रहा है जो प्रधानमंत्री मोदी की गारंटी को पूरे भारत में व्यापक स्वीकृति के साथ प्रतिध्वनित करता है।
टेक्नोक्रेट से राजनेता बने राजीव चंद्रशेखर को लोकसभा चुनाव 2024 में तिरुवनंतपुरम सीट से चुनावी मैदान में उतरे थे। चुनाव में साफ दिखा कि मतदाताओं की नई पीढ़ी इस नए दौर के राजनेता के पीछे एकजुट हो रही है।
राजीव चंद्रशेखर ने इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग में इंजीनियरिंग की डिग्री ली है। उन्होंने कंप्यूटर साइंस में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। पिछली मोदी सरकार में वह आईटी, इलेक्ट्रॉनिक्स और कौशल विकास के प्रभारी केंद्रीय राज्य मंत्री थे।
राजीव चंद्रशेखर का जन्म 1964 में अहमदाबाद में हुआ था। वह वायु सेना अधिकारी एम.के. चंद्रशेखर और वल्ली चंद्रशेखर के घर पैदा हुए। टेक्नोक्रेट, टेक एंटरप्रेन्योर राजीव ने शुरुआत में बेंगलुरु से व्यवसाय की दुनिया में अपनी पहचान बनाई। हालांकि उनकी पेशेवर जड़ें कर्नाटक में थीं। उनका परिवार केरल के पलक्कड़ में कोंडिउर से है। इसलिए केरल से राजीव चंद्रशेखर का जुड़ाव बना रहा। ऐसे समय में जब वायरलेस टेलीफोनी सिर्फ एक सपना था, राजीव ने 1994 में पेजर और फिर बीपीएल के माध्यम से मोबाइल सेवाएं शुरू कीं। वह भारत की तकनीकी क्रांति में एक महत्वपूर्ण व्यक्ति बन गए थे। 2005 में उन्होंने जुपिटर कैपिटल की स्थापना की और अपने व्यवसाय को और आगे बढ़ाया।
राजनीति की दुनिया में कदम रखने वाले राजीव चंद्रशेखर एक प्रमुख टेक एंटरप्रेन्योर हैं। वह 2006 में कर्नाटक से राज्यसभा में आए। लगातार तीन बार राज्यसभा सांसद रहे। 2021 में उन्हें केंद्रीय राज्य मंत्री नियुक्त किया गया। उन्होंने केरल एनडीए के उपाध्यक्ष के रूप में भी काम किया है।
राजीव चंद्रशेखर केरल में भाजपा के पहले ऐसे प्रदेश अध्यक्ष होंगे जिनकी संघ परिवार से कोई पृष्ठभूमि नहीं है। केंद्रीय नेतृत्व को उम्मीद है कि उनकी नियुक्ति से केरल भाजपा में फिर से जान आएगी, जो लंबे समय से आंतरिक गुटबाजी से जूझ रही है।