
पटना: बिहार सरकार ने सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए सोशल मीडिया इस्तेमाल करने को लेकर नियमों में बदलाव करते हुए उन्हें और सख्त बना दिया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में 'बिहार लोक सेवक आचार (संशोधन) नियमावली 2026' लाने का फैसला किया गया। यह कदम अधिकारियों द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के गलत इस्तेमाल को देखते हुए उठाया गया है।
अब से, सरकारी कर्मचारियों को सोशल मीडिया अकाउंट शुरू करने से पहले अधिकारियों से इजाजत लेनी होगी। फर्जी नामों से बने अकाउंट्स पर पाबंदी होगी। पर्सनल सोशल मीडिया अकाउंट बनाने के लिए ऑफिशियल मोबाइल नंबर या ईमेल का इस्तेमाल नहीं किया जा सकेगा। साथ ही, सरकारी नीतियों, योजनाओं या अदालती फैसलों पर सोशल मीडिया में कोई भी निजी राय देने की मनाही है। किसी भी राजनीतिक दल या संगठन का समर्थन या आलोचना करने की भी इजाजत नहीं होगी। दफ्तर से वीडियो या रील बनाना और ऑफिशियल मीटिंग्स को लाइव स्ट्रीम करना पूरी तरह से बैन कर दिया गया है।
सरकारी दस्तावेज़ या कोई भी खुफिया जानकारी सोशल मीडिया पर शेयर नहीं की जा सकती। सरकारी उपलब्धियों को अपनी निजी उपलब्धि बताकर पेश करने पर भी रोक है। सामान्य प्रशासन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव बी. राजेंद्र ने बताया कि नियम तोड़ने वाले कर्मचारियों के खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी। राज्य सरकार का कहना है कि इस फैसले का मकसद यह पक्का करना है कि अधिकारी डिजिटल स्पेस में जिम्मेदारी और अनुशासन से बर्ताव करें।
Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।