
नई दिल्ली में 12 और 13 सितंबर को 18वें BRICS नेताओं के शिखर सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी BRICS समूह के सदस्य देशों के साथ-साथ सहयोगी और आउटरीच देशों के नेताओं का स्वागत करेंगे। शिखर सम्मेलन का मुख्य कार्यक्रम शनिवार, 12 सितंबर से शुरू होगा। इस दिन BRICS के 11 सदस्य देशों के प्रमुख नेता बैठक में शामिल होंगे। इसके बाद रविवार, 13 सितंबर को सहयोगी देशों और आउटरीच के लिए आमंत्रित किए गए नेताओं की मौजूदगी में कार्यक्रम आगे बढ़ेगा।
इस साल भारत BRICS की अध्यक्षता कर रहा है। शिखर सम्मेलन का आयोजन नई दिल्ली के भारत मंडपम में किया जाएगा। बैठक में बहुपक्षवाद, व्यापार, निवेश, ऊर्जा और खाद्य सुरक्षा, सप्लाई चेन तथा वैश्विक शासन जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है।
BRICS में इस समय 11 पूर्ण सदस्य देश हैं। इनमें ब्राजील, रूस, भारत, चीन, दक्षिण अफ्रीका, मिस्र, इथियोपिया, इंडोनेशिया, ईरान, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) शामिल हैं। दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा ने भी शिखर सम्मेलन में शामिल होने की पुष्टि की है।
शी जिनपिंग — राष्ट्रपति, चीन
व्लादिमीर पुतिन — राष्ट्रपति, रूस
सिरिल रामफोसा — राष्ट्रपति, दक्षिण अफ्रीका
मसूद पेजेशकियन — राष्ट्रपति, ईरान
अब्देल फतह अल-सिसी — राष्ट्रपति, मिस्र
अबी अहमद — प्रधानमंत्री, इथियोपिया
प्राबोवो सुबियांतो — राष्ट्रपति, इंडोनेशिया
शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान — क्राउन प्रिंस, अबू धाबी (UAE)
मौरो विएरा — विदेश मंत्री, ब्राजील
BRICS शिखर सम्मेलन में सहयोगी और आउटरीच देशों के नेताओं को भी आमंत्रित किया गया है। इनमें कई देशों के राष्ट्राध्यक्ष और सरकार के प्रमुख शामिल हैं।
अलेक्जेंडर लुकाशेंको — राष्ट्रपति, बेलारूस
कासिम-जोमार्ट टोकायेव — राष्ट्रपति, कजाकिस्तान
अनवर इब्राहिम — प्रधानमंत्री, मलेशिया
अनुतिन चर्नविराकुल — प्रधानमंत्री, थाईलैंड
मिगुएल डियाज़-कैनेल — राष्ट्रपति, क्यूबा
बोला अहमद टिनुबू — राष्ट्रपति, नाइजीरिया
शवकत मिर्जियोयेव — राष्ट्रपति, उज्बेकिस्तान
जेसिका अलुपो — उपराष्ट्रपति, युगांडा
BRICS शिखर सम्मेलन में संयुक्त राष्ट्र के शीर्ष अधिकारी की मौजूदगी भी रहेगी। एंटोनियो गुटेरेस, संयुक्त राष्ट्र महासचिव, सम्मेलन में शामिल होंगे। उनकी मौजूदगी से बहुपक्षीय सहयोग और वैश्विक शासन जैसे मुद्दों पर होने वाली चर्चाओं को भी अहमियत मिलने की उम्मीद है।
दो दिन के मुख्य BRICS कार्यक्रम से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार, 11 सितंबर को नई दिल्ली में BRICS Business Forum को संबोधित करेंगे। इस फोरम में चीन, रूस, ब्राजील, UAE समेत अन्य BRICS देशों के शीर्ष बिजनेस लीडर्स के शामिल होने की उम्मीद है। कॉमर्स और इंडस्ट्री मिनिस्टर पीयूष गोयल और विदेश मंत्री एस. जयशंकर के भी उद्घाटन सत्र को संबोधित करने की उम्मीद है। फोरम में कृषि, व्यापार, निवेश, सप्लाई चेन और डिजिटल इकोनॉमी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा होगी। इसके बाद नेताओं का एक सत्र आयोजित किया जाएगा, जिसे प्रधानमंत्री मोदी संबोधित कर सकते हैं।
BRICS शिखर सम्मेलन से पहले चीन का एक बड़ा बिजनेस डेलीगेशन भारत आने वाला है। चीन के प्रमुख कारोबारी नेताओं में CNPC के चेयरमैन होउलियांग दाई, ICBC के चेयरमैन लिन लियाओ और चाइना COSCO शिपिंग कॉर्पोरेशन के चेयरमैन मिन वान शामिल हो सकते हैं। इसके अलावा हुवावे टेक्नोलॉजीज और अलीबाबा ग्रुप के सीनियर एग्जीक्यूटिव्स के भी बिजनेस फोरम में शामिल होने की उम्मीद है। चीनी बिजनेस डेलीगेशन के भारतीय और दूसरे BRICS देशों के कारोबारी प्रतिनिधियों के साथ व्यापार, निवेश, टेक्नोलॉजी और सप्लाई चेन से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करने की उम्मीद है।
BRICS Business Forum में दूसरे सदस्य देशों के कई बड़े कारोबारी और कॉर्पोरेट लीडर्स के भी शामिल होने की उम्मीद है। इनमें प्रमुख नाम हैं..
फ्रांसिस्को गोम्स नेटो — एम्ब्रेयर के प्रेसिडेंट और CEO
गुस्तावो पिमेंटा — वेले के CEO
फुथी महानेले-डाबेंगवा — नैस्पर्स की CEO
ओलेग बेलोजेरोव — रशियन रेलवे के CEO और चेयरमैन
अलेक्जेंडर वेद्याखिन — स्बेरबैंक के फर्स्ट डिप्टी चेयरमैन
फोरम में शामिल होने वाली कंपनियां एनर्जी, बैंकिंग, टेक्नोलॉजी, शिपिंग, एविएशन और माइनिंग जैसे प्रमुख क्षेत्रों से जुड़ी हैं। इससे व्यापार और निवेश के साथ-साथ वैश्विक सप्लाई चेन और तकनीकी सहयोग पर भी बातचीत को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
BRICS का गठन 2006 में ब्राजील, रूस, भारत और चीन ने मिलकर किया था। बाद में दक्षिण अफ्रीका 2010 में इस समूह में शामिल हुआ। इसके बाद मिस्र, इथियोपिया, ईरान और UAE को 2024 में BRICS में शामिल किया गया। बाद में इंडोनेशिया भी समूह का पूर्ण सदस्य बन गया। आज BRICS में कुल 11 पूर्ण सदस्य देश हैं।
Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।