
Dhruv Rathee Arvind Kejriwal Case: मशहूर यूट्यूबर ध्रुव राठी की कानूनी मुश्किलें एक बार फिर बढ़ती नजर आ रही हैं। दिल्ली की एक अदालत ने साल 2018 के मानहानि मामले में उनके खिलाफ जमानती वारंट जारी किया है। यह मामला विकास सांकृत्यायन, जिन्हें विकास पांडे के नाम से भी जाना जाता है, की शिकायत से जुड़ा है। कोर्ट का कर्मचारी जब राठी को समन देने उनके घर पहुंचा, तो वहां ताला लगा मिला। कर्मचारी की रिपोर्ट के आधार पर अदालत ने यह कदम उठाया है।
इस मामले में अब अगली सुनवाई 31 अक्टूबर को होनी है। कई साल पुराने इस विवाद में समन की तामील नहीं हो पाने के कारण कानूनी प्रक्रिया एक बार फिर चर्चा में आ गई है।
मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने कर्मचारी की उस रिपोर्ट पर गौर किया, जिसमें बताया गया था कि ध्रुव राठी के घर पहुंचने पर वहां ताला लगा हुआ था। समन की तामील नहीं हो पाने के बाद कोर्ट ने उनके खिलाफ जमानती वारंट जारी कर दिया।
इससे पहले शिकायतकर्ता विकास पांडे ने अदालत से समन भेजने की प्रक्रिया तेज करने की अपील की थी। इसके बाद ध्रुव राठी के गुरुग्राम स्थित पते पर नया समन जारी किया गया था। शिकायतकर्ता के वकील ने अदालत को बताया कि राठी ज्यादातर विदेश में रहते हैं, जिसके कारण उन्हें समन पहुंचाने की कोशिशों में लगातार परेशानी आ रही है।
अदालत ने यह भी ध्यान दिया कि इस मामले में ध्रुव राठी को पहली बार जुलाई 2019 में समन भेजा गया था। कोर्ट ने शिकायतकर्ता विकास पांडे को समन तामील कराने के लिए कर्मचारी के साथ जाने की अनुमति भी दी थी।
ध्रुव राठी और विकास पांडे के बीच कानूनी विवाद की शुरुआत मई 2018 में हुई थी। उस दौरान राठी ने एक वीडियो जारी किया था, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) के आईटी सेल ने उन्हें बदनाम करने के लिए विकास पांडे को रिश्वत देने की कोशिश की थी।
यह वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में आया था। उस समय दिल्ली के मुख्यमंत्री रहे अरविंद केजरीवाल ने भी इसे रीट्वीट किया था। इसके बाद विकास पांडे ने वीडियो में लगाए गए आरोपों और उसे साझा किए जाने को लेकर ध्रुव राठी तथा अरविंद केजरीवाल के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया था।
यह मानहानि मामला कई सालों से अदालत में लंबित है। अब समन की तामील नहीं हो पाने के बाद ध्रुव राठी के खिलाफ जमानती वारंट जारी किए जाने से मामले ने फिर ध्यान खींचा है। अगली सुनवाई 31 अक्टूबर को निर्धारित है, जिसमें आगे की कानूनी प्रक्रिया पर नजर रहेगी।
ध्यान दें: जमानती वारंट जारी होना अपने आप में मानहानि के आरोप साबित होना नहीं है। मामले में अंतिम फैसला अदालत की सुनवाई और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर होगा।
Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।