Satya Niketan हादसे के बाद DU ने उठाया बहुत बड़ा कदम, खुश हो गए हजारों स्टूडेंट!

Published : Sep 08, 2026, 02:26 PM IST
Satya Niketan Building Collapse

सार

Satya Niketan Building Collapse: सत्य निकेतन PG हादसे के बाद DU कॉलेजों ने बेघर छात्रों के लिए कैंपस खोले। रहने, खाने और काउंसलिंग की व्यवस्था की गई।

Delhi PG Collapse: दिल्ली के सत्य निकेतन में बिल्डिंग गिरने से हुई मौतों के बाद दिल्ली यूनिवर्सिटी के कई कॉलेजों ने बड़ा कदम उठाते हुए क्लासरूम और दूसरी जगहों को अस्थायी शेल्टर में बदल दिया है। सत्य निकेतन में PG बिल्डिंग गिरने के बाद कॉलेजों ने क्लासें रोक दीं और बेघर हुए छात्रों के लिए अपने कैंपस खोल दिए हैं।कॉलेजों ने हेल्थ सेंटर, स्टाफ रूम और गेस्ट रूम में गद्दे बिछाकर छात्रों के रहने की व्यवस्था की। परेशान छात्रों के लिए खाने और काउंसलिंग का भी इंतजाम किया गया।

इन DU कॉलेजों ने छात्रों के लिए खोले कैंपस

वेंकटेश्वर कॉलेज, मोतीलाल नेहरू कॉलेज, जीसस एंड मैरी कॉलेज, आत्माराम सनातन धर्म कॉलेज, मैत्रेयी कॉलेज, रामलाल आनंद कॉलेज, भगत सिंह कॉलेज और आर्यभट्ट कॉलेज समेत कई कॉलेजों ने छात्रों को शेल्टर और खाने की सुविधा देने के लिए नोटिस जारी किए। कॉलेज प्रिंसिपलों और साउथ कैंपस की डायरेक्टर रजनी अब्बी का एक WhatsApp ग्रुप भी बनाया गया है। इसका उद्देश्य हादसे से जुड़े अपडेट शेयर करना और छात्रों की मदद के लिए आपसी तालमेल बनाना है।

माता-पिता के लिए AICTE गेस्ट हाउस की सुविधा

अधिकारियों ने बताया कि यूनिवर्सिटी ने उन माता-पिता के लिए AICTE गेस्ट हाउस की सुविधा उपलब्ध कराई है, जिन्हें दिल्ली आने के बाद रहने की जगह की जरूरत है। महिला छात्रों को किसी भी कॉलेज में शेल्टर लेने की अनुमति दी गई है। वहीं, पुरुष छात्रों को ID वेरिफिकेशन के बाद उनके अपने कॉलेजों में ठहराया जा रहा है। कॉलेजों ने उन छात्रों के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं, जिन्हें खाना या रहने के लिए जगह चाहिए।

ये भी देखें : बहन की छींक सुन मां ने लाडले को दिल्ली जाने से रोका, पर होनी को तो कुछ और ही मंजूर था

NCC टीमों ने भी मदद के लिए बढ़ाया हाथ

कई कॉलेजों की NCC टीमों ने पानी, खाना और बेडशीट दान करने की अपील की। इसके बाद घटनास्थल पर जरूरी सामान भी बांटा गया। हादसे के बाद आसपास के कॉलेजों के छात्र वॉलंटियर्स भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने उन क्लासमेट्स को तलाशने की कोशिश की, जिनके गिरी हुई इमारत में रहने की आशंका थी। आत्माराम सनातन धर्म कॉलेज की फर्स्ट ईयर की छात्रा हर्षिका ने कहा, "हमारे कॉलेज के WhatsApp ग्रुप में हमारे कॉलेज के सीनियर स्टूडेंट्स की छह प्रोफाइल शेयर की गई थीं। हम उन्हें ही ढूंढने आए हैं।"

पड़ोस की बिल्डिंग में रहने वाले छात्रों में भी डर

गिरी हुई इमारत के आसपास रहने वाले छात्रों को भी अपने कमरे खाली करने पड़े। हादसे के बाद आसपास की इमारतों में रहने वाले छात्रों के बीच भी डर का माहौल बन गया। गिरी हुई बिल्डिंग के बगल वाली इमारत में रहने वाली ओडिशा की छात्रा अनन्या ने बताया कि उसकी बिल्डिंग झुक गई थी और बाद में उसे भी खाली करा लिया गया।उसने बताया, "अचानक जोरदार आवाज हुई। मैंने खिड़की खोली तो धूल का गुबार देखा। मुझे तुरंत समझ आ गया कि बिल्डिंग गिर गई है, इसलिए मैं अपनी जान बचाने के लिए भागी और बाहर आ गई।" इसके बाद अनन्या के माता-पिता ने उसे घर वापस बुला लिया।

मलबे में दबने से बचे छात्र को दी गई काउंसलिंग

वेंकटेश्वर कॉलेज में मलबे के नीचे दबने से बाल-बाल बचे एक छात्र की हालत बेहद खराब हो गई। वह रो-रोकर परेशान था, जिसके बाद उसे काउंसलर के पास ले जाया गया। कॉलेज के प्रिंसिपल वजला रवि ने बताया कि उन्होंने कैंपस में लाए गए बेघर छात्रों के साथ ही रात बिताई। उन्होंने कहा, "ये पुरानी इमारतें हैं जो खतरनाक हो गई हैं... हम छात्रों की मदद के लिए हर संभव कोशिश कर रहे हैं।"

Delhi Tragedy: बेटे का आखिरी वीडियो कॉल याद कर फफक पड़ी मां, सदमे से बेसुध हुई अक्षत की बहन

वेंकटेश्वर कॉलेज में 72 छात्रों ने बिताई रात

अधिकारियों के मुताबिक, 72 छात्र रात भर वेंकटेश्वर कॉलेज में रुके। इनमें 46 लड़के और 26 लड़कियां शामिल थीं। वहीं, करीब 50 छात्रों ने मोतीलाल नेहरू कॉलेज में रात बिताई। राम लाल आनंद कॉलेज ने भी करीब 50 छात्रों के रहने की व्यवस्था की थी, हालांकि खाना खाने के बाद ये छात्र वहां से चले गए। सोमवार सुबह तक कई अन्य छात्र अपने दोस्तों या रिश्तेदारों के घर चले गए।

कई PG खाली कराए गए, कुछ इमारतें सील

सत्य निकेतन और आसपास के इलाके में कई PG भी बंद कर दिए गए। यहां रहने वाले छात्रों को जगह खाली करने के लिए कहा गया। कुछ इमारतों की हालत को लेकर चिंता के बीच उन्हें सील भी कर दिया गया। DU ने अपने कॉलेजों को निर्देश दिया है कि वे एडमिशन रिकॉर्ड की जांच करें और प्रभावित इलाके में रहने वाले छात्रों की पहचान करें। ऐसे छात्रों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उन्हें कैंपस में शिफ्ट होने के लिए कहा गया है।

PREV

Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

Delhi Building Collapse : क्या दिल्ली बिल्डिंग हादसे में झूठ बोल रही सरकार? NSUI ने किया पर्दाफाश
Bihar Flood: चार नदियां उफान पर, कटिहार में बाढ़ का खौफनाक मंजर