डॉक्टर के इस्तीफे पर ₹42 लाख मांगने वाले अस्पताल को मद्रास हाईकोर्ट ने दिखा दी औकात!

Published : Feb 24, 2026, 11:15 AM IST
डॉक्टर के इस्तीफे पर ₹42 लाख मांगने वाले अस्पताल को मद्रास हाईकोर्ट ने दिखा दी औकात!

सार

मद्रास हाईकोर्ट ने कहा कि डॉक्टर फैक्ट्री मजदूर नहीं हैं और अस्पताल सेवा के लिए हैं, कारोबार नहीं। एक डॉक्टर के इस्तीफे पर ₹42 लाख मांगने वाली अस्पताल की याचिका खारिज कर उस पर ₹1 लाख का जुर्माना लगाया गया।

चेन्नई: मद्रास हाईकोर्ट ने एक मामले में सख्त टिप्पणी करते हुए कहा है कि डॉक्टर फैक्ट्री के मजदूर नहीं हैं. कोर्ट ने कहा कि अस्पताल सेवा के लिए होते हैं, उन्हें कारोबार की तरह नहीं चलाया जा सकता. अस्पताल न भी हों तो डॉक्टर काम कर सकते हैं, लेकिन डॉक्टरों के बिना अस्पताल नहीं चल सकते. यह पूरा मामला चेन्नई के एक प्राइवेट अस्पताल 'मद्रास इंस्टीट्यूट ऑफ ऑर्थोपेडिक्स एंड ट्रॉमेटोलॉजी' (MIOT) से जुड़ा है. यहां काम करने वाले कार्डियोलॉजिस्ट (हृदय रोग विशेषज्ञ) डॉ. बलरामण पलनियप्पन ने अस्पताल के खिलाफ एक याचिका दायर की थी, जिस पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने यह बातें कहीं.

यह विवाद तब शुरू हुआ जब डॉ. बलरामण ने अप्रैल 2025 में अस्पताल से इस्तीफा दे दिया. अस्पताल मैनेजमेंट ने उन पर दबाव बनाया कि वे तीन महीने का नोटिस पीरियड पूरा करें, नहीं तो 42 लाख रुपये हर्जाने के तौर पर जमा करें. इस मामले में अस्पताल की याचिका को कोर्ट ने खारिज कर दिया. इतना ही नहीं, कोर्ट ने अस्पताल पर 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया और यह रकम डॉक्टर को देने का आदेश दिया.

डॉक्टर से क्यों मांगे 42 लाख रुपये?

जस्टिस एन आनंद वेंकटेश ने इस केस में यह अहम फैसला सुनाया. अस्पताल का आरोप था कि डॉक्टर ने कॉन्ट्रैक्ट तोड़कर किसी दूसरे हॉस्पिटल में नौकरी करने का फैसला किया है, इसलिए उन्हें हर्जाना देना होगा. हालांकि, कोर्ट ने पाया कि डॉक्टर ने कायदे से नोटिस देकर ही इस्तीफा दिया था और उन्होंने कॉन्ट्रैक्ट के किसी भी नियम का उल्लंघन नहीं किया. कोर्ट ने कहा कि एक अस्पताल का डॉक्टर के प्रति ऐसा रवैया अपनाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है. ऐसा लगता है कि याचिकाकर्ता अस्पताल यह भूल गया है कि वह एक हॉस्पिटल चला रहा है, कोई फैक्ट्री नहीं. कोर्ट ने यह भी साफ किया कि किसी भी डॉक्टर को अपनी पसंद की जगह पर अपनी सेवाएं देने से नहीं रोका जा सकता.

PREV

Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

Mexico Violence: ड्रग लॉर्ड की मौत के बाद जल उठा मेक्सिको, कंपनी ने कर्मचारी को बचाने बुक कर डालीं सारी फ्लाइट्स!
Air Ambulance Crash: झारखंड के चतरा में एयर एंबुलेंस क्रैश, डॉ-नर्स, मरीज सब स्वाहा!