बैंक पहुंची बुजुर्ग महिला तो पता चला की वो मर चुकी है! सरकारी गलती से रुक गई पेंशन

Published : Jun 18, 2026, 05:05 PM IST
karnataka woman declared dead by mistake wrong death certificate pension ration stopped

सार

Karnataka Woman Declared Dead in Official Records by Mistake: कर्नाटक में बुजुर्ग महिला को मृत घोषित करने की वजह क्या थी? इस गलती का महिला पर क्या असर पड़ा? प्रशासन ने मामले में क्या कार्रवाई की और सोशल मीडिया पर खबर वायरल होने के बाद लोग क्या मांग कर रहें हैं ?

सरकारी दस्तावेजों में एक छोटी सी गलती कभी-कभी किसी व्यक्ति की पूरी जिंदगी को प्रभावित कर सकती है। कर्नाटक के हावेरी जिले से सामने आया एक मामला इसी सच्चाई की याद दिलाता है, जहां प्रशासनिक लापरवाही के कारण एक जीवित महिला को सरकारी रिकॉर्ड में मृत घोषित कर दिया गया। इसका नतीजा यह हुआ कि महिला की पेंशन, राशन और अन्य सरकारी सुविधाएं अचानक बंद हो गईं। यह मामला हावेरी जिले के शिग्गांव तालुका स्थित अत्तिगेरी गांव का है, जिसने स्थानीय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

मां के बजाय बेटी के नाम जारी कर दिया मृत्यु प्रमाण पत्र

जानकारी के अनुसार, बुजुर्ग महिला शिवगंगाव्वा तलल्ली की मां का हाल ही में निधन हो गया था। परिवार ने नियमानुसार मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने के लिए आवेदन किया था। लेकिन दस्तावेज तैयार करते समय अधिकारियों से बड़ी चूक हो गई। मृतक मां के नाम पर प्रमाण पत्र जारी करने के बजाय अधिकारियों ने जीवित बेटी शिवगंगाव्वा के नाम पर ही मृत्यु प्रमाण पत्र जारी कर दिया। इस गलती के कारण सरकारी रिकॉर्ड में शिवगंगाव्वा को मृत घोषित कर दिया गया।

बैंक पहुंचने पर सामने आई हैरान करने वाली सच्चाई

महिला को इस गंभीर गलती का पता तब चला जब वह बैंक में पैसे निकालने पहुंचीं। बैंक रिकॉर्ड में उन्हें मृत दिखाया जा रहा था। जांच करने पर सामने आया कि सरकारी दस्तावेजों में उनकी मृत्यु दर्ज हो चुकी है। इस एक गलती का असर सीधे उनकी रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ा। आधार कार्ड से जुड़ी सेवाएं प्रभावित हुईं, राशन कार्ड निष्क्रिय हो गया और वृद्धावस्था पेंशन समेत पति की पेंशन से मिलने वाले लाभ भी रुक गए।

राशन और आर्थिक मदद बंद होने से बढ़ी मुश्किलें

परिजनों का कहना है कि सरकारी सुविधाएं बंद होने के बाद महिला के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया। राशन और पेंशन बंद होने से उन्हें दैनिक जरूरतों को पूरा करने में भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। मामले की जानकारी मिलने के बाद परिवार ने ग्राम पंचायत और संबंधित विभागों में शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद अधिकारियों ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए रिकॉर्ड सुधारने की प्रक्रिया शुरू की।

कार्रवाई की मांग तेज

शिकायत के बाद प्रशासन ने एक सप्ताह के भीतर नया और सही मृत्यु प्रमाण पत्र जारी कर दिया। हालांकि तब तक महिला कई दिनों तक परेशानियों का सामना कर चुकी थीं। घटना के बाद गांव के लोगों में प्रशासन के खिलाफ नाराजगी देखी जा रही है। ग्रामीणों और परिजनों ने दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए कहा है कि ऐसी लापरवाही किसी भी नागरिक के अधिकारों और सम्मान को प्रभावित कर सकती है। यह मामला सरकारी रिकॉर्ड की सटीकता और जवाबदेही की अहमियत को एक बार फिर उजागर करता है।

PREV

Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

5 दिन के बच्चे तक का सौदा! दिल्ली पुलिस ने बेनकाब किया करोड़ों का बेबी-ट्रैफिकिंग रैकेट
'अब बच्चा पैदा करके ही बीच पर आएं?', बीच पर छाता लगाने का अजीब नियम