
‘खुद चाय बनाकर पिलाते थे...’ नाना पाटेकर की सादगी और दरियादिली का वो सच, जिसे याद कर मधुर भंडारकर भी भावुक हो गए। नाना पाटेकर के निधन की खबर से हिंदी और मराठी सिनेमा में शोक की लहर है। मुंबई में फिल्ममेकर मधुर भंडारकर ने नाना को याद करते हुए उनसे जुड़ी कई भावुक बातें साझा कीं। मधुर ने बताया कि नाना बेहद सादगी से रहने वाले इंसान थे और अक्सर फोन कर उनके काम की तारीफ और हौसला बढ़ाते थे। उन्होंने नाना के खुद चाय बनाकर पिलाने, गणपति की सजावट खुद करने और जरूरतमंदों व किसानों की मदद करने जैसे किस्से भी सुनाए। मधुर ने कहा कि नाना का अभिनय, बेबाक अंदाज, सादगी और आम लोगों के लिए किया गया काम आने वाली पीढ़ियों के लिए हमेशा प्रेरणा बना रहेगा।