Sita Badi: मंत्री की गोद में 17 दिन की बच्ची, अपना दूध पिलाते VIDEO ने मचाई हलचल, वजह जानकर भावुक हो जाएंगे

Bimla Kumari   | CMS
Published : Aug 18, 2026, 01:00 PM IST
Nepal Minister Sita Badi

सार

Nepal Minister Sita Badi: नेपाल की एक मंत्री की तस्वीर इंटरनेट पर खूब वायरल हो रही है. इस तस्वीर में मंत्री सीता बादी एक भूख से बिलखती बच्ची को अपना दूध पिलाती दिख रही हैं. उनकी इस दरियादिली और ममता की हर कोई तारीफ कर रहा है.

Sita Badi Viral Video: नेपाल की महिला, बालबालिका और वरिष्ठ नागरिक मंत्री सीता बादी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है। वीडियो में वह एक नवजात बच्ची को गोद में लेकर स्तनपान कराती नजर आ रही हैं। उनके इस कदम की लोग ममता और इंसानियत की मिसाल के तौर पर तारीफ कर रहे हैं।

बच्ची मंत्री की अपनी बेटी नहीं थी

इस घटना की सबसे खास बात यह है कि बच्ची सीता बादी की अपनी बेटी नहीं थी। महज 17 दिन की यह नवजात उन 20 बच्चों में शामिल थी, जिन्हें खराब परिस्थितियों के कारण काठमांडू के नक्साल स्थित बाल मंदिर केंद्र से रेस्क्यू किया गया था।

रोती बच्ची को शांत करने के लिए उठाया कदम

सीता बादी मेडिकल टीम के साथ बच्चों का हाल जानने पहुंची थीं। इसी दौरान एक 17 दिन की बच्ची लगातार रोने लगी। उसे शांत कराने की कोशिश की गई, लेकिन बच्ची चुप नहीं हुई। वहां उस समय न तो फॉर्मूला मिल्क उपलब्ध था और न ही उसे दूध पिलाने का कोई दूसरा इंतजाम था।

मंत्री ने गोद में लेकर पिलाया अपना दूध

बच्ची को रोता देख मंत्री सीता बादी ने उसे अपनी गोद में लिया और अपना दूध पिलाया। इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोग उनके इस कदम की सराहना कर रहे हैं। हालांकि, बच्ची को स्तनपान कराने का फैसला उस समय की तत्काल परिस्थिति में लिया गया था।

मेडिकल जांच में बच्चों में मिलीं कई परेशानियां

मेडिकल टीम ने रेस्क्यू किए गए बच्चों की जांच की तो कई बच्चों में स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं सामने आईं। इनमें आंखों का संक्रमण, त्वचा से जुड़ी परेशानियां और तेज खांसी जैसी समस्याएं शामिल थीं। मंत्री ने बच्चों की स्थिति का जायजा लेने के साथ उन्हें साफ करने और नहलाने में भी मदद की।

20 बच्चों को केंद्र से किया गया रेस्क्यू

सरकारी टीम ने 18 जुलाई को नेपाल चिल्ड्रन ऑर्गनाइजेशन के बाल मंदिर केंद्र से कुल 20 बच्चों को बाहर निकाला था। इनमें 12 लड़के और 8 लड़कियां शामिल थीं। इन बच्चों की उम्र करीब 15 दिन से लेकर 2 साल तक बताई गई है।

सीवेज का पानी बच्चों के कमरे में घुसा

बारिश के मौसम में बाल मंदिर केंद्र की स्थिति लगातार खराब हो रही थी। अधिकारियों के मुताबिक, एक कमरे में सीवेज का पानी घुस गया था, जहां दो साल से कम उम्र के बच्चों को रखा गया था। हालात बिगड़ने के बाद कर्मचारियों को बच्चों को प्रशासनिक कार्यालय में शिफ्ट करना पड़ा।

एक ही चटाई पर रखे गए थे कई बच्चे

रेस्क्यू टीम में शामिल अधिकारियों ने केंद्र की स्थिति को बेहद खराब बताया। उनके अनुसार, 20 छोटे बच्चों को एक ही फर्श की चटाई पर रखा गया था। बच्चों के आसपास सूखी इंस्टेंट नूडल्स भी बिखरी हुई थीं। सीवेज का पानी कमरे तक पहुंचने के कारण बच्चों को सुरक्षित स्थान पर ले जाना जरूरी हो गया।

कई विभागों की टीम ने मिलकर किया रेस्क्यू

बच्चों को केंद्र से बाहर निकालने की कार्रवाई में मंत्री के सचिवालय, काठमांडू मेट्रोपॉलिटन सिटी और नेपाल पुलिस समेत कई विभागों के अधिकारी शामिल थे। रेस्क्यू के बाद बच्चों की स्वास्थ्य स्थिति की जांच कर उन्हें बेहतर और सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराने की कोशिश की गई।

PREV

Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

Food and Drug Administration: छोटी गलती पर लाइसेंस सस्पेंड, हाईकोर्ट ने FDA को लगाई फटकार, अब देना होगा ₹5 लाख
AAP MLA Kidnapped: कौन हैं आप विधायक कुलदीप कुमार, जिनका हो गया 'अपरहरण'