राजस्थान में कांग्रेस के बाद भाजपा का दिवाली से पहले दिल्ली दरबार में बुलावा, जानिए क्या है वजह

Published : Oct 21, 2022, 06:30 PM IST
राजस्थान में कांग्रेस के बाद भाजपा का दिवाली से पहले दिल्ली दरबार में बुलावा, जानिए क्या है वजह

सार

राजस्थान में अभी तक जारी सियासी घमासान में कांग्रेस पार्टी का ही नाम आ रहा था। शुक्रवार के दिन अचानक बीजेपी नेताओं के लिए दिल्ली दरबार से बुलावा आया। भाजपा लीडर्स की गुटबाजी के बीच जेपी नड्डा ने कहा सभी केंद्र पहुंचे। शुक्रवार शाम को होगी बड़ी बैठक।

जयपुर. पिछले कुछ सप्ताह से मुख्यमंत्री पद और अन्य मामलों को लेकर कांग्रेस सरकार को घेरने वाली भारतीय जनता पार्टी आज खुद घिर गई है। भारतीय जनता पार्टी के नेताओं के लिए दिल्ली दरबार से बुलावा आया है और आज शाम को दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा राजस्थान के शीर्ष नेताओं के साथ बड़ी बैठक कर रहे  हैं। इस बैठक में कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हो रही है।  इन मुद्दों में सबसे बड़ा मुद्दा गुटबाजी का है।  गुटबाजी और अन्य मुद्दों पर होने वाली चर्चाओं में राजस्थान में पहली पंक्ति के तमाम भाजपा नेताओं को आवश्यक रूप से शामिल होने के लिए कहा गया है।

राज्य के बड़े नेता पहुंच रहे दिल्ली, खास मानी जा रही मीटिंग
इस बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया , भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया,  पूर्व प्रदेश अध्यक्ष ओम प्रकाश माथुर,  प्रदेश संगठन महामंत्री चंद्रशेखर, उप नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़, अर्जुन राम मेघवाल, केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत समेत 40 से भी ज्यादा दिग्गज भाजपा के नेता शामिल होने हैं। हिमाचल और उसके बाद आने वाले गुजरात चुनाव के बीच में राजस्थान की यह बैठक रखना महत्वपूर्ण माना जा रहा है । 

इन 3 कारणों से दिल्ली दरबार से आया है, भाजपाइयों का बुलावा
दरअसल पिछले कुछ दिनों से भारतीय जनता पार्टी में गुटबाजी सबके सामने आने लगी है। पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे देवी देवताओं के दरबार में अकेले ही धोक लगा रही है। वे अपने स्तर पर अपना शक्ति प्रदर्शन कर रही है। उन्हें देखते हुए भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने भी सीकर समेत कुछ जिलों में शक्ति प्रदर्शन किया है। इस पूरे घटनाक्रम के बारे में भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रभारी अरुण कुमार भी बोल चुके हैं कि सब को सब कुछ करने की आजादी है। इन मुद्दों से आगे निकलकर भारतीय जनता पार्टी के कई नेता अलग-अलग गुट बना रहे हैं। पिछले दिनों ओम प्रकाश माथुर जो कि भारतीय जनता पार्टी राजस्थान के पूर्व अध्यक्ष रह चुके हैं उन्होंने यह कहा कि मुख्यमंत्री का कोई चेहरा नहीं होगा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चेहरे पर ही राजस्थान में चुनाव लड़ा जाएगा।

दूसरा मुद्दा- यह है इस बैठक का कि पिछले दिनों जब भारतीय जनता पार्टी के शीर्ष नेताओं का प्रतिनिधिमंडल कांग्रेस में इस्तीफे के विवाद को लेकर विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी के पास पहुंचा था,  उस दल में पार्टी के सबसे वरिष्ठ नेता वसुंधरा राजे नहीं थी । उन्हें छोड़कर प्रतिनिधिमंडल अलग ही राह बनाता दिखाई दिया।

 तीसरा-  और सबसे महत्वपूर्ण मुद्दा यह है कि अगले महीने कांग्रेस सरकार अपने 4 साल पूरे होने का जश्न मना रही है । अगले साल होने वाले चुनावों से पहले सरकार का यह आखिरी बड़ा आयोजन होगा । इसमें जान फूंकने के लिए सरकारी मशीनरी का इस्तेमाल किया जा रहा है । भारतीय जनता पार्टी पहले ही कह चुकी है कि वह कांग्रेस सरकार की चौथी सालगिरह को ब्लैक डे के रूप में मनाएगी।  यानी इस दिन क्या-क्या काम करने हैं इसकी चर्चा भी आज दिल्ली में हो रही है।

 उम्मीद यही है कि आज भारतीय जनता पार्टी के आलाकमान से फटकार लगने के बाद अब मीडिया में भारतीय जनता पार्टी की गुटबाजी कम दिखाई देगी।

यह भी पढ़े- पंजाब: भगवंत मान सरकार का दीवाली पर कर्मचारियों को तोहफा, पुरानी पेंशन बहाली को मंजूरी

PREV

राजस्थान की राजनीति, बजट निर्णयों, पर्यटन, शिक्षा-रोजगार और मौसम से जुड़ी सबसे जरूरी खबरें पढ़ें। जयपुर से लेकर जोधपुर और उदयपुर तक की ज़मीनी रिपोर्ट्स और ताज़ा अपडेट्स पाने के लिए Rajasthan News in Hindi सेक्शन फॉलो करें — तेज़ और विश्वसनीय राज्य समाचार सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Recommended Stories

Jaipur Weather Update: घने कोहरे और शीतलहर से जूझती पिंक सिटी जयपुर, क्या है IMD का अलर्ट?
Cold Wave in Jaipur: राजस्थान में सर्दी का सितम, घने कोहरे में गायब हुआ जयपुर!