
Akhiri Roti Kise Khilaye: भारतीय परंपराओं में रसोई को सिर्फ खाना बनाने की जगह नहीं, बल्कि अन्नपूर्णा का स्थान माना गया है। यही वजह है कि हमारे बुजुर्ग भोजन और रोटी से जुड़े कई नियमों का पालन करने की सलाह देते हैं। आपने अक्सर सुना होगा कि घर में बनी पहली रोटी गाय को खिलानी चाहिए, लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि आखिरी रोटी किसे दी जाती है? जानिए घर में बनने वाली अंतिम रोटी से जुड़ी खास बातें...
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धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, रसोई की पहली रोटी गाय के लिए बनाई जाती है। गाय को पवित्र माना गया है और उसमें 33 कोटि देवी-देवताओं का वास बताया गया है। मान्यता है कि गाय को पहली रोटी खिलाने से घर में सुख-शांति बनी रहती है और अन्न की कभी कमी नहीं होती।
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रसोई में बनने वाली आखिरी रोटी कुत्ते को खिलाना चाहिए। बड़े बुजुर्गों की मानें तो कुत्ता यमराज का दूत माना गया है। इसके अलावा कुत्ते का संबंध भैरव से भी बताया जाता है। मान्यता है कि जो व्यक्ति नियमित रूप से आखिरी रोटी कुत्ते को खिलाता है, उसके घर पर आने वाली परेशानियां कम होती हैं और अकाल मृत्यु का भय भी दूर रहता है।
1. ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार, घर की अंतिम रोटी कुत्ते को खिलाने से शनिदेव प्रसन्न होते हैं। खासतौर पर शनिवार को काले कुत्ते को रोटी खिलाना शुभ माना जाता है।
2. जो व्यक्ति रोज घर की अंतिम रोटी कुत्ते रोटी खिलाता है, उस पर यमराज की कृपा बनी रहती है। इसे कुकर बलि भी कहा जाता है। ऐसा करने से घर में किसी की अकाल मृत्यु नहीं होती।
3. जो लोग भगवान भैरव की उपासना करते हैं, उन्हें भी रोज कुत्ते को घर में बनने वाली अंतिम रोटी खिलाना चाहिए। इससे इनके ईष्टदेव की कृपा इन पर बनी रहती है।
4. कुत्ते को रोटी खिलाने से घर में ऊपरी बाधाओं से भी बचा जा सकता है।
5. कुत्ते को रोटी खिलाने से केतु के अशुभ प्रभाव में भी कमी आती है।
Disclaimer
इस आर्टिकल में जो जानकारी है, वो धर्म ग्रंथों, विद्वानों और ज्योतिषियों से ली गईं हैं। हम सिर्फ इस जानकारी को आप तक पहुंचाने का एक माध्यम हैं। यूजर्स इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें।
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