Sankashti Chaturthi Chandrodaya Time Today: एकदंत संकष्टी चतुर्थी आज, जानें कब उदय होगा चंद्रमा?

Published : May 05, 2026, 09:20 AM IST
Sankashti Chaturthi Chandrodaya Time Today

सार

Chandrodaya Time Today: हर महीने के दोनों पक्षों की चतुर्थी तिथि पर भगवान श्रीगणेश को प्रसन्न करने के लिए व्रत किया जाता है। इस दिन चंद्रमा की पूजा का भी विधान है। चंद्रोदय होने के बाद ही ये व्रत पूर्ण होता है।

Ekdant Sankashti Chaturthi Chandrodaya Time Today: इस बार 5 मई, मंगलवार को ज्येष्ठ मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि का संयोग बना है। इसे एकदंत संकष्टी चतुर्थी कहते हैं। इस दिन भगवान श्रीगणेश के साथ चंद्रमा की पूजा भी की जाती है। चंद्रोदय के बाद महिलाएं चंद्रमा को अर्घ्य देती हैं और अपने व्रत के पूर्ण फल के लिए प्रार्थना करती हैं। 5 मई को एकदंत संकष्टी चतुर्थी पर चंद्रमा कब उदय होगा, जानिए उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. प्रवीण द्विवेदी से…

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एकदंत संकष्टी चतुर्थी चंद्रोदय का समय

पंचांग के अनुसार 5 मई, मंगलवार को एकदंत संकष्टी चतुर्थी पर चंद्रोदय रात 10 बजकर 35 मिनिट पर होगा। अलग-अलग शहरों में चंद्रोदय के समय में आंशिक अंतर आ सकता है। महिलाएं इस दिन व्रत करके शाम को पहले श्रीगणेश की पूजा करेंगी। इसके बाद चंद्रोदय होने पर चंद्रमा की। इसके बाद ही उनका ये व्रत पूर्ण होगा।

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संकष्टी चतुर्थी पर कैसे करें चंद्रमा की पूजा?

चंद्रमा के उदय होने पर महिलाएं सबसे पहले हाथ जोड़कर प्रणाम करें। इसके बाद कुमकुम, फूल और चावल आदि चीजें चढ़ाएं। अंत में शुद्ध जल से अर्घ्य देकर अपने व्रत के पूर्ण फल पाने के लिए प्रार्थना करें। अगर मन में कोई कामना हो तो वह भी बोल सकते हैं। इस तरह चंद्रमा की पूजा करने के बाद व्रती (व्रत करने वाले) पहले प्रसाद खाएं और फिर भोजन करें।

चंद्रमा दिखाई न दे तो क्या करें?

कईं बार आकाश में बादल होने के कारण चंद्रमा दिखाई नहीं देता। ऐसी स्थिति में क्या करें , ये प्रश्न सभी के मन में उठता है। विद्वानों की मानें तो जब भी कभी ऐसी स्थिति बने तो पंचांग में बताए गए चंद्रोदय समय के कुछ देर बाद चंद्रोदय की दिशा में पूजा करके भी ये व्रत पूर्ण कर सकते हैं।

चंद्रमा की पूजा के लाभ

चंद्रमा की पूजा से मन को शांति मिलती है। वैवाहिक जीवन में खुशहाली बनी रहती है। अगर कोई टेंशन है तो ‌वह भी दूर हो सकती है। जिन लोगों के जन्म कुंडली में चंद्रमा अशुभ है, उन्हें इस दिन चंद्रमा की विशेष पूजा करनी चाहिए। इससे उन्हें विशेष शुभ फल मिल सकते हैं।



Disclaimer
इस आर्टिकल में जो जानकारी है, वो धर्म ग्रंथों, विद्वानों और ज्योतिषियों से ली गईं हैं। हम सिर्फ इस जानकारी को आप तक पहुंचाने का एक माध्यम हैं। यूजर्स इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें।

 

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