Somnath Temple 1000 Years: कभी सोने तो कभी चांदी से बना मंदिर, 17 बार टूटा फिर भी खड़ा रहा सोमनाथ

Published : Jan 05, 2026, 01:41 PM IST

Somnath Temple 1000 Years: गुजरात के सोमनाथ मंदिर को ज्योतिर्लिंग में पहला माना जाता है। साल 2026 में मोहम्मद गजनवी के आक्रमण के 1000 साल पूरे होने के बीच मंदिर के ज्योतिर्लिंग पर आस्था आज भी बकरार है। जानिए सोमनाथ मंदिर का इतिहास और रोचक बातें।

PREV
16

सोमनाथ मंदिर: 12 ज्योतिर्लिंगों में पहला

गुजरात के अरब सागर तट पर प्राभास पाटन, वेरावल में स्थित सोमनाथ मंदिर भगवान शिव के 12 ज्योतिर्लिंगों में पहला है। इसका इतिहास कहानियों, आक्रमणों और पुनर्निर्माणों से भरा है और यह भारत की अडिग आस्था का प्रतीक है। 2026 में इस मंदिर पर महमूद गजनवी के 1026 के क्रूर हमले को 1,000 साल पूरे हो रहे हैं। कहा जाता है कि चंद्रदेव ने सोने का, सूर्यदेव ने चांदी का, भगवान कृष्ण ने चंदन का और भीमदेव ने पत्थर का मंदिर बनवाया। इस तरह मंदिर कई बार बनता और टूटता रहा।

26

भगवान शिव ने सोमनाथ में दूर किया था चंद्रदेव पर दक्ष प्रजापति का शाप

पुराणों के अनुसार, चंद्रदेव पर दक्ष प्रजापति का शाप था, जिसे भगवान शिव की कृपा से सोमनाथ में दूर किया गया। अरब यात्री अल-बिरूनी ने भी इस मंदिर की शोभा का जिक्र किया है। मंदिर का वैभव और धन लुटेरों को आकर्षित करता रहा। सातवीं शताब्दी में मत्रक राजाओं ने इसे फिर से बनाया, लेकिन 725 ईस्वी में सिंध के गवर्नर अल-जुनैद ने इसे ध्वस्त कर दिया। यादव राजाओं ने 649 ईस्वी में इसे फिर से खड़ा किया।

36

सोमनाथ मंदिर केविनाश का दौर और अडिग आस्था

इतिहास में इस मंदिर को 17 बार तोड़ा गया। गजनवी के हमले में 50,000 रक्षक मारे गए और लाखों की संपत्ति लुट ली गई। बाद में अलाउद्दीन खिलजी (1299), गुजरात के सुल्तान मुजाफ्फर (1395) और औरंगजेब ने भी इसे निशाना बनाया। हर बार हिंदू शासक जैसे भीमदेव और भोज ने इसे फिर से बनाया। ब्रिटिश काल में पुनर्निर्माण पर रोक लगी, जो स्वतंत्रता के बाद खत्म हुई।

46

सरदार पटेल की पहल और 1951 में सोमनाथ मंदिर का पुनर्निर्माण

1947 के बाद, सरदार वल्लभभाई पटेल ने मंदिर को फिर से बनाने की पहल की। उन्होंने देशभर से फंड इकट्ठा किया, जबकि तत्कालीन पीएम नेहरू थोड़े हिचकिचाए। 11 मई 1951 को राष्ट्रपति राजेंद्र प्रसाद ने चालुक्य शैली के नए मंदिर का उद्घाटन किया। 2026 में इसके 75 साल पूरे हो रहे हैं। मंदिर के 105 किलो से ज्यादा के सोने के पट्टे और साउंड-लाइट शो ने इसकी भव्यता और बढ़ा दी है।

56

सेामनाथ मंदिर 2026 की खासियत: 1,000 साल की मजबूती

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे 'नाश की कहानी नहीं, आत्म-सम्मान की गाथा' बताया। भोपाल के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने रुद्र पूजा कर प्राचीन ज्योतिर्लिंग दर्शन कराया और कहा कि यह मध्य प्रदेश के लिए भी सौभाग्य की बात है। अंबानी परिवार की यात्रा और Google Trends के अनुसार यह 2025 का टॉप स्पिरिचुअल हॉटस्पॉट भी बना।

66

सोमनाथ मंदिर की आधुनिक भव्यता और आस्था

50 मीटर ऊंचा यह मंदिर जटिल नक्काशियों के साथ हर साल लाखों श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है। यहां क्रूज, सीप्लेन और NSG ड्रिल जैसी सुविधाएं हैं। हाल ही में आसपास के 100 एकड़ क्षेत्र को अवैध कब्जे से मुक्त किया गया। यह देश के विकास और आस्था का प्रतीक है।

AT
About the Author

Anita Tanvi

अनीता तन्वी। मीडिया जगत में 15 साल से ज्यादा का अनुभव। मौजूदा समय में ये एशियानेट न्यूज हिंदी के साथ जुड़कर एजुकेशन सेगमेंट संभाल रही हैं। इन्होंने जुलाई 2010 में मीडिया इंडस्ट्री में कदम रखा और अपने करियर की शुरुआत प्रभात खबर से की। पहले 6 सालों में, प्रभात खबर, न्यूज विंग और दैनिक भास्कर जैसे प्रमुख प्रिंट मीडिया संस्थानों में राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय, ह्यूमन एंगल और फीचर रिपोर्टिंग पर काम किया। इसके बाद, डिजिटल मीडिया की दिशा में कदम बढ़ाया। इन्हें प्रभात खबर.कॉम में एजुकेशन-जॉब/करियर सेक्शन के साथ-साथ, लाइफस्टाइल, हेल्थ और रीलिजन सेक्शन को भी लीड करने का अनुभव है। इसके अलावा, फोकस और हमारा टीवी चैनलों में इंटरव्यू और न्यूज एंकर के तौर पर भी काम किया है।Read More...
Read more Photos on

Recommended Stories