जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने मराठी भाषा विवाद पर खुलकर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि जो लोग अपने घरों में बैठकर बिहारी मजदूरों को थप्पड़ मारने की बात करते हैं, वो बहादुर नहीं, असंवेदनशील हैं। PK ने राज-उद्धव गठबंधन पर भी निशाना साधा और कहा कि राजनीतिक नाटक के बीच हिंदीभाषियों की सुरक्षा सबसे अहम है। उन्होंने तेजस्वी यादव से भी सवाल पूछा कि क्या वो इस मुद्दे पर चुप रहेंगे?