MP High Court News: जबलपुर में लॉन्च हुए डिजिटल न्याय प्लेटफॉर्म, सीएम मोहन यादव ने गिनाईं खूबियां

Published : May 16, 2026, 03:38 PM IST
jabalpur Digital Justice Platform launch cm mohan yadav

सार

जबलपुर में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने मध्यप्रदेश हाईकोर्ट के नए डिजिटल प्लेटफॉर्म लॉन्च किए। इससे न्याय प्रक्रिया तेज, पारदर्शी और नागरिकों के लिए आसान बनेगी।

भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 16 मई को जबलपुर स्थित नेताजी सुभाष चंद्र बोस कल्चर एंड इंफॉर्मेशन सेंटर में आयोजित ‘फ्रेगमेंटेशन ऑफ फ्यूजन: एम्पावरिंग जस्टिस वाया यूनाइटेड डिजिटल प्लेटफॉर्म इंटीग्रेशन’ कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भारत की न्याय परंपरा का संबंध सम्राट विक्रमादित्य जैसे आदर्श शासकों से रहा है, जिनकी पारदर्शी और न्यायपूर्ण व्यवस्था आज भी प्रेरणा देती है।

सम्राट विक्रमादित्य के सुशासन का मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किया उल्लेख

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भारतीय ज्ञान परंपरा और प्राचीन भारत की न्याय प्रणाली का जिक्र करते हुए कहा कि सम्राट विक्रमादित्य ने सदैव जनता के हित में न्यायपूर्ण शासन चलाया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में तकनीक न्याय व्यवस्था को सरल और पारदर्शी बनाने का सबसे प्रभावी माध्यम बन चुकी है। दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र भारत में व्यवस्थाओं को व्यवस्थित बनाए रखने में न्याय तंत्र की अहम भूमिका है।

मध्यप्रदेश हाईकोर्ट के डिजिटल नवाचारों की सराहना

मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने तकनीकी नवाचारों के जरिए न्याय प्रक्रिया को आसान बनाया है। प्रदेश में मूक-बधिर नागरिकों के लिए मोबाइल एप्लीकेशन, कोर्ट आदेशों का डिजिटल सर्टिफिकेशन, फाइलों के त्वरित निराकरण और डिजिटल प्रबंधन जैसी व्यवस्थाएं लागू की गई हैं। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने साइबर तहसील सहित कई डिजिटल सेवाएं शुरू की हैं और मंत्री परिषद की बैठकों में भी ई-फाइल प्रणाली लागू की गई है।

केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल बोले- देश तेजी से बदल रहा

केंद्रीय विधि एवं कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा कि देश की न्याय व्यवस्था में यह ऐतिहासिक दिन है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश ईज ऑफ लीविंग और ईज ऑफ जस्टिस की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। सीसीटीएनएस, मूक-बधिरों के लिए एप्लीकेशन और एआई आधारित तकनीक न्याय व्यवस्था को मजबूत बना रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ट्रांसफॉर्म, रिफॉर्म और परफॉर्म की दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है।

सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने तकनीकी एकीकरण को बताया जरूरी

सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने कहा कि जिस तरह कई छोटी नदियां मिलकर मां नर्मदा का विशाल स्वरूप बनाती हैं, उसी तरह कोर्ट, पुलिस, जेल, फॉरेंसिक और मेडिको-लीगल सिस्टम का एकीकृत होना न्याय प्रक्रिया को मजबूत करेगा। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि न्यायपालिका भी अस्पतालों की तरह 24X7 सेवा देने की दिशा में आगे बढ़े ताकि नागरिकों को त्वरित राहत मिल सके।

डिजिटल न्याय प्रणाली से आम लोगों को मिलेगा लाभ

चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने मध्यप्रदेश हाईकोर्ट और राज्य सरकार की सराहना करते हुए कहा कि डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए बंदियों की समय पर रिहाई, अर्जेंट सुनवाई और कोर्ट आदेशों के डिजिटलीकरण जैसी सुविधाएं आसान होंगी। उन्होंने कहा कि आम लोगों के लिए न्यायिक सुविधाओं का यह विस्तार देशभर में लागू किए जाने योग्य मॉडल है।

न्यायिक प्रक्रियाओं को सरल बनाने की दिशा में बड़ा कदम

सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस आलोक अराधे ने कहा कि मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने न्यायिक प्रक्रियाओं को सरल बनाने की दिशा में नई शुरुआत की है। वहीं जस्टिस एन. कोटेश्वर सिंह ने कहा कि यह पहल पुलिस, अभियोजन और नागरिकों के लिए न्याय व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाएगी। जस्टिस प्रसन्ना बी. वराले ने कहा कि तकनीक से न्याय प्रक्रिया आसान हुई है, लेकिन जनरेटिव एआई के गलत उपयोग से सावधान रहने की जरूरत है।

डिजिटल और पेपरलेस न्याय व्यवस्था की ओर बढ़ता मध्यप्रदेश

सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा ने कहा कि न्याय व्यवस्था पुलिस, जेल, कोर्ट और फॉरेंसिक विभागों के सहयोग से चलती है। संस्थाओं के बीच बेहतर समन्वय से न्याय प्रक्रिया में तेजी आई है। उन्होंने कहा कि सिक्किम पूरी तरह डिजिटल और पेपरलेस न्याय व्यवस्था वाला राज्य बन चुका है और मध्यप्रदेश भी उसी दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

हाईकोर्ट चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा ने लॉन्च किए डिजिटल प्लेटफॉर्म

मध्यप्रदेश हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा ने कहा कि नए डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए अब फरियादियों को फैसलों की कॉपी के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि यह प्लेटफॉर्म पारदर्शिता बढ़ाने और न्याय प्रक्रिया को तेज करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

कार्यक्रम में लॉन्च हुए कई नए डिजिटल सिस्टम

CLASS लाइव स्ट्रीमिंग सिस्टम लॉन्च

मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने लाइव वीडियो स्ट्रीमिंग के लिए CLASS (कोर्टरूम लाइव ऑडियो-विजुअल स्ट्रीमिंग सिस्टम) लॉन्च किया। यह ओटीटी स्टाइल डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जिससे लाइव स्ट्रीमिंग पर हाईकोर्ट का सीधा नियंत्रण रहेगा।

नया हाईकोर्ट पोर्टल और ‘प्रथम’ सिस्टम शुरू

कार्यक्रम में हाईकोर्ट का नया पोर्टल लॉन्च किया गया, जहां जज, वकील और फरियादियों को कोर्ट ऑर्डर, बेल एप्लीकेशन और अन्य दस्तावेज आसानी से उपलब्ध होंगे। साथ ही एआई आधारित डिजिटल डेटा मैनेजमेंट सिस्टम ‘प्रथम’ भी शुरू किया गया।

डिजिटल कॉपी सिस्टम और ऑनलाइन क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम की शुरुआत

कॉपीइंग ऑटोमेशन एंड ज्यूडिशियल इन्फॉर्मेशन डिसेमिनेशन सिस्टम की शुरुआत भी की गई, जिससे कोर्ट आदेशों की प्रमाणित कॉपी आसानी से मिल सकेगी। प्री-मैच्योर प्रिजनर रिलीज के लिए ऑनलाइन क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम भी लॉन्च किया गया।

संकेत वाणी ऐप और ज्योति जर्नल 2.0 लॉन्च

कार्यक्रम में वाक एवं श्रवण बाधित नागरिकों के लिए ‘संकेत वाणी’ मोबाइल एप लॉन्च किया गया। इसके अलावा मध्यप्रदेश ज्यूडिशियल एकेडमी द्वारा तैयार ‘ज्योति जर्नल 2.0’ सॉफ्टवेयर भी लॉन्च किया गया।

बड़ी संख्या में न्यायिक और प्रशासनिक अधिकारी रहे मौजूद

कार्यक्रम में मुख्य सचिव, न्यायाधीश, पुलिस अधिकारी, न्यायिक प्राधिकरण से जुड़े प्रशिक्षु, स्थानीय जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में वकील उपस्थित रहे।

PREV

मध्य प्रदेश में सरकारी नीतियों, योजनाओं, शिक्षा-रोजगार, मौसम और क्षेत्रीय घटनाओं की अपडेट्स जानें। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर सहित पूरे राज्य की रिपोर्टिंग के लिए MP News in Hindi सेक्शन पढ़ें — सबसे भरोसेमंद राज्य समाचार सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

MP News: जल संरक्षण में अग्रणी बना मध्यप्रदेश, सीएम मोहन यादव ने गिनाईं जल गंगा अभियान की उपलब्धियां
IMD Heatwave Forecast: 45 डिग्री के साथ बांदा-आगरा आज सबसे गर्म, यूपी से एमपी तक उबलेंगे ये 15 शहर