पीएम मोदी ने दिखाई बनारस से नई दिल्ली तक दूसरी वंदे भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी, देखिए पूरा टाइमटेबल

Published : Dec 18, 2023, 10:28 PM ISTUpdated : Dec 18, 2023, 11:46 PM IST
vande bharat

सार

वाराणसी-नई दिल्ली वंदे भारत एक्सप्रेस के अलावा दोहरीघाट-मऊ मेमू ट्रेन और लॉन्ग हॉल मालगाड़ियों की एक जोड़ी को प्रधान मंत्री ने नए उद्घाटन किए गए डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर में हरी झंडी दिखाई।

PM Modi second Vande Bharat from Varanasi to Delhi: वाराणसी से नई दिल्ली तक एक और वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन को शुरू किया गया है। पीएम नरेंद्र मोदी ने सोमवार को इस वंदे भारत ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। वाराणसी-नई दिल्ली वंदे भारत एक्सप्रेस के अलावा दोहरीघाट-मऊ मेमू ट्रेन और लॉन्ग हॉल मालगाड़ियों की एक जोड़ी को प्रधान मंत्री ने नए उद्घाटन किए गए डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर में हरी झंडी दिखाई। इस कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण बनारस लोकोमोटिव वर्क्स द्वारा बनाया गया 10,000वां लोकोमोटिव था।

मेक इन इंडिया इनिशिएटिव का हिस्सा है वंदे भारत एक्सप्रेस

यूपी की आध्यात्मिक राजधानी बनारस से देश की राजधानी नई दिल्ली के बीच वंदे भारत एक्सप्रेस, 'मेक इन इंडिया' पहल का प्रतीक है। 20 दिसंबर से नियमित परिचालन शुरू करने वाली यह ट्रेन वाराणसी, प्रयागराज, कानपुर और नई दिल्ली को जोड़ेगी, जो तीर्थयात्रियों और पेशेवरों के लिए एक तेज और आधुनिक यात्रा विकल्प प्रदान करेगी।

वंदे भारत ट्रेन एक सेमी हाईस्पीड ऑटोमेटिक ट्रेन है। यह अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस है। बनारस से चलने वाली यह दूसरी वंदे भारत, सुबह 6:00 बजे वाराणसी से प्रस्थान करके प्रयागराज, कानपुर सेंट्रल और अंत में नई दिल्ली पहुंचेगी। इससे कनेक्टिविटी बढ़ेगी और क्षेत्र में सांस्कृतिक, औद्योगिक और आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा। यह ट्रेन, नई दिल्ली से दोपहर 3:00 बजे शुरू होगी जो रात 11:05 बजे वाराणसी में समाप्त होगी।

डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर

इसके समानांतर न्यू दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन से न्यू भाऊपुर जंक्शन तक ईस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के 402 किलोमीटर लंबे हिस्से का समर्पण लॉजिस्टिक्स क्षेत्र को मजबूत करेगा। 10,903 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित यह कॉरिडोर झारखंड और पश्चिम बंगाल के कोयला क्षेत्रों को उत्तरी भारत के बिजली संयंत्रों से जोड़ता है। इस गलियारे पर 100 किमी/घंटा तक की गति से चलने वाली मालगाड़ियों ने रसद लागत और समय को काफी कम कर दिया है जिससे कोयला, लोहा और इस्पात जैसे उद्योगों को लाभ हुआ है।

इस खंड के पूरा होने से न केवल दिल्ली-हावड़ा मुख्य लाइन पर दबाव कम होगा बल्कि अतिरिक्त यात्री ट्रेन सेवाओं और न्यू कानपुर जंक्शन के पास एक मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स पार्क के डेवलपमेंट की राह भी खोलेगा।

यह भी पढ़ें:

प्रो.मनोज झा, अधीर रंजन चौधरी, महुआ-गौरव गोगोई सहित 79 सांसद सस्पेंड-See List

PREV

उत्तर प्रदेश में हो रही राजनीतिक हलचल, प्रशासनिक फैसले, धार्मिक स्थल अपडेट्स, अपराध और रोजगार समाचार सबसे पहले पाएं। वाराणसी, लखनऊ, नोएडा से लेकर गांव-कस्बों की हर रिपोर्ट के लिए UP News in Hindi सेक्शन देखें — भरोसेमंद और तेज़ अपडेट्स सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

अब 8 घंटे नहीं, 3.5 घंटे में काशी दर्शन! दिल्ली-वाराणसी बुलेट ट्रेन होगी गेम चंगेर?
Success Story: साइकिल से इंटरनेशनल यूथ आइकॉन बने बागपत के अमन कुमार, युवाओं के लिए मिसाल