Gyanvapi ASI Survey की पिटीशन स्वीकार, क्या पूरे कैंपस का होगा सर्वे? ठीक एक साल पहले मिली थी शिवलिंग सी आकृति

Published : May 16, 2023, 04:26 PM ISTUpdated : May 16, 2023, 04:28 PM IST
Gyanvapi ASI Survey

सार

वाराणसी की जिला अदालत ने ज्ञानवापी मंदिर के पूरे परिसर की एएसआई सर्वे कराने की रिट स्वीकार कर ली है। अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन ने यह याचिका दाखिल की थी। अदालत ने अंजुमन इंतेज़ामिया और यूपी सरकार को 19 मई तक आपत्ति दाखिल करने का समय दिया है।

वाराणसी। वाराणसी की जिला अदालत ने ज्ञानवापी मंदिर के पूरे परिसर की एएसआई सर्वे कराने संबंधी रिट स्वीकार कर ली है। अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन ने यह याचिका दाखिल की थी। अदालत ने अंजुमन इंतेज़ामिया और यूपी सरकार को 19 मई तक आपत्ति दाखिल करने का समय दिया है। मामले की अगली सुनवाई 22 मई को होगी। हालांकि याचिका स्वीकार किए जाने के तुंरत बाद मुस्लिम पक्षकारों ने इसका विरोध शुरु कर दिया है। बताया जा रहा है कि एएसआई सर्वे के विरोध में मुस्लिम पक्षकारों की तरफ से 19 मई को याचिका दाखिल की जाएगी।

22 मई को अगली सुनवाई

ज्ञानवापी श्रृंगार गौरी केस के अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन ने बताया कि हमने कथित मस्जिद के पूरे कैंपस के ग्राउंड पेनेट्रेटिंग रडार से सर्वे किया जाने के लिए अर्जी दी थी। जिला अदालत वाराणसी ने इस मामले में अंजुमन इंतेज़ामिया और यूपी सरकार को 19 मई तक अदालत में अपनी आपत्ति दर्ज कराने का निर्देश दिया है। मामले की अगली सुनवाई 22 मई को होगी। आपको बता दें कि हिंदू पक्षकार की तरफ से यह दावा किया जा रहा है कि कोर्ट ने उनकी पूरे ज्ञानवापी कैंपस की एएसआई सर्वे की याचिका स्वीकार कर ली है।

शिवंलिंग वाली आकृति मिले पूरे हो गए एक साल

आपको बता दें कि ज्ञानवापी मंदिर परिसर में कोर्ट ​कमिश्नर के सर्वे के दौरान शिवलिंगनुमान आकृति पाई गई थी। उस आकृति को मिले एक साल पूरे हो गए। इस मौके पर ज्ञानवापी केस की वादिनी महिलाओं के साथ अधिवक्ता विष्णुशंकर जैन ने बाबा विश्वनाथ का दर्शन पूजन किया। नंदी के पास स्थित शिवालय में रूद्राभिषेक भी कराया। उसी समय पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि वह पूरे ज्ञानवापी परिसर की एएसआई (आर्कियोलाजिकल सर्वे आफ इंडिया) सर्वे कराने को लेकर कोर्ट में रिट दाखिल करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि सिर्फ शिवलिंग नुमा आकृति ही नहीं बल्कि पूरे कैंपस की साइंटिफिक जांच होगी। तब सच सामने आएगा। उन्होंने कहा कि उच्चतम न्यायालय ने आदि विश्वेश्वर की एएसआई साइंटिफिक जांच का आदेश दिया है न कि कार्बन डेटिंग का। इसमें कोई तोड़फोड़ नहीं होगी।

PREV

उत्तर प्रदेश में हो रही राजनीतिक हलचल, प्रशासनिक फैसले, धार्मिक स्थल अपडेट्स, अपराध और रोजगार समाचार सबसे पहले पाएं। वाराणसी, लखनऊ, नोएडा से लेकर गांव-कस्बों की हर रिपोर्ट के लिए UP News in Hindi सेक्शन देखें — भरोसेमंद और तेज़ अपडेट्स सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Recommended Stories

सिंगापुर में CM योगी का संबोधन- 'बदला उत्तर प्रदेश, 9 साल में तीन गुना अर्थव्यवस्था, नया यूपी विकास और निवेश का केंद्र'
CM Yogi Singapore Visit: पहले दिन 19,877 करोड़ निवेश, स्किल डेवलपमेंट, डेटा सेंटर और ग्रीन एनर्जी पर जोर