अमेरिका, फ्रांस, जर्मनी, यूके, EU ने बढ़ाया मदद को हाथ, मेडिकल ऑक्सीजन से लेकर अन्य डिवाइस भेजने का ऐलान

Published : Apr 25, 2021, 10:36 PM ISTUpdated : Apr 26, 2021, 12:37 AM IST
अमेरिका, फ्रांस, जर्मनी, यूके, EU ने बढ़ाया मदद को हाथ, मेडिकल ऑक्सीजन से लेकर अन्य डिवाइस भेजने का ऐलान

सार

भारत को कोरोना महामारी से लड़ने के लिए यूके का साथ मिल गया है। यूके ने भारत की मदद करते हुए 600 मेडिकल डिवाइस भेजा है, जिसमें ऑक्सीजन कन्सेन्ट्रेटर, वेंटीलेटर भी शामिल है। यूके के विदेश मंत्री ने बताया कि मंगलवार तक मेडिकल डिवाइस की पहली खेप भारत पहुंच जाएगी।   

नई दिल्ली। भारत को कोरोना महामारी से लड़ने के लिए यूके, जर्मनी, अमेरिका, फ्रांस का साथ मिल गया है। यूके ने भारत की मदद करते हुए 600 मेडिकल डिवाइस भेजा है, जिसमें ऑक्सीजन कन्सेन्ट्रेटर, वेंटीलेटर भी शामिल है। यूके के विदेश मंत्री ने बताया कि मंगलवार तक मेडिकल डिवाइस की पहली खेप भारत पहुंच जाएगी।  

फ्रांस भी आया मदद को आगे आया

फ्रांस ने भी मदद को हाथ आगे बढ़ाया है। फ्रांस ने भारत को मेडिकल ऑक्सीजन आदि देने का ऐलान किया है।

जर्मनी देगा मेडिकल ऑक्सीजन

भारत को महामारी से लड़ने में मदद के लिए बेड, मेडिकल ऑक्सीजन आदि के लिए जर्मनी ने ऐलान किया है। जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल ने यह ऐलान किया है। 

यूएसए ने राॅ मटेलियल्स देने का किया ऐलान, मदद को सीडीसी की टीम भी आएगी

अमेरिका ने वैक्सीन बनाने के लिए भारत को राॅ मटेरियल्स आदि की मदद का आश्वासन दिया है। यूएसए के सुरक्षा सलाहकार जेक सुलिवान ने भारत के एनएसए अजीत डोभाल से वार्ता के बाद यह ऐलान किया। अमेरिका अपने सीडीसी की भी एक टीम भारत में भेजने जा रहा है जोकि यहां की हेल्थ मिनिस्ट्री व अन्य के सहयोग से महामारी को नियंत्रित करने में मदद करेगी। 

 

इस मुश्किल वक्त में हम भारत के साथ खड़े हैंः बोरिस जाॅनसन

 

 

यूके के प्रधानमंत्री बोरिस जाॅनसन ने कहा है कि कोविड से लड़ने के लिए हम भारत के साथ खड़े हैं। हम भारत के इस मुश्किल वक्त में एक दोस्त व सहयोगी की तरह हर संभव मदद करेंगे।

Read this also:

Varun 2021: अरब सागर में भारत-फ्रांस मिलकर दिखाएंगे ताकत, नौसेना अभ्यास शुरू

100 दिनों में 14 करोड़ से अधिक वैक्सीनेशन पूरा, 70 प्रतिशत वैक्सीनेशन से थमेगी तीसरी लहर

Good News: 11 राज्यों में एक भी मौतें नहीं, राष्ट्रीय मृत्युदर भी हुई कम

 

PREV

अंतरराष्ट्रीय राजनीति, ग्लोबल इकोनॉमी, सुरक्षा मुद्दों, टेक प्रगति और विश्व घटनाओं की गहराई से कवरेज पढ़ें। वैश्विक संबंधों, अंतरराष्ट्रीय बाजार और बड़ी अंतरराष्ट्रीय बैठकों की ताज़ा रिपोर्ट्स के लिए World News in Hindi सेक्शन देखें — दुनिया की हर बड़ी खबर, सबसे पहले और सही तरीके से, सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Recommended Stories

Trump Iran Tariff Impact: भारत का $1.7 बिलियन का व्यापार क्या खतरे में है?
ट्रंप का ईरान पर 25% अमेरिकी टैरिफ, कौन-कौन से देश होंगे सबसे ज्यादा प्रभावित? देखिए पूरी लिस्ट