सुशांत सिंह राजपूत (Sushant Singh Rajput) की मौत को 4 महीने से भी ज्यादा का वक्त गुजर चुका है, लेकिन जांच अब तक किसी नतीजे पर नहीं पहुंची है। इसी बीच, गृहमंत्री अमित शाह (Amit Shah) का कहना है कि महाराष्ट्र सरकार ने अगर सुशांत का केस पहले ही सीबीआई को सौंप दिया होता तो बात ही खत्म हो जाती।

मुंबई। सुशांत सिंह राजपूत (Sushant Singh Rajput) की मौत को 4 महीने से भी ज्यादा का वक्त गुजर चुका है, लेकिन जांच अब तक किसी नतीजे पर नहीं पहुंची है। इसी बीच, गृहमंत्री अमित शाह (Amit Shah) का कहना है कि महाराष्ट्र सरकार ने अगर सुशांत का केस पहले ही सीबीआई को सौंप दिया होता तो बात ही खत्म हो जाती। बता दें कि अमित शाह ने जी न्यूज के एडिटर इन चीफ सुधीर चौधरी के उस सवाल के जवाब में ये बात कही, जिसमें उन्होंने शाह से पूछा कि क्या सुशांत की मौत का मामला बिहार चुनाव में मुद्दा बनेगा?

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अमित शाह ने कहा- हो सकता है कि कुछ लोग इस मुद्दे पर भी वोट डालें। मगर इतना विवाद हुआ और मुझे हैरानी इस बात की है कि महाराष्ट्र सरकार ने पहले क्यों नहीं इसे सीबीआई को सौंप दिया। सुप्रीम कोर्ट को इस पर फैसला करना पड़ा। बात बड़ी हो गई। अगर सुशांत के परिवार की मांग थी और पहले से ही इस केस को सीबीआई को दे देते तो बात खत्म हो जाती।

जब शाह से पूछा गया कि एनसीबी (नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो), सीबीआई और एम्स उनके अंडर में हैं तो क्या उन्होंने किसी को कोई निर्देश दिया था? जवाब में उन्होंने कहा- मेरे निर्देश देने का कोई सवाल ही पैदा नहीं होता। सभी संस्थाएं स्वतंत्र रूप से जांच कर रही हैं। भारत सरकार, कम से कम नरेंद्र मोदी सरकार ऐसी चीजों में यकीन नहीं रखती है कि हम एजेंसी की जांच के अंदर कोई राजनीतिक निर्देश दें। 

बता दें कि 14 जून को सुशांत का शव मुंबई स्थित उनके किराए के घर में सीलिंग फेन से लटका मिला था। 25 जुलाई को पटना में एफआईआर दर्ज कराने के बाद सुशांत के पिता केके सिंह ने बिहार सरकार से मामले की जांच सीबीआई से कराने की गुहार लगाई थी। महाराष्ट्र सरकार ने इस पर आपत्ति जताई थी, जिसके बाद मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा था।