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जिस अफसर के DIG रहते हुआ था सबसे बड़ा हमला, बीजापुर में वही था IG नक्सल ऑपरेशन

नलिन प्रभात आंध्र प्रदेश कैडर के 1992 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं। वो राष्ट्रपति के गैलेन्टरी अवॉर्ड से भी सम्मानित किए जा चुके हैं। उन्हें यह अवॉर्ड 2008 में जम्मू कश्मीर में चार आतंकियों को मार गिराने के लिए दिया गया था।

Questions against crpf ig nalin prabhat after martyrdom of soldiersPWA
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Bijapur, First Published Apr 5, 2021, 6:33 PM IST
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बीजापुर, छत्तीसगढ़.  छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में नक्सली हमले के कारण सीआरपीएफ (CRPF) के 23 जवान शहीद हो गए। शहीदों की शहादत की खबर के बीच एक अधिकारी नलिन प्रभात का नाम चर्चा में है। नलिन प्रभात इस समय आईजी (IG) नक्सल ऑपरेशन हैं। आज से ठीक 11 साल पहले जब छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में अभी तक का सबसे बड़ी नक्सली हमला हुआ था तो उस समय नलिन प्रभात DIG थे।  

11 साल पहले हुआ था हमला
छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में करीब 11 साल पहले नक्सलियों ने सीआरपीएफ के कैंप पर हमला बोला था। इस हमले में सीआरपीएफ के 76 जवान शहीद हो गए थे। दरअसल, 6 अप्रैल 2010 को दंतेवाड़ा जिले के ताड़मेटला में नक्सलियों ने हमला बोला था। सीआरपीएफ के चिंतलनार कैंप के 150 जवानों को DIG नलिन प्रभात ने ही आदेश देकर 72 घंटे के एरिया सैनिटाइजेशन करने को कहा था। जब जवान वापस लौट रहे थे तभी नक्सलियों ने हमला कर दिया था जिस कारण 76 जवान शहीद हो गए थे। 

क्यों उठ रहे हैं सवाल
दरअसल, इस हमले के बाद कई तरह के सवाल उठ रहे हैं। नलिन प्रभात की दक्षता और उन पर मेहरबानी को लेकर भी सवाल किए जा रहे हैं। दैनिक भास्कर की खबर के अनुसार,  2010 में हुए हमले के बाद मामले की कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी के साथ-साथ गृह मंत्रालय की राममोहन कमेटी ने भी जांच की थी। जांच में CRPF के तत्कालीन IG रमेश चंद्रा,  DIG नलिन प्रभात,  62 बटालियन के कमांडर एके बिष्ट और इंस्पेक्टर संजीव बांगड़े दोषी पाए गए थे। सुरक्षा के बिना फोर्स को सैनिटाइजेशन के लिए भेजने का आरोप लगा था। जांच के बाद इन चारों अधिकारियों का तबादला कर दिया गया था।

छत्तीसगढ़ के अब तक के सबसे बड़े नक्सली हमले
23 मार्च 2020:  सुकमा में नक्सली हमले में 17 पुलिसकर्मी शहीद हो गए थे
9 अप्रैल 2019:  दंतेवाड़ा में बीजेपी विधायक के काफिले पर हमला किया था। विधायक भीमा मंडवी समेत 3 पुलिसकर्मी शहीद हुए थे।
13 मार्च 2018: सुकमा में CRPF के 9 जवान शहीद हो गए थे।
24 अप्रैल 2017: सुकमा में नक्सली हमले में CRPF के 25 जवान शहीद।
12 मार्च 2017: सुकमा में नक्सली हमले में CRPF के 12 जवान शहीद।
1 दिसंबर 2014: सुकमा में हमले में CRPF के 14 जवान शहीद हो गए थे.
25 मई 2013: सुकमा के दरभा घाटी में नक्सलियों ने बड़ा हमला किया था। इस हमले में छत्तीसगढ़ कांग्रेस समेत 25 कांग्रेस नेताओं की हत्या कर दी गई थी।
29 जून 2010: नारायणपुर में नक्सली हमले में CRPF के 26 जवान शहीद हो गए थे।
6 अप्रैल 2010: दंतेवाड़ा में नक्सली हमले में एक 1 पुलिसकर्मी समेत CRPF के 75 जवान शहीद हो गए थे। 

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