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जिस फिल्म से Amitabh Bachchan बने एंग्री यंगमैन, आखिर क्यों धर्मेंद्र ने ठुकराया उसे, 50 साल बाद खोला राज

First Published Apr 24, 2021, 8:50 AM IST
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मुंबई. बॉलीवुड सेलेब्स से जुड़े कहानी-किस्से, थ्रोबैक फोटोज और वीडियोज सोशल मीडिया पर अक्सर वायरल होते रहते हैं। 85 साल के धर्मेंद्र (Dharmendra) अक्सर सोशल मीडिया पर अपनी करियर और लाइफ को लेकर खुलासे करते रहते हैं। धर्मेंद्र इस बार फिर खुलासा किया है। हाल ही में स्पॉटब्वॉय को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) की फिल्म जंजीर और राजेश खन्ना (Rajesh Khanna) की फिल्म आनंद को लेकर बात की। शायद कम ही लोग जानते हैं कि जिस फिल्म ने अमिताभ को एंग्री यंगमैन बनाया वो फिल्म पहले धर्मेंद्र को ऑफर हुई थी। ऐसा ही कुछ आनंद के साथ रहा। धर्मेंद्र यह दोनों ही ब्लॉकबस्टर फिल्म नहीं कर पाए। 

धर्मेंद्र ने कहा- आपको जानकार हैरानी होगी की प्रकाश मेहरा की जंजीर मेरा प्रोजेक्ट था। मैं फिल्म करने के लिए पूरी तरह से तैयार था लेकिन मैं किसी पर्सनल वजह से फिल्म नहीं कर पाया। 

धर्मेंद्र ने कहा- आपको जानकार हैरानी होगी की प्रकाश मेहरा की जंजीर मेरा प्रोजेक्ट था। मैं फिल्म करने के लिए पूरी तरह से तैयार था लेकिन मैं किसी पर्सनल वजह से फिल्म नहीं कर पाया। 

बता दें कि 1973 में आई प्रकाश मेहरा की जंजीर में अमिताभ बच्चन लीड रोल में थे और फिल्म सुपरहिट हुई थी। ये फिल्म उनके लाइफ का टर्निंग प्वाइंट रही। इस फिल्म ने उन्हें एंग्री यंगमैन का टाइटल दिया। इसके बाद उन्होंने कई सुपरहिट फिल्मों में काम किया। 

बता दें कि 1973 में आई प्रकाश मेहरा की जंजीर में अमिताभ बच्चन लीड रोल में थे और फिल्म सुपरहिट हुई थी। ये फिल्म उनके लाइफ का टर्निंग प्वाइंट रही। इस फिल्म ने उन्हें एंग्री यंगमैन का टाइटल दिया। इसके बाद उन्होंने कई सुपरहिट फिल्मों में काम किया। 

धर्मेंद्र ने कहा- मैंने अपने दिल को हमेशा अपने दिमाग पर हावी की अनुमति दी। सिर्फ एक ही जंजीर क्यों? मैंने भावुकता की वजह से जंजीर जैसी कई फिल्मों को जाने दिया। 

धर्मेंद्र ने कहा- मैंने अपने दिल को हमेशा अपने दिमाग पर हावी की अनुमति दी। सिर्फ एक ही जंजीर क्यों? मैंने भावुकता की वजह से जंजीर जैसी कई फिल्मों को जाने दिया। 

उन्होंने फिल्म आनंद को लेकर कहा- ऋषि दा मेरे करीबी दोस्त थे। हमने साथ में कई फिल्में कीं। अनुपमा, सत्यकाम, गुड्डी, चुपके-चुपके। सत्यकाम उनकी और मेरी फेवरिट फिल्म थी। आनंद भी ऑफर हुई थी लेकिन यह फिल्म भी मैं नहीं कर पाया।

उन्होंने फिल्म आनंद को लेकर कहा- ऋषि दा मेरे करीबी दोस्त थे। हमने साथ में कई फिल्में कीं। अनुपमा, सत्यकाम, गुड्डी, चुपके-चुपके। सत्यकाम उनकी और मेरी फेवरिट फिल्म थी। आनंद भी ऑफर हुई थी लेकिन यह फिल्म भी मैं नहीं कर पाया।

एक मजेदार किस्सा सुनाते हुए धर्मेंद्र ने बताया- ऋषिकेश मुखर्जी ने मुझे फिल्म आनंद की कहानी तब सुनाई थी जब हम साथ में फ्लाइट में ट्रैवल कर रहे थे। हम बेंगलुरू से वापस आ रहे थे। तो उन्होंने मुझसे कहा कि हम अब ये करने जा रहे हैं और हम ये करेंगे। फिर बाद में मुझे पता चला कि फिल्म तो राजेश खन्ना के साथ शुरू कर दी गई है।

एक मजेदार किस्सा सुनाते हुए धर्मेंद्र ने बताया- ऋषिकेश मुखर्जी ने मुझे फिल्म आनंद की कहानी तब सुनाई थी जब हम साथ में फ्लाइट में ट्रैवल कर रहे थे। हम बेंगलुरू से वापस आ रहे थे। तो उन्होंने मुझसे कहा कि हम अब ये करने जा रहे हैं और हम ये करेंगे। फिर बाद में मुझे पता चला कि फिल्म तो राजेश खन्ना के साथ शुरू कर दी गई है।

धर्मेंद्र ने बताया-जब पता चला कि राजेश खन्ना लीड रोल कर रहे हैं तो मैंने नशे की हालत में ऋषिकेश मुखर्जी को रातभर फोन किया और कहा- तुम तो मुझे देने वाले थे ये रोल, तुमने मुझे इस फिल्म की कहानी तक बताई थी। तो तुमने वो फिल्म उन्हें क्यों दी? वो मुझे बोलते रहे, धरम सो जाओ, सो जाओ। हम सुबह बात करेंगे। वह मेरा फोन कट करना चाहते थे। वो बार-बार फोन रख रहे थे और मैं बार-बार फोन कर रहा था और पूछ रहा था कि क्यों किया ऐसा मुझे क्यों नहीं दिया रोल?

धर्मेंद्र ने बताया-जब पता चला कि राजेश खन्ना लीड रोल कर रहे हैं तो मैंने नशे की हालत में ऋषिकेश मुखर्जी को रातभर फोन किया और कहा- तुम तो मुझे देने वाले थे ये रोल, तुमने मुझे इस फिल्म की कहानी तक बताई थी। तो तुमने वो फिल्म उन्हें क्यों दी? वो मुझे बोलते रहे, धरम सो जाओ, सो जाओ। हम सुबह बात करेंगे। वह मेरा फोन कट करना चाहते थे। वो बार-बार फोन रख रहे थे और मैं बार-बार फोन कर रहा था और पूछ रहा था कि क्यों किया ऐसा मुझे क्यों नहीं दिया रोल?

धर्मेंद्र ने कहा- मैंने उनकी बात का बुरा नहीं माना। मुझे ऋषि दा बहुत याद आते है। वो एक महान फिल्म डायरेक्टर और प्रोड्यूसर थे। 

धर्मेंद्र ने कहा- मैंने उनकी बात का बुरा नहीं माना। मुझे ऋषि दा बहुत याद आते है। वो एक महान फिल्म डायरेक्टर और प्रोड्यूसर थे। 

आपको बता दें कि ऋषिकेश मुखर्जी इस फिल्म में पहले शशि कपूर को आनंद के किरदार के लिए चाहते थे। लेकिन, किसी वजह से शशि कपूर ने फिल्म के लिए मना कर दिया। इसके बाद ऋषिकेश ने राज कपूर को आनंद बनाने का सोचा लेकिन उस समय राज कपूर बीमारी से ठीक ही हुए थे और ऋषिकेश नहीं चाहते थे कि वो फिल्म में राज कपूर को मरते हुए दिखाएं। इसके बाद यह रोल राजेश खन्ना तक पहुंचा।

आपको बता दें कि ऋषिकेश मुखर्जी इस फिल्म में पहले शशि कपूर को आनंद के किरदार के लिए चाहते थे। लेकिन, किसी वजह से शशि कपूर ने फिल्म के लिए मना कर दिया। इसके बाद ऋषिकेश ने राज कपूर को आनंद बनाने का सोचा लेकिन उस समय राज कपूर बीमारी से ठीक ही हुए थे और ऋषिकेश नहीं चाहते थे कि वो फिल्म में राज कपूर को मरते हुए दिखाएं। इसके बाद यह रोल राजेश खन्ना तक पहुंचा।

बता दें कि जहां अमिताभ बच्चन फिल्मों में अभी भी एक्टिव है। वहीं, धर्मेंद्र अब फिल्मों में कम ही नजर आते हैं। उनकी अपकमिंग फिल्म अपने 2 की शूटिंग कोरोना की वजह से फिलहाल कैंसिल कर दी गई। वहीं, राजेश खन्ना अब इस दुनिया में नहीं है। 

बता दें कि जहां अमिताभ बच्चन फिल्मों में अभी भी एक्टिव है। वहीं, धर्मेंद्र अब फिल्मों में कम ही नजर आते हैं। उनकी अपकमिंग फिल्म अपने 2 की शूटिंग कोरोना की वजह से फिलहाल कैंसिल कर दी गई। वहीं, राजेश खन्ना अब इस दुनिया में नहीं है। 

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