टीवी की 'नागिन' पहुंची लालबाग के राजा के दरबार, मत्था टेक लिया बप्पा का आशीर्वाद : PHOTOS

First Published 11, Sep 2019, 3:54 PM IST

मुंबई। टीवी सीरियल 'देवों के देव महादेव' में पार्वती का किरदार निभाकर पॉपुलर हुई एक्ट्रेस मौनी रॉय हाल ही में मुंबई स्थित लालबाग के राजा के दरबार में पहुंची। यहां मौनी ने बप्पा के सामने मत्था टेककर आशीर्वाद लिया। इस दौरान मौनी के माथे पर टीका लगा हुआ था और वो अपनी किसी दोस्त के साथ यहां पहुंची थीं। मौनी ने कुछ फोटोज सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए लिखा- 'वक्रतुण्ड महाकाय सुर्यकोटि समप्रभ निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा।'

मौनी रॉय को लोग अक्षय के साथ फिल्म 'गोल्ड' में काम करने की वजह से भी जानते हैं। हालांकि मौनी की पहली फिल्म गोल्ड नहीं, बल्कि 16 साल पहले अभिषेक बच्चन के साथ आई 'रन' थी।

मौनी रॉय को लोग अक्षय के साथ फिल्म 'गोल्ड' में काम करने की वजह से भी जानते हैं। हालांकि मौनी की पहली फिल्म गोल्ड नहीं, बल्कि 16 साल पहले अभिषेक बच्चन के साथ आई 'रन' थी।

मौनी के मुताबिक, उन्होंने फिल्म 'रन' में एक गाने में काम किया था। इस गाने में उनके साथ अभिषेक बच्चन थे। 'मैं उस वक्त कॉलेज में पढ़ती थी। एक फ्रेंड ने आकर बताया कि एक फिल्म के गाने में हिस्सा लेने का मौका मिल रहा है और इसके बदले में कुछ पैसे भी मिलेंगे। मैं भी पॉकेट मनी के लालच में चली गई।

मौनी के मुताबिक, उन्होंने फिल्म 'रन' में एक गाने में काम किया था। इस गाने में उनके साथ अभिषेक बच्चन थे। 'मैं उस वक्त कॉलेज में पढ़ती थी। एक फ्रेंड ने आकर बताया कि एक फिल्म के गाने में हिस्सा लेने का मौका मिल रहा है और इसके बदले में कुछ पैसे भी मिलेंगे। मैं भी पॉकेट मनी के लालच में चली गई।

मौनी ने अपने करियर की शुरुआत साल 2007 में 'क्योंकि सास भी कभी बहू थी' से की थी। इसके बाद उन्हें 'जरा नचके दिखा'(2008), 'कस्तूरी'(2008), 'पति पत्नी और वो'(2009), 'दो सहेलियां'(2010), 'फिर कोई है'(2010), 'देवो के देव महादेव'(2011), 'जुनून: ऐसी नफरत को कैसा इश्क'(2012) और 'नागिन' जैसे टीवी शोज में नजर आ चुकी हैं।

मौनी ने अपने करियर की शुरुआत साल 2007 में 'क्योंकि सास भी कभी बहू थी' से की थी। इसके बाद उन्हें 'जरा नचके दिखा'(2008), 'कस्तूरी'(2008), 'पति पत्नी और वो'(2009), 'दो सहेलियां'(2010), 'फिर कोई है'(2010), 'देवो के देव महादेव'(2011), 'जुनून: ऐसी नफरत को कैसा इश्क'(2012) और 'नागिन' जैसे टीवी शोज में नजर आ चुकी हैं।

28 सितंबर 1985 को कूच बिहार (वेस्ट बंगाल) में जन्मी मौनी ने 12वी तक की पढ़ाई केंद्रीय विद्यालय, कोच बिहार से की है। इसके बाद दिल्ली आईं और मिरांडा हाउस से इंग्लिश लिटरेचर से ग्रैजुएशन का प्लान बनाया। लेकिन मौनी के पेंरेट्स चाहते थे कि वो जर्नलिस्ट बनें। पेंरेट्स की बात मानकर मौनी ने दिल्ली के जामिया-मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी में मास कम्यूनिकेशन में एडमिशन ले लिया।

28 सितंबर 1985 को कूच बिहार (वेस्ट बंगाल) में जन्मी मौनी ने 12वी तक की पढ़ाई केंद्रीय विद्यालय, कोच बिहार से की है। इसके बाद दिल्ली आईं और मिरांडा हाउस से इंग्लिश लिटरेचर से ग्रैजुएशन का प्लान बनाया। लेकिन मौनी के पेंरेट्स चाहते थे कि वो जर्नलिस्ट बनें। पेंरेट्स की बात मानकर मौनी ने दिल्ली के जामिया-मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी में मास कम्यूनिकेशन में एडमिशन ले लिया।

मौनी बीच में ही अपनी ग्रैजुएशन की पढ़ाई छोड़कर एक्टिंग के फील्ड में किस्मत आजमानें मुंबई आ गईं। मौनी के ग्रैंडफादर शेखर चंद्र रॉय जाने-माने थिएटर आर्टिस्ट थे। बात अगर मौनी की मां मुक्ति की करें तो वे भी थिएटर आर्टिस्ट हैं। मौनी के पापा अनिल रॉय कूच बिहार की जिला परिषद में ऑफिस सुपरिनटेंडेंट रहे हैं।

मौनी बीच में ही अपनी ग्रैजुएशन की पढ़ाई छोड़कर एक्टिंग के फील्ड में किस्मत आजमानें मुंबई आ गईं। मौनी के ग्रैंडफादर शेखर चंद्र रॉय जाने-माने थिएटर आर्टिस्ट थे। बात अगर मौनी की मां मुक्ति की करें तो वे भी थिएटर आर्टिस्ट हैं। मौनी के पापा अनिल रॉय कूच बिहार की जिला परिषद में ऑफिस सुपरिनटेंडेंट रहे हैं।

कभी मौनी का मोहित रैना के साथ अफेयर था। हालांकि बाद में दोनों का ब्रेकअप हो गया। दरसअल, मोहित और मौनी दोनों ही फेमस शो 'देवों के देव...महादेव' से पॉपुलर हुए हैं। मोहित शो में भगवान शिव और मौनी उनकी अर्धांग्नी सती के रोल में थीं। कहा जाता है कि इसी शो के सेट पर मोहित और मौनी का अफेयर शुरू हुआ।

कभी मौनी का मोहित रैना के साथ अफेयर था। हालांकि बाद में दोनों का ब्रेकअप हो गया। दरसअल, मोहित और मौनी दोनों ही फेमस शो 'देवों के देव...महादेव' से पॉपुलर हुए हैं। मोहित शो में भगवान शिव और मौनी उनकी अर्धांग्नी सती के रोल में थीं। कहा जाता है कि इसी शो के सेट पर मोहित और मौनी का अफेयर शुरू हुआ।

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