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बेटे की जान बचाने मौत के आगे खड़ी हो गई मां, खून बहता रहा..लेकिन आंखों में खुशी थी

मां आखिर मां होती है! जब कभी भी उसके बच्चों की जान खतरे में पड़ती है, तो वो अपनी जिंदगी दांव पर लगा देती है। ऐसा ही एक दिल दहलाने वाला और इमोशनल मंजर मध्य प्रदेश के छतरपुर में देखने को मिला।
 

Emotional story related to a mother and her son in Madhya Pradesh kpa
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Bhopal, First Published Feb 11, 2020, 11:09 AM IST
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छतरपुर, मध्य प्रदेश. दुनिया में एक मां ऐसी होती है, जिसे अपनी जान से ज्यादा बच्चों की फिक्र होती है। मौका पड़े, तो वो बच्चों की जान बचाने अपनी जान तक दे देती है। ऐसा ही मामला मध्य प्रदेश के छतरपुर में सोमवार को देखने को मिला। यहां सिविल लाइन थाना क्षेत्र की सिंचाई कॉलोनी में दोपहर 7 लोगों ने एक युवक पर फायर कर दिए। युवक अपनी मां के साथ घर के बाहर खड़ा था। मां शायद बच्चे का खतरा भांप चुकी थी, लिहाजा वो गोली के आगे खड़ी हो गई। गोली उसके पेट को चीरते हुए आर-पार निकल गई। लेकिन मां फिर भी खड़ी रही। उसे दर्द था, लेकिन आंखों में खुशी थी कि उसने अपने बेटे को बचा लिया। मामला आपसी रंजिश से जुड़ा हुआ है। महिला खुद जिला हॉस्पिटल में भर्ती होने पहुंची। पुलिस ने घर के बाहर लगे CCTV फुटेज अपने कब्जे में ले लिए हैं।


जानें यह है मामला...
आकाश पुत्र दिनेश सिंह यादव दोपहर 3 बजे अपनी मां 55 वर्षीय माया के साथ घर के बाहर खड़ा था। तभी आरोपी हरेंद्र चौहान, रोहित परमार अमर, विक्रम सिंह, अनुज परमार और पवन समेत 7 आरोपी बाइक और कार से वहां पहुंचे थे। इसके साथ ही हरेंद्र ने आकाश पर फायर कर दिया। बताते हैं कि आरोपी हरेंद्र पर आदतन बदमाश है। उस पर मारपीट, लूट, अवैध वसूली आदि के करीब 11 मामले दर्ज हैं। वो पिछले हफ्ते ही जेल से छूटकर आया है।

 दोस्त बना दुश्मन..
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हरेंद्र चौहान और आकाश यादव दोस्त थे। कुछ दिन पहले आकाश ने हरेंद्र के किसी दोस्त से कुछ गलत बोल दिया था। हरेंद्र इसी बात से नाराज था। उधर, घायल महिला को लेकर हॉस्पिटल में अव्यवस्था देखने को मिली। उसे स्ट्रेचर नहीं मिला। लिहाजा उसे पैदल ही इमरजेंसी रूम से ऑपरेशन थियेटर तक जाना पड़ा।

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