सीबीआई ने 15 मई, 2017 को मामला दर्ज किया था जिसमें आईएनएक्स मीडिया समूह को 2007 में 305 करोड़ रुपए का विदेशी चंदा प्राप्त करने के लिए विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड (एफआईपीबी) की मंजूरी देने में अनियमितताओं का आरोप लगाया गया था। इस दौरान चिदंबरम वित्त मंत्री थे। 

नई दिल्ली: वरिष्ठ कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम आईएनएक्स मीडिया मनी लॉड्रिंग मामले में उनकी जमानत याचिका खारिज करने के दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश को चुनौती देने के लिए सोमवार को सुप्रिम कोर्ट पहुंचे। प्रधान न्यायाधीश एस ए बोबड़े की अगुवाई वाली पीठ को वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने बताया कि पूर्व वित्त मंत्री चिदंबरम करीब 90 दिनों से जेल में हैं और उनकी जमानत याचिका पर मंगलवार या बुधवार को सुनवाई हो। पीठ ने सिब्बल को जवाब दिया, ‘‘हम देखेंगे।’’

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

21 अगस्त को चिदंबरम भ्रष्टाचार के मामले में हुए थे गिरफ्तार 

दिल्ली हाई कोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा दर्ज आईएनएक्स मीडिया मनी लॉड्रिंग मामले में चिदंबरम को जमानत देने से शुक्रवार को इनकार कर दिया था। अदालत ने कहा था कि उनके खिलाफ लगे आरोप पहली नजर में गंभीर प्रकृति के हैं और अपराध में उनकी सक्रिय एवं प्रमुख भूमिका रही है। चिदंबरम को सबसे पहले सीबीआई ने 21 अगस्त को आईएनएक्स मीडिया भ्रष्टाचार मामले में गिरफ्तार किया था और इस मामले में सुप्रिम कोर्ट ने 22 अक्टूबर को उन्हें जमानत दे दी थी।

सीबीआई ने 15 मई, 2017 को मामला दर्ज किया था जिसमें आईएनएक्स मीडिया समूह को 2007 में 305 करोड़ रुपए का विदेशी चंदा प्राप्त करने के लिए विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड (एफआईपीबी) की मंजूरी देने में अनियमितताओं का आरोप लगाया गया था। इस दौरान चिदंबरम वित्त मंत्री थे।

Scroll to load tweet…

(यह खबर समाचार एजेंसी भाषा की है, एशियानेट हिंदी टीम ने सिर्फ हेडलाइन में बदलाव किया है।)