उद्धव सरकार के कैबिनेट विस्तार से पहले विभागों के बंटवारे को लेकर कांग्रेस खेमे में नाराजगी है। सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस कुछ बड़े मंत्रालय चाहती है। इसको लेकर महाराषट्र कांग्रेस ने हाईकमान से बात भी की है। तीनों दलों के बीच 28 दिसंबर को बैठक आयोजित की गई है। 

मुंबई. भाजपा से अलग होने के बाद महाविकास अघाड़ी द्वारा उद्धव ठाकरे के नेतृत्व में बनी महाराष्ट्र सरकार की मुसीबत कम होने का नाम नहीं ले रही है। जिसका नतीजा है कि आए दिन सरकार के बीच से अनबन की खबरें सामने आ रही है। इसी क्रम में एक बार फिर खबर सामने आई है कि उद्धव सरकार के कैबिनेट विस्तार से पहले विभागों के बंटवारे को लेकर कांग्रेस खेमे में नाराजगी है। सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस कुछ बड़े मंत्रालय चाहती है। गृह निर्माण, इंड्रस्ट्री, ग्रामीण विकास और कृषि जैसे मंत्रालयों पर कांग्रेस की नजर है।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

शरद पवार से की बातचीत 

इनमें से कम से कम दो मंत्रालय कांग्रेस अपने खाते में चाहती है। कांग्रेस के पास जो विभाग अभी हैं, उनमें से अधिकतर से जनता सीधे कनेक्ट नहीं होती है। इसको लेकर महाराष्ट्र कांग्रेस ने दिल्ली आलाकमान को नाराजगी व्यक्त की है। आलाकमान ने एनसीपी सुप्रीमो शरद पवार को इस बारे में बताया। 

28 को होगी बैठक

28 दिसंबर को मल्लिकार्जुन खड़गे मुंबई आ रहे हैं जिसके बाद फिर से तीनो दलों की बैठक होगी। बैठक में कांग्रेस अपनी भूमिका दोनों दलो के सामने रखेगी। सूत्रों की मानें तो कांग्रेस ने कहा कि अगर एनसीपी अपने विभाग शिवसेना के साथ बदल सकती है तो कांग्रेस क्यों नहीं बदल सकती है।

30 दिसंबर को हो सकता है कैबिनेट विस्तार

महाराष्ट्र सरकार में 30 दिसंबर मंत्रिमंडल का विस्तार किया जा सकता है। बताया जा रहा है कि उद्धव सरकार में 28 कैबिनेट मंत्री और 8 राज्य मंत्री शामिल होंगे। हालांकि कैबिनेट में किसको शामिल किया जा सकता है यह स्थिति अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है।