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मोदी सरकार के पास प्रवासी मज़दूरों की मौतों और नौकरियां जाने के आंकड़े ही नहीं - राहुल गांधी

लगातार मोदी सरकार पर हमलावर हो रहे कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहूल गांधी (Rahul Gandhi ) ने आज फिर केंद्र सरकार पर प्रवासी मजदूरों को लेकर निशाना साधा है। लॉकडाउन के दौरान मजदूरों की मौतों पर मोदी सरकार पर तंज कसते हुए राहुल ने ट्वीट किया कि मोदी सरकार को नहीं पता कि लॉकडाउन में कितने मजदूरों की मौतें हुई और कितनी नौकरियां गई।
 

Modi government does not have the figures of migrant workers deaths and unemployment - Rahul Gandhi
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Delhi, First Published Sep 15, 2020, 12:25 PM IST
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नई दिल्ली. लगातार मोदी सरकार पर हमलावर हो रहे कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहूल गांधी (Rahul Gandhi ) ने आज फिर केंद्र सरकार पर प्रवासी मजदूरों को लेकर निशाना साधा है। लॉकडाउन के दौरान मजदूरों की मौतों पर मोदी सरकार पर तंज कसते हुए राहुल ने ट्वीट किया कि मोदी सरकार को नहीं पता कि लॉकडाउन में कितने मजदूरों की मौतें हुई और कितनी नौकरियां गई।

दरअसल राहुल गांधी रोज़गार और अर्थव्यवस्था की हालत को लेकर लगातार मोदी सरकार पर हावी हैं। राहुल ने मोदी सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि मोदी सरकार को लॉकडाउन में मारे गए मजदूरों की मौतों का आंकड़ा तक पता नहीं है और ना ही उन्हें देश के उन बेरोज़गारों का आंकड़ा पता है जिनकी लॉकडाउन के दौरान नौकरियां चली गईं।

सरकार को सच में नहीं पता आंकड़ें

सूत्रों के मुताबिक, 24 मार्च से 2 जून के बीच अनेक हादसों में कुल 198 मजदूरों की मौत हुई थी। लेकिन संसद के मॉनसून सत्र में सरकार ने यह मान लिया कि उसके पास प्रवासी मजदूरों की मौतों और रोजगार का कोई आंकड़ा नहीं है। सत्र के पहले दिन जब विपक्ष द्वारा सरकार से पूछा गया कि उसके पास लॉकडाउन की वजह से अपनी घर वापसी के दौरान मजदूरों के हताहत होने की राज्यवार संख्या कितनी है? तो सरकार ने कहा- ऐसे किसी आंकड़े का रिकॉर्ड नहीं रखा जाता।
 

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