Asianet News Hindi

कैसे किसानों के हित में है नया कृषि कानून, पीएम मोदी ने गिनाए ये 6 फायदे

कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का प्रदर्शन जारी है। इसी बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को मध्यप्रदेश के किसानों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बात की। इस दौरान उन्होंने नए कृषि कानूनों के लाभ गिनाए। 

PM Modi addresses Kisan Mahasammelan in Madhya Pradesh via video conferencing KPP
Author
New Delhi, First Published Dec 18, 2020, 4:37 PM IST
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp

नई दिल्ली. कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का प्रदर्शन जारी है। इसी बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को मध्यप्रदेश के किसानों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बात की। इस दौरान उन्होंने नए कृषि कानूनों के लाभ गिनाए। 

पीएम मोदी ने बताया, क्यों पड़ी इन कृषि कानूनों की जरूरत

- पीएम मोदी ने कहा कि विपक्ष कृषि कानून को लेकर किसानों को गुमराह कर रहा है, पिछले 6 महीने से कानून लागू हैं लेकिन कोई शिकायत नहीं आई है। 
- प्रधानमंत्री ने कहा, तेजी से बदलते हुए वैश्विक परिदृष्य में भारत का किसान, सुविधाओं के अभाव में, आधुनिक तौर तरीकों के अभाव में असहाय होता जाए, ये स्थिति स्वीकार नहीं की जा सकती। पहले ही बहुत देर हो चुकी है। जो काम 25-30 साल पहले हो जाने चाहिए थे, वो अब हो रहे हैं। 
- पीएम ने कहा, भारत की कृषि, भारत का किसान, अब और पिछड़ेपन में नहीं रह सकता। दुनिया के बड़े-बड़े देशों के किसानों को जो आधुनिक सुविधा उपलब्ध है, वो सुविधा भारत के भी किसानों को मिले, इसमें अब और देर नहीं की जा सकती।


पीएम मोदी ने गिनाए फायदे

1- प्रधानमंत्री ने कहा, APMC को लेकर झूठ फैलाया जा रहा है, हमने APMC को खत्म नहीं किया है सिर्फ किसानों को नया विकल्प दिया है। पिछले 70 साल से सरकार किसानों को कहती आई है कि आप इसी मंडी में फसल बेच सकते हो, लेकिन हमने नए कानून में इसे बदला है। अब किसान वहां फसल बेच सकता है, जहां उसे फायदा दिखे। पीएम मोदी ने कहा कि कई जगहों पर किसानों ने नए नियम के तहत अपनी फसल बेचना शुरू कर दिया है।
2- पीएम ने बताया कि देश के कई राज्यों में पहले से ही कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग एग्रीमेंट चल रहे हैं, ऐसा पहली बार नहीं हुआ है। पंजाब की कांग्रेस सरकार ने हाल ही में ऐसा ही एक कॉन्ट्रैक्ट किया था। हमने अब इसमें बदलाव किया है कि किसान से कॉन्ट्रैक्ट करने वाली कंपनी को अपना वादा पूरा करना होगा। अगर कॉन्ट्रैक्ट करने वाले कंपनी का मुनाफा बढ़ेगा, तब भी किसान को फायदा होगा। साथ ही अगर कोई गड़बड़ होती है, तो तुरंत एसडीएम से शिकायत कर किसान अपनी समस्या का हल निकलवा सकता है, कई किसान ऐसा कर भी चुके हैं।
3-  पीएम ने कहा, कृषि सुधार के बाद एक सबसे बड़ा झूठ MSP पर बोला जा रहा है। अगर हमें MSP हटानी होती तो स्वामीनाथन रिपोर्ट लागू ही क्यों करते हमारी सरकार MSP को लेकर इतनी गंभीर है कि हर बार, बुवाई से पहले MSP की घोषणा करती है। इससे किसान को भी आसानी होती है, उन्हें भी पहले पता चल जाता है कि इस फसल पर इतनी MSP मिलने वाली है।
4- प्रधानमंत्री ने कहा, पिछली सरकार के में धान पर MSP थी 1310 रुपये प्रति क्विंटल। हमारी सरकार प्रति क्विंटल धान पर करीब 1,870 रुपये MSP दे रही है। पिछली सरकार में ज्वार पर MSP थी 1,520 रुपये प्रति क्विंटल। हमारी सरकार ज्वार पर प्रति क्विंटल 2,640 रुपये MSP दे रही है।
5- पीएम ने कहा, मैं देश के व्यापारी जगत, उद्योग जगत से आग्रह करूंगा कि भंडारण की आधुनिक व्यवस्थाएं बनाने में, कोल्ड स्टोरेज बनाने में, फूड प्रोसेसिंग के नए उपक्रम लगाने में अपना योगदान, अपना निवेश और बढ़ाएं। ये सच्चे अर्थ में किसान की सेवा करना होगा, देश की सेवा करना होगा।
6- पीएम मोदी ने कहा, हमारी सरकार ने जो पीएम-किसान योजना शुरू की है, उसमें हर साल किसानों को लगभग 75 हजार करोड़ रुपए मिलेंगे। यानि 10 साल में लगभग साढ़े 7 लाख करोड़ रुपए। किसानों के बैंक खातों में सीधे ट्रांसफर।

Follow Us:
Download App:
  • android
  • ios