लोकसभा चुनाव प्रचार का शोर थम चुका है। अंतिम चरण का मतदान 1 जून को है। इस बीच पीएम मोदी के मिशन 2024 को लेकर किए गए चुनाव प्रचार पर नजर डालें तो यह किसी भी नेता के इलेक्शन कैंपेन से कहीं अधिक है। 200 जनसभाएं और 80 इंटरव्यू अपने आप में बड़ी बात है।

नेशनल न्यूज। लोकसभा चुनाव प्रचार का शोर अब थम चुका है। एक जून को 7वें और अंतिम चरण का मतदान होना है। इसके साथ ही अब पीएम नरेंद्र मोदी अब अपनी आध्यात्मिक यात्रा पर निकल जाएंगे। लेकिन चुनाव के दौरान पीएम मोदी की रैली और जनसभाओं या मीडिया इंटरव्यू की बात करें तो ऐस इलेक्शन कैंपेन आपको और किसी का देखने को नहीं मिल सकेगा। प्रधानमंत्री की ताबड़तोड़ जनसभाएं और इस बीच लगभग सभी मीडिया ग्रुप्स पर इंटरव्यू देना उनकी लोगों तक पहुंचने की क्षमता और इच्छा को दर्शता है। 

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

75 दिनों में 200 जनसभाएं की
पीएम मोदी के चुनाव प्रचार अभियान पर यदि गौर करें तो ये किसी भी अन्य राजनेता के चुनाव प्रचार कैंपेन पर भारी पड़ता है। लोकसभा चुनाव 2024 को लेकर पीएम मोदी ने 16 मार्च को कन्याकुमारी से अपने चुनाव प्रचार अभियान की शुरुआत की। इसके बाद 75 दिनों के भीतर पीएम मोदी ने 200 रैली और जनसभाओं के जरिए जनता तक पहुंचने का प्रय़ास किया। प्रधानमंत्री ने इस दौरान उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र और ओडिशा आदि में ताबड़तोड़ रैलियां और जनसभाएं कीं।

पढ़ें पीएम मोदी कन्याकुमारी में भगवती अम्मन मंदिर में पूजा के बाद विवेकानंद रॉक मेमोरियल पहुंचे, ध्यान मंडपम में लगाएंगे ध्यान

80 मीडिया इंटरव्यू के लिए निकाला समय
प्रधानमंत्री की रैली और लगातार जनसभाओं के साथ ही अन्य इलेक्शन कैंपेन के बीच पीएम मोदी ने मीडिया इंटरव्यू के लिए भी खूब समय निकाला। उन्होंने लोकसभा चुनाव प्रचार अभियान के बीच 80 मीडिया इंटरव्यू दिए। उनका कोई भी इंटरव्यू छोटा या हड़बड़ी में दिया हुआ नजर नहीं आता है। ऐसे में व्यस्तता के बीच इतने साक्षात्कार देना भी उनकी खासियत ही है। 

खड़गे का पीएम मोदी पर हमला
पीएम मोदी के चुनावी अभियान को लेकर कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कई बार आपत्ति भी जताई। उन्होंने चुनाव आयोग से भी शिकायत की। चुनाव प्रचार थमने पर भी खड़गे ने कहा कि पीएम मोदी की सभाओं में हर बार हिन्दू-मुस्लिम को लेकर वोट की अपील की गई है। सभाओं में 421 बार हिन्दू मुस्लिम मुद्दा उठाकर वोट मांगे गए, 758 बार अपना नाम लिया गया लेकिन बेरोजगारी जैसे मुद्दे नहीं उठाए। जबकि चुनाव आयोग की हिदायत थी कि जाति और धर्म के नाम पर मतदान की अपील नहीं की जाएगी।

चुनावी सभा में ‘मंगलसूत्र से मुजरा’ तक को लेकर छिड़ी जंग
पीएम मोदी ने कांग्रेस को लेकर चुनावी अभियान में जमकर हमला बोला। इस दौरान चुनावी भाषण में उनके भाषा और कुछ शब्दों के प्रयोग को लेकर कांग्रेस ने आपत्ति भी जताई। इसकी वजह से चुनावी अभियान और चर्चा में आ गया। पीएम ने कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा था, ‘ये लोग तो आपका मंगलसूत्र तक छीन लेने का मन बना रहे हैं’। इस बयान को लेकर काफी हलचल मची थी। कांग्रेस ने काफी विरोध जताया था। जबकि बिहार में पीएम ने कहा था, ‘इंडी गठबंधन चाहे वोट बैंक वालों के सामने मुजरा करे, धर्म के नाम पर आरक्षण नहीं दिया जाएगा। ’ इस बयान पर तेजस्वी यादव ने पीएम को खुला पत्र भी लिखा था। 

पीएम मोदी 1 जून तक आध्यात्मिक यात्रा पर
चुनाव प्रचार थमने के बाद प्रधानमंत्री मोदी अब आध्यात्मिक यात्रा पर चले गए हैं। पीएम मोदी आज शाम से 1 जून तक राजनीतिक माहौल से दूर रहेंगे। पीएम मोदी कन्याकुमारी पहुंच चुके हैं और 1 जून तक वहीं रहेंगे। वह यहां ध्यान मंडपम में ध्यान लगाएंगे। यहीं पर स्वामी विवेकानंद ने भी ध्यान लगाया था। 

4 जून को परिणाम
लोकसभा चुनाव के महापर्व के अंतिम चरण का चुनाव 1 जून को मतदान के साथ समाप्त हो जाएगा। इसके बाद 4 जून को परिणाम जारी किया जाएगा। 543 लोकसभा सीटों के लिए 19 अप्रैल से 1 जून तक सात चरणों में चुनाव आयोजित किया गया था। कुल 44 दिनों तक यह पूरा चुनाव कार्यक्रम चला है।