जोधपुर शहर हिंसा के बाद छावनी में तब्दील हो गया है। 10 से भी ज्यादा थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगाया गया है। लोग घरों में कैद हैं। छतों और गलियों पर पुलिस तैनात हैं। सिर्फ  इमरजेंसी सेवाओं से जुड़े लोगों को नियमानुसार छूट दी गई है।

जोधपुर (राजस्थान). जोधपुर में सोमवार रात को हुए बवाल के बाद शहर के दस थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगा है। चप्पे-चप्पे पर पुलिस-फोर्स तैनत है। हर तरफ खौफ और सन्नाटा पसरा है, गलियां सूनी पड़ी हैं, सिर्फ और सिर्फ खाकी वर्दी वालो की हलचल दिख रही है। लोग चाहकर भी अपने घरों की छतों पर नहीं जा पर रहे हैं। बच्चे-बूढ़े सभी खिड़की की ओट से झांक रहे हैं। वहीं प्रशासन हिंसा करने वालों की लगातार धरपकड़ कर रही है। पुलिस ने अब तक कुल 141 व्यक्तियों को गिरफ्तार कर चुकी है। 

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

पुलिस ने शहर के लोगों से की ये अपील
मामले की ताजा अपडेट देते हुए महानिदेशक पुलिस श्री एम एल लाठर ने बताया कि जोधपुर में स्थिति नियंत्रण में है। पुलिस मुख्यालय द्वारा शांति व्यवस्था बनाए रखने, अफवाहों पर विश्वास न करने और अफवाहों के बारे में तत्काल स्थानीय पुलिस अधिकारियों को सूचित करने की अपील की गई है। दोषी की पहचान कर उनके खिलाफ शख्त कार्रवाई की जा रही है। साथ ही पुलिस शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस हर संभव कदम उठा रही है।

जोधपुर हिंसा के बड़े अपडेट
- पुलिस ने अब तक कुल 141 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। 
- इनमें से 133 को धारा 151 में एवं 8 को अन्य मुकदमों में गिरफ्तार किया गया है। 
- अब तक पुलिस द्वारा 4 एफआईआर व आमजन द्वारा 8 एफआईआर दर्ज की गई हैं । 
- उपद्रव में 9 पुलिसकर्मी चोटिल हुए, सभी सुरक्षित हैं।
- 3 व्यक्ति अस्पताल में भर्ती हैं और तीनों खतरे से बाहर है ।

कर्फ्यू के दौरान इन लोगों के लिए आने-जाने की छूट
वहीं अब हम हिंसा के बाद लगे कर्फ्यू और छूट की बात करते हैं। आज रात बारह बजे तक किसी तरह की कोई छूट मिलने की संभावना बेहद कम है। उसके बाद करौली पैटर्न को फॉलो करने की तैयारी है। कल से कर्फ्यू में दो घंटे की ढील दी जा सकती है और उसके बाद इसे बढ़ाया जा सकता है। कर्फ्यू के दौरान परीक्षा देने वाले बच्चों, चिकित्सा , पत्रकार, बैंक, न्यायालय समेत अन्य इमरजेंसी सेवाओं से जुड़े लोगों को नियमानुसार छूट दी गई है।