लखनऊ(Uttar Pradesh ). देश में 24 मार्च से चल रहा लॉकडाउन UP में 21 दिन बाद खत्म हो सकता है। सीएम योगी ने इसे लेकर एक अहम बैठक की है। सीएम योगी ने बैठक के दौरान आदेश दिया है कि लॉकडाउन खत्म होने के बाद जो हालात बनेंगे उसकी समीक्षा अभी से की जाए। कार्ययोजना अभी से तैयार हो ताकि समय आने पर उसमे  कोई समस्या न हो। सीएम योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को कहा कि अगर 15 अप्रैल से लॉकडाउन खुलता है, तो हालात बहुत चुनौतीपूर्ण होंगे जो जहां फंसा होगा, वहां से आने का प्रयास करेगा। ऐसी स्थिति में सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन कराना बेहद चुनौतीपूर्ण रहेगा। इसके लिए अभी से प्लान तैयार किया जाए।

लखनऊ में शुक्रवार को अपने सरकारी आवास पर टीम-11 के साथ बैठक में सीएम योगी ने कहा कि हर जरूरतमंद तक समय से भोजन पहुंचाना सुनिश्चित करें। इसके लिए स्वयंसेवी संस्थाओं की भी मदद लें। संबंधित जिलों के डीएम से समन्वय कर आंगनबाड़ी का पौष्टिक आहार भी घर-घर तक पहुंचाएं। सीएम योगी ने बारी- बारी से टीम 11 के लीडर्स से फीडबैक लिया। 

हर जिले में कम्युनिटी किचेन चलाने का आदेश 
सीएम योगी ने कहा कि हमें 2 स्तर पर तैयारी करनी होगी। मौजूदा हालात और भविष्य के मद्देनजर रणनीति तैयार करनी होगी। हर जिले में कम्युनिटी किचन चलाएं जाएं। इसमें स्वयंसेवी संस्थाओं सहित अन्य जो लोग भी मदद देना चाहें उनकी मदद ली जाए। हर कोई भोजन बांटने न निकले, इसके लिए कुछ कलेक्शन सेंटर बनाएं। वहां भोजन एकत्र हो और बंटने के लिए जाएं। 

प्राइवेट डॉक्टरों को ट्रेनिंग देकर तैयार करने का आदेश 
सीएम योगी ने कहा कि कोरोना के संक्रमण के दौरान एनेस्थेसिया, फिजिशियन, बच्चों और महिलाओं के डॉक्टर्स की सर्वाधिक जरूरत होती है। प्राइवेट सेक्टर  में संबंधित विशेषज्ञता के कितने डॉक्टर्स हैं? उनकी सूची तैयार की जाए। इनको प्रशिक्षण दें, ताकि जरूरत पर इनसे मदद ली जा सके। इसी तरह के प्रशिक्षण की जरूरत इनके पैरामेडिकल स्टाफ और आयुष विभाग के चिकित्सकों और उनके स्टाफ को भी होगी।  जरूरत पड़ने पर निजी अस्पतालों के कितने बेड और वेंटिलेटर उपलब्ध हो सकते हैं? इसकी भी सूची तैयार करें। 

1000 करोड़ का होगा कोरोना केयर फंड 
सीएम योगी ने कहा कि सरकार 1000 करोड़ रुपये का कोरोना केयर फंड तैयार करेगी। इस फंड से टेस्टिंग लैब की सुविधाएं बढ़ाने के साथ इलाज में जरूरी और उपकरणों मसलन वेंटिलेटर, मास्क, सेनेटाइजर आदि की व्यवस्था की जाएगी। इस फंड में सरकार तो मदद देगी ही, अन्य लोगों के अलावा कॉरपोरेट सोशल रिस्पांसबिलिटी के तहत औद्योगिक घरानों से भी मदद ली जाएगी। प्रयास होगा कि हर मंडल और सभी 24 सरकारी मेडिकल कॉलेजों में जांच की सुविधा हो। 

सहयोग न करने वालों को भेजा जाए जेल 
सीएम योगी आदित्यनाथ ने गाजियाबाद में तब्लीगी जमात के लोगों की महिला स्वास्थ्य कर्मियों के साथ अभद्रता और अश्लील हरकतों को बेहद गंभीरता से लिया है। उन्होंने कहा है कि यह तो तय है कि यह सभी लोग लोग न कानून को मानेंगे, न व्यवस्था को। इनके साथ सख्ती से पेश आने और इन्हें कानून का पालन करना सिखाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि हम उत्तर प्रदेश को इंदौर नहीं बनने देंगे। स्वास्थ्य कर्मियों के साथ अभद्रता करने और उन पर हमला करने वाले लोगों के साथ उन्होंने कड़ाई से पेश आने का निर्देश दिया और कहा कि इनके खिलाफ कानूनन कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए । उन्होंने ऐसे सभी लोगों पर रासुका लगाने का निर्देश दिया है।